जब भारत देश में कोई हलचल हो, ध्रुव राठी चुप बैठे ऐसा कैसे हो सकता है।
Gyanesh Kumar वाले मामले को लेकर ध्रुव राठी का मानना है कि,
केवल ज्ञानेश कुमार को हटाना काफ़ी नहीं है बल्कि जो अगला चुनाव आयुक्त चुना जाए,
उसे प्रधानमंत्री यानि नरेंद्र मोदी जी, नेता प्रतिपक्ष यानि राहुल गांधी जी साथ ही CJI के पैनल द्वारा चुना जाना चाहिए।
जिस पर भी इन तीनों की सहमति बनेगी उसी को चुनाव आयुक्त बनाया जाना चाहिए,
अन्यथा मोदी जी पर भरोसा नहीं किया जा सकता नहीं फिर वो किसी को भी कठपुतली की तरह चुनाव आयुक्त बना देंगे।
CEC ज्ञानेश कुमार को लेकर विवाद अब और बढ़ गया है।
CJP ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करते हुए 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया है।
अभिजीत दीपके ने कहा कि अगर 48 घंटे में इस्तीफा नहीं हुआ, तो CJP देशभर में आंदोलन करेगी।
अभिजीत दीपके का बड़ा फ़ैसला।
कल पूरी CJP टीम चुनाव आयोग को घेरने के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस करने जा रही है।
दरअसल,
चुनाव आयोग में SIR पर मतभेद का दावा करते हुए Indian Express रिपोर्ट के बाद दीपके ने बड़ा हमला करते हुए सीईसी ज्ञानेश कुमार को देश का दुश्मन तक कह डाला।
यही नहीं अभिजीत दीपके ने कहा कि ज्ञानेश कुमार चुनाव नहीं करा रहे हैं बल्कि उसकी पटकथा लिख रहे हैं।
हालांकि, विपक्ष भी इस मुद्दे को पिछले कई महीनों से उठा रहा था लेकिन इस रिपोर्ट के बाद अब मामला ज़्यादा गंभीर होते दिख रहा है।
@Uppolice@aligarhpolice@dgpup
यह व्यक्ति विष्णु राजपूत, निवासी ग्राम गुलजार नगला, थाना बरला, जनपद अलीगढ़, मेरी नाबालिग बेटी निशु आज़ाद को लेकर सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक एवं अशोभनीय स्टेटस लगा रहा है।
इस संबंध में मेरे पास स्क्रीनशॉट सहित आवश्यक साक्ष्य सुरक्षित हैं। एक नाबालिग बच्ची को इस तरह सोशल मीडिया पर निशाना बनाना गंभीर मामला है।
अतः @Uppolice@aligarhpolice@dgpup से मांग है कि मामले का तत्काल संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच की जाए और संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई करते हुए आवश्यक कानूनी कदम तत्काल उठाए जाएं।
कृपया बच्ची की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मामले में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें।
#NisuAzad #UPPolice #AligarhPolice
संत कबीर नगर के बभनी बाजार में जो घटना हुई थी, तो मूर्ति को स्थानीय लोगों द्वारा पानी से साफ करवाया गया। कुछ मुट्ठी भर लोगों के अंदर कितनी नफ़रत भरी हुई है खासकर बहुजन समाज के लोगों के प्रति और उनके महापुरुषों के प्रति।
जय भीम ☸️
@ScienceJourney2@NationalDastak@deepakdialogues
जनपद संत कबीर नगर के बभनी बाजार में भगवान बुद्ध जी की प्रतिमा पर पान मसाला थूंकने और उसे अपवित्र करने वाले दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही करें।
हम सब जानते है कि अगर इस देश को सम्मान की नजर से देखा जाता है तो सिर्फ बुद्ध के कारण।
@ScienceJourney2@Uppolice@santkabirnagpol
जनपद संत कबीर नगर के बभनी बाजार में भगवान बुद्ध जी की प्रतिमा पर पान मसाला थूंकने और उसे अपवित्र करने वाले दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही करें।
हम सब जानते है कि अगर इस देश को सम्मान की नजर से देखा जाता है तो सिर्फ बुद्ध के कारण।
@ScienceJourney2@Uppolice@santkabirnagpol
आज भारत में राधा भक्त, द्वारा राधा अष्टमी मनाया जा रहा है ।
सवाल है यह डेट कब और कहाँ से पता चली?
किस ग्रन्थ से यह डेट राधा का प्रकट दिवस के रूप में स्थापित हुआ?
पहली बार राधा अष्टमी कब मनाई गई थी?
एविडेंस के साथ बताए ।
संस्कृत बोली का जन्म कब, कैसे और कहाँ पर हुआ?
संस्कृत भाषा किस भाषा से टकरा कर बनी और बोली के रूप में गायब कब और कैसे हुई?
भाषा बनने के लिए लिखित रूप में किस लिपि का प्रयोग किया और इसके एविडेंस क्या है?
संस्कृत बोली या भाषा इसपर आजके हिंदू ब्राह्मणों का कब्जा कबसे है?
का... रे अज्ञानी दीक्षितवा तेरी बुद्धि पर तरस आ रहा है. जिसे तो तिलक बताने की कोशिश कर रहा है, उसे आध्यात्मिक भाषा और बौद्ध कला में Wisdom Eye कहा जाता है.
जिसे तू जनेऊ साबित करने की नाकाम कोशिश कर रहा है, वो जनेऊ नही मूर्ति पर चीवर का निशान बनाया गया है.
झूठ पकड़ा गया. 100 साल पहले जूठा इतिहास लीखकर वर्चस्व कायम किया इतिहास में, अब तुमलोगों द्वारा लिखा गया हर इतिहास की स्क्रूटिनी होगी.
इंडोनेशिया पहले बुद्धिस्ट देश था। इस्लाम के आगमन के बाद वहाँ भी बुद्धिस्ट को ही हिंदू कहा गया जैसे भारत में।
और जंबूदीप शब्द सम्राट असोक के इंस्क्रिप्शन में आता है जो धम्म के फैलाव का जिक्र करता है यानी बुद्ध शासन क्षेत्र ।
हिन्दू राष्ट्र की बात करने वाले आरएसएस के जातिवादी गुंडों ने...
एक दलित शिक्षक उप प्रधान "रेखा मल्लिक" पर जातिवादीयों ने "अण्डे" फेंके जय श्री राम के नारे लगाए!
एक अकेली पर महिला पर इस तरह से हमले करना दुखद है!
बता दो @grok इस व्हॉट्सप यूनिवर्सिटी ज्ञानी को की बुद्ध के माथे पर बिंदी नहीं बल्की विजडम, प्रज्ञा का प्रतीक है और बुद्ध जनेऊ नहीं बल्कि चीवर पहने है जो शिल्पकला में ध्यान से देखने पर पता चलता है।
@ScienceJourney2 बुद्ध की मूर्तियों पर माथे का निशान ऊर्णा है, जो प्रज्ञा-ज्ञान का प्रतीक है, तिलक नहीं। छाती की रेखा चीवर (भिक्षु वस्त्र) की तह है, जनेऊ नहीं। ये बौद्ध आइकनोग्राफी के पारंपरिक लक्षण हैं।
ब्राह्मणों के मौखिक गप्पो पर कभी विश्वास न करे।
पराशर स्मृति में 12 साल से कम उम्र में लड़की कि शादी का विधान है।
जबकि ये पांडा बता रहा है की 20 साल में लड़की कि शादी का विधान है।
रिफरेन्स- 7/7-8
नोट: रामायण महाभारत काल्पनिकता को इतिहास बता रहा है। अब सभी लोग समझ सकते है ब्राह्मण अपनी सच्ची मुग़ल इतिहास पर चर्चा करने की बजाय काल्पनिक बातो की चर्चा में क्यो लगा रहता है।