जंतर मंतर तो खाली करा लिया जाएगा लेकिन बिना किसी रिव्यू के अंधाधुंध दिए जा रहे आरक्षण को लेकर जो विरोध लोगों के मन में भर चुका है वो मन से ख़ाली कैसे होगा?
लेकिन पता है कि कोई पार्टी इसपर चर्चा तक को तैयार नहीं होगी। लिख के ले लीजिए।
सोनिया गांधी भारतीय नागरिकता नहीं लेना चाहती थीं, और न ही उनके बेटे,सोनिया गांधी ने शादी के 15 साल बाद नागरिकता लिया।
राहुल गांधी के खिलाफ भी दोहरी नागरिकता से जुड़ा एक केस भी चल रहा है।
ये आपदा में कभी भी देश छोड़ के भाग सकते है।
जो बेईमान जेल में रहते हुए भी मुख्यमंत्री पद से इस्तीफ़ा नहीं दिया , जो नेहरू पाकिस्तान को ज़मीन देकर और चीन से देश का हिस्सा गवाकर भी इस्तीफ़ा नहीं दिया, कोयला घोटाला होने पर भी मनमोहन सिंह ने इस्तीफ़ा नहीं दिया वो धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफ़ा माँग रहा है ।
समाजवादी पार्टी और कांग्रेस की बुनियाद ही पिछड़ा वर्ग विरोधी है। उनका यह चरित्र बार-बार उजागर हो चुका है। देश में जब भी पिछड़ा वर्ग का कोई व्यक्ति प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री और मंत्री बनता है, तो इन दोनों परिवारवादी दलों के नेताओं को यह सहन नहीं होता और उन्हें लगातार निशाना बनाया जाता है।
छात्रों और युवाओं के भविष्य की सच्ची चिंता आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी को है। यही कारण है कि पेपर लीक जैसी घटनाओं पर कठोर कार्रवाई की जा रही है। भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए सख्त कानून बनाए जा रहे हैं।
कांग्रेस और सपा के दोहरे चरित्र को जनता भली-भांति समझ चुकी है। वर्तमान में भी जनता भाजपा के साथ है और भविष्य में भी भाजपा के साथ ही रहेगी।
लेक़िन बीजेपी पार्टी वाले यह अक्षम्य पाप ख़ुशी ख़ुशी बार बार करते हैं फिर कोर्ट से बचाकर, मिठाई खिलाकर, माला फूल पहनाकर जुलुस के साथ स्वागत करते हैं, ऐसी पार्टी.हैं बीजेपी,
चुकी देश के सारे भ्रष्ट,बलात्कारी देश लूटने वाले पार्टी में इकठ्ठा हो गये हैं?!
@MediaHarshVT प्रभु रामलला के गुल्लक से चढ़ावा चोरों का जो भी साथ देगा, भले वो इहलोक में गुलामी की रसमलाई का स्वाद ले लें लेकिन परलोक में प्रभु राम के कोप से उन्हें कोई नहीं बचा पाएगा