सरकार का साफ है- 'जो गया, जाने दो।'
एक दिन ऐसा होगा कि देश में सिर्फ़ भाषण बचेंगे ...
और विज्ञान तक आयात करना पड़ेगा |
वैज्ञानिक जा रहे हैं...
युवा नौकरी के लिए भटक रहे हैं...
पेपर लीक रुक नहीं रहे...
और हमें बताया जा रहा है कि सब 'अमृतकाल' है।
हम ट्रेन से बनारस से मुंबई जा रहे थे तो कोच में एक सोशलिस्ट व्यक्ती धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो के नारे लगा रहे थे सोचिए किस तरह का प्रोटेस्ट हो रहा लेकिन सरकार सुनने को तैयार नहीं
@Sachingupta@madanmohansoni फ्रिज को ऑफ करे पहले फिर भी बर्फ जमा रह गया तो हम मान लेंगे? लाइट नहीं कटी है लगता है या जनरेटर से फ्रिज चल रहा है हमारे यहाँ अंधविश्वास चरम पर है