लिखने का मन तो नहीं था लेकिन फिर देखा कि आज जब वैभव सूर्यव��शी 14 रन बनाकर जैसे ही आउट हुआ तो X पर क्रिकेट के तथाकथित विशेषज्ञ ज्ञान झाड़ने लग रहे है
उनका कहना है कि IPL में तो पाटा पिच होती हैं इसलिए मार दिए रन बाहर जाते ही हवा निक��� गई
जानकारी के लिए बता दूँ कि पिछला अंडर-19 का के फाइनल मैच में वैभव ने 80 गेंदों पर 175 रन बनाए थे और वो मैच भारत में नहीं जिम्बाब्वे में खेला गया था
और एक इनिंग ख़राब होते ही ट्रोल करना शुरू कर देना क्या ये 15 साल के बच्चे के लिए जायज़ हैं ?
चतुर्थ श्रेणी भर्ती में धरातल पर काम करने के लिए सबसे ज्यादा योगदान देने के लिए धन्यवाद आपका सभी चयनित साथियों की तरफ से ❤️🙏🙏
1 राहुल मीणा( खंडेला )
2 उमेश मीणा
3 राहुल मीणा
4 प्रबेश शर्मा( भरतपुर)
5 नवीन अवस्थी (अलवर)
@ksjat9462@DineshJat017@GaliboyPankaj
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी का रिजल्ट निकलवाने के लिए हर कर्मचारी ने सहयोग किया,
लेकिन आप इतने स्वार्थी बन रहे हो कि कर्मचारियों का साथ नहीं दे रहे, कल को आप भी कर्मचारी होंगे आपको भी हमारी जरूरत तो पड़ेगी भाई 💔🙏
#कर्मचारी_मांगे_तबादला
बिल्कुल, यही मांग हम अध्यक्ष साहब से कर रहे हैं।
जितना हो सके दिव्यांग व खेलकोटे के 1 गुणा में आने वाले अभ्यर्थियों को शामिल करके सामान्य अभ्यर्थियों के परिणाम के साथ अतिशीघ्र जारी करें कुछ पद शेष रहेंगे उनको होल्ड/प्रोविजनल परिणाम में निकाल दीजिए�� @alokrajRSSB
सितंबर 2025 में आयोजित चतुर्थ श्रेणी भर्ती परीक्षा को कई महीने बीत चुके हैं,
लेकिन आज तक अंतिम परिणाम जारी नहीं हो पाया है।
हजारों युवा हर सुबह एक नई उम्मीद के साथ उठते हैं कि शायद आज फाइनल रिजल्ट आ जाएगा,
लेकिन शाम होते-होते वही इंतजार और निराशा हाथ लगती है।
#चतुर्थ_श्रेणी_परिणाम_जारी_करो
4th Grade फाइनल परिणाम जारी होने से 53750 बेरोजगार स्टूडेंट्स को एक साथ रोजगार मिलेगा तो इसको प्रथम प्रथमिकता के साथ भर्ती को पूरी करनी चाहिए।
आलोक राज जी संज्ञान लीजिए।
#चतुर्थ_श्रेणी_परिणाम_जारी_करो
RSSB की चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती 2024 का परिणाम जारी करवाने के संबंध में बोर्ड अध्यक्ष आलोक राज जी से बात हुई बताया गया यदि सरकार कहेंगी तो ही हम परिणाम जल्दी जारी कर सकेंगे।
क्योंकि दिव्यांग, खेलकोटे एवं एक्स सर्विसमेन का मामले की वजह से भर्ती में देरी हो रही है।
यदि इनको होल्ड करके परिणाम जारी किया जा���ा है तो भर्ती में आगे चलकर विवाद खड़ा होना तय है।
बाद में मेरिट में बदलाव आयेगा जिससे परिणाम को रिवाइज करने की नौबत आ सकती है और विभाग व जिले आवंटन के समय काफी समस्याएं उत्पन्न हो��ी।
इस स्थिति में केवल दो ही रास्ते बचे हैं -
1. होल्ड सीट्स को प्रोविजनल रखकर परिणाम जारी हो।
2. दिव्यांग एवं खेलकोटे, एक्स सर्विसमेन की जांच व मामला क्लीयर होने के बाद परिणाम जारी हो।
#चतुर्थ_श्रेणी_परिणाम_जारी_करो