राजस्थान के ट्रेनी सब इंस्पेक्टर राजेंद्र सैनी की मौत आत्महत्या है या हादसा... ये तो नहीं पता लेकिन उनका मैसेज ये बता रहा है कि वो कितना परेशान थे. उनकी बूढी मां की आंखें बता रहीं कि बेटे को वर्दी में देखने का सपना अब महज सपना भर रह गया.
2021 में हुई SI भर्ती परीक्षा को रद्द करने के हाई कोर्ट के निर्देश के बाद वो तमाम परिवार और ट्रेनी सब इंस्पेक्टर अवसाद से जूझ रहे थे जिन्होंने अपनी मेहनत से एग्जाम क्लियर किया था. लेकिन कुछ पेपर लीक माफियाओं के चलते पेपर लीक होने की बात सामने आई.
पेपर लीक कब रुकेगा ये सवाल है. इस पेपर लीक की भेंट वो तमाम परिवार चढ़ रहे जिनके बच्चों ने अपनी मेहनत, अपनी काबिलियत के दम पर एग्जाम पास किया था.
#Rajasthan #SI
मुख्यमंत्री भजनलाल के गृह जिले भरतपुर के राजेंद्र सैनी मेहनत करके दारोगा बने थे। SI भर्ती रद्द हुई। नौकरी चली गई। परिवार झोपड़ी में रहता था, 5 लाख का कर्ज था,छोटी बहनों की शादी करनी थी। दोबारा तैयारी के पैसे नहीं थे। दबाव झेल नहीं पाए और पटरी पर लेट गए।
ये आत्महत्या नहीं,संस्थागत हत्या है
देखिये जब ईमानदार अभ्यर्थी के परिजन ने हनुमान बेनीवाल से उनके भर्ती रद्द कराने के पीछे असली मक़सद सुरेश ढाका जैसे पेपर माफिया को बचाने का नाम सुनते ही कैसे सवाल से बचते नज़र आये बेनीवाल। देखें...🙏🙏🙏