दावों का शोर इतना बुलंद है कि ज़मीन की चीखें दब जाती हैं।
ऐसा कहा जाता है कि 2014 से 2026 के बीच देश के 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आ गए। नीति आयोग की फ़ाइलों में विकास के रंगीन नक्शे खींच दिए गए.. पर क्या कभी हुक्मरानों ने इन जैसे मासूमों की आंखों में झांकने की हिम्मत की है?
इस वीडियो को ध्यान से देखिए। यह सिर्फ एक बच्चा और उसकी बेसुध मां नहीं हैं, यह इस देश की आत्मा का वो ज़ख्म है जो रोज़ आंकड़ों के झूठे प्लास्टर से ढका जाता है। जिस उम्र में बच्चों के हाथों में खिलौने और किताबें होनी चाहिए, उस उम्र में यह मासूम अपनी मां का पेट भरने के लिए संघर्ष कर रहा है। वह खुद भूखा है, लेकिन अपनी मां के मुंह में निवाला डाल रहा है।
क्या यह बच्चा उन 25 करोड़ लोगों में शामिल नहीं है जिन्हें आपने गरीबी से बाहर निकाला है?
क्या यही 'विकसित भारत' का वो चेहरा है जिसे आप दुनिया को दिखाना चाहते हैं?
भाषणबाजी और आंकड़ों की बाज़ीगरी से गरीबी को मिटाया नहीं जा सकता। जब तक देश का एक भी मासूम इस तरह भूख और लाचारी से लड़ेगा, तब तक आपके विकास के आंकड़े सिर्फ और सिर्फ चुनावी छलावा साबित होंगे!
दुनिया जिसे वैज्ञानिक, आविष्कारक और बदलाव की आवाज़ मानती है, वह आज 15 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठा है,
अपने लिए नहीं,
सत्ता के लिए नहीं,
बच्चों की शिक्षा और भविष्य के लिए,
उनकी चुप्पी एक संघर्ष है, लेकिन हमारी चुप्पी - देश के लिये शर्म।
15 दिन हो गए जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल के इतने में तो अंग्रेज सरकार भी मान जाती।
आज देश के ऐसे अनमोल रत्न की ये हालत देखकर बहुत दुख होता है।
उनकी सेहत में गिरावट के बावजूद वे शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और परीक्षा प्रक्रिया में सुधार की मांग पर अडिग हैं। उन्होंने 20 जुलाई को संसद मार्च का आह्वान किया है, ताकि छात्रों और युवाओं की आवाज को सीधे सरकार तक पहुँचाया जा सके। यह आंदोलन अब केवल एक विरोध न रहकर व्यापक जन आंदोलन में बदलता जा रहा है।
20 जुलाई संसद चलो 🥺
"मेरे शरीर से चर्बी के साथ मांसपेशियां भी कम हो गई हैं। हड्डियां दिखने लगी हैं, लेकिन मैं अब भी खुद को ऊर्जावान महसूस कर रहा हूं।" — @Wangchuk66
जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के 13 दिन पूरे होने पर सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने कहा कि उनका उपवास अब स्थिर अवस्था में पहुंच गया है।
उन्होंने यह भी कहा कि शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन करना उनका संवैधानिक अधिकार है और इसे किसी भी परिस्थिति में बाधित नहीं किया जाना चाहिए।
Sonam Wangchuk जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन के समर्थन में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं।
आंदोलन की प्रमुख मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है, जिसमें परीक्षा संबंधी कथित अनियमितताओं को लेकर जवाबदेही तय करने की मांग की जा रही है।
Day 16 of @Wangchuk66’s hunger-strike
I request the Govt not to turn this into a battle of egos as human lives are at stake here.
Acknowledging a mistake is not a sign of weakness. It is a sign of maturity, accountability, and the willingness to correct course.
All we are asking for is accountability.
Sonam wangchuk sir is on hunger strike till the resignation of Education minister,
Please 🥺 come and support peacefully at Jantar Mantar,
It's for you and your children not personal.🤯
सदियों तक अरावली ने राजस्थान,हरियाणा, दिल्ली व अन्य राज्यों को मरुस्थल और वायुमंडलीय प्रकोप से बचाने का कार्य किया था।
परंतु आज वही अरावली खुद अपने अस्तित्व को लेकर खतरे में है, सभी मिलकर अरावली को बचाएं।
“100 मीटर नहीं, 100 पीढ़ियों का सवाल है अरावली।”
#arawalihills#Arawali
इधर, सुप्रीम कोर्ट के CJI कह रहे हैं- दिल्ली में हवा सांस लेने लायक नहीं है!
उधर, सुप्रीम कोर्ट ने केन्द्र सरकार की उस सिफारिश को हरी झंडी दी है, जिसमें कहा गया कि अब 100 मीटर से ऊंची पहाड़ियों को ही 'अरावली' माना जाएगा!
ऐसे में अरावली का 90% हिस्सा ही गायब हो जाएगा!
#Arawali
⚪Non-functional keys
⚪Delayed response
⚪Words were missing due to unresponsive keystrokes, affecting accuracy & speed
⚪Many candidates had to switch between 4-5 keyboards to find one with minimal issues
⚪All these activities can be observed by cctv cameras of exam centre
There was typing test for Allahabad High court recruitment clerical cadre -C 2024-25 today i.e 05/03/2025
at the centre named ( ANIKA ONLINE EXAM CENTRE, DUBAGGA, NEAR JRM MARRIAGE HALL, LUCKNOW UTTAR PRADESH (226017)
Regards #Allhabad_Highcourt_exam
"मेरठ के अस्पतालों में #हीमोफिलिया मरीजों के लिए फैक्टर (इन्जंक्शन) की कमी से 263 मरीजों की जान खतरे में! इलाज के लिए जरूरी फैक्टर उपलब्ध नहीं, स्थिति चिंताजनक। आपसे अनुरोध है जल्द जल्द फैक्टर उपलब्ध कराए जाए @brajeshpathakup@nhm_up
धन्यवाद #InextJagran#Meerut#Healthcare