अबे बकलोल फिर तुम्हारे बाप दादाओ के मनगढ़ंत कहानियों को प्रायमरी सोर्स मान लिया जाए?
जैसे - पुष्पक विमान 😂
एक बच्चे का सूरज को निगल जाना है?
एक बंदरनुमा पुरुष का पहाड़ उठा लाना?
एक तथाकथित भगवान का छुपकर वार करना?
एक महिला का 10 हाथ होना?
एक बच्चे के सिर पर हाथी का गर्दन फिट कर देना?
इन सब बातों का कौन सा सोर्स है बता?
NEET हो, CUET हो, SSC हो, Railway हो या अन्य भर्ती परीक्षाएं...
युवाओं को सिर्फ तारीख पर तारीख नहीं, परिणाम और रोजगार चाहिए।
2 साल से इनसे एक भर्ती न पूरी करवाई जा रही
चूतिय लोग
#rrb_groupd_result_do
कहीं परीक्षा का इंतजार तो कहीं रिजल्ट का, कहीं नियुक्ति का
युवाओं की पूरी जवानी सिर्फ इंतजार में निकल रही है।
मांग सिर्फ Group D नहीं है।
जहां परीक्षा बाकी है, परीक्षा कराओ।
जहां रिजल्ट रुका है, रिजल्ट दो।
युवाओं को इंतजार नहीं, अधिकार चाहिए
#rrb_groupd_result_do
अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम का “दुरुपयोग” हो रहा है, यह बात आए दिन कोई न कोई कहता दिखाई देता है। अभी @richaanirudh जी भी यही कह रही हैं।
दरअसल, यह शोषित-वंचित समाज को मिले कानूनी सुरक्षा कवच को बदनाम कर उसे कमजोर करने की साजिश है।
हमारा सवाल है रिचा अनिरुद्ध जी से कि ऐसा कौन सा कानून है, जिसके दुरुपयोग की शिकायतें नहीं हुई हैं?
सबसे बड़ा दुरुपयोग तो जाति, ऊँच-नीच और सामाजिक वर्चस्व का हुआ है, जिसने करोड़ों शोषित-वंचितों को हजारों साल अपमान, हिंसा और भेदभाव में जीने पर मजबूर किया। उस “दुरुपयोग” पर इतनी बेचैनी क्यों नहीं दिखाई देती?
दुरुपयोग तो राज्य की शक्ति का भी होता है, झूठे मुकदमे भी लगते हैं, निर्दोष लोग भी फँसते हैं। फिर क्या सारे कानून खत्म कर दिए जाएँ? क्या राज्य की व्यवस्था खत्म कर अराजकता को स्वीकार कर लिया जाए?
और वैसे भी, अगर किसी कानून का दुरुपयोग होता है, तो उसके खिलाफ मुकदमा करने और न्याय पाने का अधिकार हर व्यक्ति को है।
सच यह है कि समस्या कानून नहीं, बल्कि वह मानसिकता है, जिसने दलितों, आदिवासियों और वंचितों का बराबरी से जीना आज भी स्वीकार नहीं किया। इसलिए बार-बार SC/ST Act को निशाना बनाया जाता है, ताकि समाज में नफरत और भ्रम फैलाकर इसे कमजोर किया जा सके।
जय भीम! SC/ST Act जिंदाबाद!
#KKR एक समय 11 ओवर में 73/6 पर पूरी तरह दबाव में थी
फिर शुरू हुआ रिंकू सिंह का तूफान 🔥
अपने T20 करियर की सबसे शानदार पारी खेलते हुए 51 गेंदों में 83* रन बनाए जिसकी वजह से KKR ने 20 ओवर में 155/7 का सम्मानजनक स्कोर बनाया
6,6,6,6 लगाकर रिंकू ने सबको हैरान कर दिया 👑
#LSGvsKKR
लोग परशुराम जी की जयंती पर शुभकामनाएं दे रहे
उन्हें भगवान परशुराम का दर्जा दे रहे
वैसे इस पतलूराम के काम सुनो
21 बार पृथ्वी को क्षत्रिय विहीन करना
अपनी मां की हत्या करना
ये तो हैवानियत है क्या इससे ही तय होगा कौन भगवान बनेगा
This is Ashok Mochi, poster boy of Gujarat riots 2002.
Now he is saying that Dalits will gain nothing by getting trapped in this religion and conflicts.
If I were a Brahmin or any other upper caste, I could even be made the Chief Minister of Gujarat.
But since I am a Dalit, I have no respect in this religion.
जिला लखीमपुर खीरी के गोला गोकर्ण थाना क्षेत्र के बांकेगंज में मोतीपुर गांव में भारतीय संविधान के निर्माता, आधुनिक भारत के शिल्पकार एवं शोषितों-वंचितों के मसीहा, महिलाओं के मुक्तिदाता, ज्ञान के प्रतीक, विश्व रत्न ,परम पूज्य बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर जी की जयंती की जयंती के दिन हुई घटना केवल एक विवाद नहीं, बल्कि बहुजन समाज की आस्था और सम्मान पर सीधा हमला है।
यहां कई वर्षों से खाली पड़ी बौद्ध विहार की भूमि पर परम पूज्य बाबा साहेब की मूर्ति स्थापित की जानी थी। ग्राम प्रधान भी मौजूद थे, दोपहर के बाद गांव वालों ने मूर्ति स्थापित कर दी। ग्राम समाज की भूमि पर शांतिपूर्ण तरीके से प्रतिमा स्थापना और भंडारे का आयोजन चल रहा था, लेकिन शाम होते-होते सुनियोजित तरीके से माहौल बिगाड़ा गया। परम पूज्य बाबा साहेब की जयंती के दिन ही मूर्ति हटाने की कार्रवाई एक गहरी साजिश को दर्शाती है, और इसी दौरान छीना-झपटी में परम पूज्य बाबा साहेब की प्रतिमा का टूटना पूरे समाज के लिए अत्यंत पीड़ादायक और अस्वीकार्य है।
आरोप है कि पुलिस ने संवेदनशीलता दिखाने के बजाय लाठीचार्ज किया और महिलाओं, बुजुर्गों व बच्चों तक को नहीं बख्शा। हैरानी की बात यह है कि घटना के 24 घंटे बाद भी पुलिस की बर्बरता जारी है ,घर-घर घुसकर मारपीट, तोड़फोड़ और निर्दोष लोगों को डराने-धमकाने का काम किया जा रहा है।निर्दोष लोगों पर झूठे मुकदमे दर्ज कर उन्हें जेल भेजना न्याय नहीं, बल्कि अन्याय की पराकाष्ठा है।
@UPGovt से हमारी मांग हैं कि :इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच हो, दोषी अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो और सभी निर्दोष लोगों को तुरंत रिहा किया जाए।
बहुजन समाज अब अन्याय सहने वाला नहीं है यह संघर्ष सम्मान, संविधान और अधिकारों की रक्षा का है।
“बाबा साहेब का अपमान, किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
@CMOfficeUP@myogiadityanath
कुछ की तो इतनी जली पड़ी है कि
बुद्धिस्ट आर्यभट को भी 52 बता रहे
अबे लौंडे एक पल को मान भी ले
तो उनको 14 अप्रैल को कैसे पैदा कर दिया तुम लोगों ने 😁
मतलब अजीब दोगलापन है
आगे और सुनो आज जब मैं कुछ जगह गया तो ऐसा महसूस हुआ
अब ये नया ट्रेंड का रहे 14 अप्रैल को जागरण कराने का😁
मामला यूपी के कासगंज का है
जहां Dr B. R. Ambedkar जी की शोभायात्रा निकालने पर यादव समाज के लोगों द्वारा शोभायात्रा का रास्ता रोका गया ,पथराव हुए
और जब पुलिस यादव समाज के लोगों को समझाने आई तो पुलिस पर भी पथरों की बारिश हुई
लखीमपुर खीरी में बाबा साहब की जयंती हमेशा बड़े शांति और सौहार्द के साथ मनाई जाती रही है जिसमें सर्व समाज के लोग भी अपना सहयोग देते रहे हैं.लेकिन आज ही के दिन बाबुपुर और मोतीपुर में मूर्ति हटाने और टूटने की वजह से हुए संघर्ष की न्यायिक जाँच कराना आवश्यक है.आखिर क्या बाबा साहब की जयंती के दिन ही मूर्ति हटाना जरुरी था.जिसमें लोगों से प्राप्त जानकारी के अनुसार बांकेगंज पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं.जिला प्रशासन लोगों की भावनाओं को ध्यान में रखकर मामले को निपटारा कराये और वहाँ शांति कायम कराये.@myogiadityanath ,@dgpup ,@narendramodi, @DMKheri ,@kheripolice इस घटना का संज्ञान लें और प्रदेश के अधिकारीयों को बाबा साहब के मामालों में संयम बरते.
इनसे कौन कौन सहमत है😁
तूने बनाई मस्जिद, तूने बनाए मंदिर,
तूने लिखी गीता, तूने लिखा कुरान।
करता भी तू, धरता भी तू यही तेरी पहचान,
सोच का तू बादशाह है और तू है एक इंसान 💥😎
सब कुछ तो बताने वाला इंसान है
हर चीज के पीछे सिर्फ और सिर्फ इंसान है
इनका रोटी बेटी का रिश्ता जमाने से चला आ रहा
अभी भी खूब फल फूल रहा
कनिका शर्मा , बड़ा पाव वाली एक वो दीक्षित
सब मीम - सनातनी एकता बढ़ा रहे है
और खुद के धर्म के लोगों के साथ इन्हें सामान व्यवहार करने में इनका खून दूषित हो जाता है
सही है लगे रहो ऐसे ही
रूपाली शर्मा ने दो साल पहले उत्तर प्रदेश के गोंडा में अपने माता-पिता की इच्छा के विरुद्ध मोहम्मद साबिर से शादी की थी।
शादी के बाद साबिर ने अपना असली रंग दिखाया।
उसे नौकरी छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा और आज उसे अपने नवजात शिशु के साथ लखनऊ उच्च न्यायालय की इमारत से कूदने का प्रयास किया।
आस-पास मौजूद लोगों ने दोनों को बचा लिया।
न सपा आने वाली है
न बसपा आने वाली है
न ही आसपा आने वाली
लिख कर रख लो
वरना ले लो मेरा स्क्रीनशॉट
आएगी तो फिर भाजपा ही
ऊपर जो तीनों पार्टी के नाम बताए
इनके समर्थक क्या छछूंदर की तरह लड़ रहे है 😁
L तो भाजपा के भी लगने है
हां आज़ाद समाज पार्टी का ग्राफ जरूर बढ़ेगा
@raviadi7793 तो यही सवाल बसपा के शीर्ष लोगों से होने चाहिए
कि आखिर क्या वजह है जो पार्टी का जाटव वोट उस पार्टी को छोड़ रहा जिसपर बसपा टिकी है
सिर्फ सपा,भाजपा करते रहने से वोट नहीं मिलेगा
जिसकी वजह से वोट%
कम हुआ उस पर भी काम करना जरूरी है
वरना जो 2012 से देख रहे परिणाम फिर वही होंगे
@ajeetbharti तुम्हारी जिंदगी बीत जाएगी यूं ही कम्युनिटी नोट लगवाते लगवाते या लगवाने की अपील करते
हिंदू नहीं पसंद तो जाओ इस्लाम को अपना लो
तुम्हारे जैसे राष्ट्रद्रोहियों की कोई जरूरत नहीं इस मुल्क में
चलो निकलो नेपाल