सबसे बड़ा एजुकेशन चैनल कहते वक्त शर्म भी नहीं आती
इस तरह तो आजतक इनसे बड़ा चैनल हो गया
क्योंकि वो लोग भी वहीं करते हैं जो ये अपने इस चैनल पे करते है
सोशल न्यूज और प्रचार
बाकी ग्रुप डी का एग्जाम निकल जाए इस चैनल से पढ़कर तो नाक रगड़ के माफी मांग लूंगा
@kgs_live
जब Khan Sir के से 70वीं BPSC प्रोटेस्ट वाला सवाल पूछते हैं जो सबूत होने की बात कही गई थी, वो कहाँ है ?
तो जवाब में तर्क नहीं, गाली मिलती है।
और उनके समर्थक कहने लगते हैं तुम लोगों को उनका अच्छा काम नहीं दिखता है।
हर त्योहार पर 56 प्रकार का लंगर लगा दिया हॉस्पिटल खोल दिया,
गरीबों के लिए काम किया
ठीक है, सराहनीय है… लेकिन ये सबूत का जवाब नहीं है।
107 करोड़ ठुकरा दिए ये लाइन जितनी बार दोहराई जाती है, उतनी ही बार असली सवाल दबाया जाता है।
हर बार जब कोई पूछता है प्रूफ कहाँ है ?
दिवंगत सोनू से आपने वायदा किया था उसका क्या हुआ ?
भीड़ तुरंत भावनाओं की ढाल लेकर खड़ी हो जाती है।
अच्छे काम ≠ जवाबदेही से छूट।
समर्थक सर सुनिए
सेवा करने से कोई इंसान सवालों से ऊपर नहीं हो जाता। खुद मंच से कहा गया हमारे पास सबूत हैं
तो फिर वही मंच, वही जनता जवाब भी वहीं मिलना चाहिए। अगर सबूत था, तो सामने क्यों नहीं आया ? अगर नहीं था, तो दावा क्यों किया गया ?
#awareness
खुरपेंच @khurpenchh ने अपने चैनल पर सरकार की IT नीतियों और सामान्य भ्रष्टाचार पर वीडियो डाले थे। कभी किसी से फंडिंग नहीं माँगी। अब वहाँ भी ‘पॉलिसी’ के नाम पर कंटेंट का प्रसार रोका जा रहा है।
हमें पता है, ऐसा क्यों होता है। स्वयं को सही करने की जगह, भ्रष्टाचार उजागर करने वालों का मुँह बंद कराया जा रहा है। अबे ये मत कहना कि इसमें सरकार का क्या है, ये तो यूट्यूब करता है। एग्जेक्टली!
>एम देवराज , IAS 1996 बैच ,
>जीरो PR ,जीरो रीलबाजी ,
>सिंपलिसिटी बहुत ज्यादा ,
>ठंड के दिनों में भी रेड मारने से न कतराना ,
>बेईमानों के लिए किसी यमराज से कम नहीं ,
>अपने पूरे करियर में 54 पोस्टिंग्स,
>उत्तर प्रदेश में GST की कमान संभालते ही गुटखा और सरिया फैक्ट्री वालों के यहां सीसीटीवी लगवा दिया और IT टीम को गेट पर बिठा दिया ,
>Gst की कमान संभालते ही कई लोगों का तुरंत ट्रांसफर
>जिस डिपार्टमेंट में जाते हैं वहां के भ्रष्ट अधिकारी इनके पीछे पड़ जाते हैं ,
>डेली , वीकली और मंथली अपने डिपार्टमेंट के सबसे नीचे तबके के बाबू तक से सीधे वीडियो कॉल से जानकारी लेना
>Uppcl से मंत्री जी ने इनको हटवा दिया ,
>इनकी ट्रांसफर की तमाम कहानियां हैं ,
>देश को ऐसे ईमानदार अधिकारी चाहिए ❣️
>उत्तर प्रदेश के तमाम भ्रष्ट अधिकारी देवराज जी की छवि धूमिल करने में लगे हैं ।
घूसखोर पंडत के लिए सिर्फ नेटफ्लिक्स दोषी क्यों दी जा रही हैं ?
फ़िल्म लिखी है- नीरज पांडे ने
लीड हीरो हैं- मनोज बाजपेयी
मनोज बाजपेयी में अजय दीक्षित नामक करप्ट अधिकारी बने हैं, जिसे #GhooskhorPandat नाम दिया गया है
किले का दरवाजा अंदर से ही खुलता है
ब्राह्मण समाज को इस तरह बदनाम करना बंद करना होगा
पटना में गर्ल्स पीजी हो या किसी कोचिंग संस्थान के द्वारा खोला गया गर्ल्स पीजी बिल्कुल मत रहिए। ये माफिया है । शिक्षा का चोला ओढ़ कर महान बनते हैं लेकिन ये लोग क्रिमिनल है।
हमें नए प्रोडक्ट्स बनाने होंगे। हमें दुनिया के बेस्ट क्वालिटी के प्रोडक्ट्स बनाने होंगे।
टेक्नोलॉजी में भी unique ideas पर काम करके lead लेनी होगी। भविष्य इसी का है।
मैं आपको भरोसा देता हूं, आपके हर प्रयास में सरकार आपके साथ खड़ी है।
#10YearsOfStartupIndia
प्राइवेट स्कूल की मनमानी ज़रा ध्यान से देखिए
यूनिफॉर्म का ठेका यूनिफॉर्म कहीं से नहीं सिर्फ स्कूल से। बाज़ार में वही कपड़ा आधे दाम में,
लेकिन स्कूल की दुकान पर ब्रांडेड शिक्षा के नाम पर दोगुने रेट। किताबों का खेल NCERT तो बस नाम की, असली ज़रूरत स्कूल की खुद छपवाई किताबों की हर साल नई एडिशन, ताकि पुरानी किसी काम की न रहे। फीस की लूट ट्यूशन फीस, डेवलपमेंट फीस, स्मार्ट क्लास फीस,एसी फीस, परीक्षा फीस, फंक्शन फीस पढ़ाई कम, हेडिंग ज़्यादा। हालत ये कि आम आदमी बच्चों को पढ़ाना चाहे तो पहले EMI कैलकुलेटर निकाले। हर फंक्शन में पैसा
फेयरवेल हो या फाउंडेशन डे, डांस करे या न करे पैसा तो लगेगा। बच्चा मंच पर जाए न जाए, पैरेंट्स की जेब ज़रूर कटेगी। कोचिंग + स्कूल का गठजोड़ (कोटा मॉडल) स्कूल सुबह, कोचिंग शाम दोनों एक-दूसरे के साइलेंट पार्टनर। पढ़ाई का दबाव ऐसा कि बच्चा छात्र नहीं,
प्रोजेक्ट बन जाता है।
इन स्कूल माफियाओं से स्थानीय प्रशासन और डीएम साहब खुब पैसा खाते हैं आज तक ना CBSE ग्राउंड लेवल पर चेक करता है ना डीएम साहब।
देश का मीडिया आतंकवादियों और डकैतों का इंटरव्यू ले सकता है ,
लेकिन जनता के मुद्दों पर बात नहीं कर सकता , हमें फाइनेंशियल हेल्प नहीं चाहिए , केवल इतनी मदद कीजिए कि और लोगों तक पहुंच सकें और जनता के मुद्दे उठा सकें।https://t.co/nrMllBRCPR