अजीब विडंबना है, rci ने दो योग्यता के बारे में राजस्थान शिक्षा विभाग को लिखकर भेजा कि डिप्लोमा+स्नातक, डिप्लोमा+b.ed , लेवल दो विशेष शिक्षक पद हेतु पात्र है, अजीब अजीब बहाने सुनाते है हर बार, अब एक को शामिल किया एक को बाहर क्यों? जबकि दोनों मान्य @rajeduofficial@RajCMO
सिर्फ दिव्यांग नाम देने से नहीं, उन्हें शिक्षा के अवसर देने के काम आगे बढ़ाए सरकार
एक तरफ तो प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी विकलांग शब्द को दिव्यांग करवाते हैं और उन्हें सम्मान देने की बात करते हैं और दूसरी तरफ उन्हीं की पार्टी की सरकार राजस्थान में दिव्यांगों के हित में घोषित की गईं दो यूनिवर्सिटी का काम रोक कर बैठी है। मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp को संज्ञान लेकर इन दोनों विश्वविद्यालयों का काम जल्द से जल्द आगे बढ़ाना चाहिए।
भारत में उच्च शिक्षा में दिव्यांगों की सहभागिता 5% से भी कम है। तमाम चुनौतियों के कारण दिव्यांग चाहकर भी उच्च शिक्षा में दाखिल नहीं हो पाते हैं।
इसी को ध्यान में रखते हुए हमारी सरकार ने बजट 2022-23 में जयपुर में बाबा आम्टे दिव्यांग यूनिवर्सिटी एवं बजट 2023-24 में जोधपुर में महात्मा गांधी दिव्यांग विश्वविद्यालय की घोषणा की थी। यह नए तरह के विश्वविद्यालय थे इसलिए इनके कोर्स डिजाइन करने एवं अन्य औपचारिकताओं में समय लगना लाजिमी था। इसके लिए जयपुर में यूजीसी में लम्बा अनुभव रखने वाले डॉ देवस्वरूप को एवं जोधपुर में दिव्यांग सेवा में पूरा जीवन लगाने वाली श्रीमती कुसुमलता भंडारी को वाइस चांसलर नियुक्त किया गया था। इसके बाद हमारी सरकार बदल गई।
यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि भाजपा सरकार ने इन दोनों प्रोजेक्ट्स को अघोषित तरीके से रोक दिया है। श्रीमती कुसुमलता भंडारी लगातार सरकार से उन्हें स्टाफ एवं वित्तीय सहायता देने की मांग करती रहीं पर उन्हें सरकार ने कोई सहायता नहीं दी। दो महीने पूर्व उनका देहांत हो जाने के बाद अब तक किसी नए व्यक्ति को यह जिम्मेदारी नहीं दी गई है। जयपुर में भी दिव्यांग विश्वविद्यालय के काम को आगे नहीं बढ़ाया जा रहा है।
@BhajanlalBjp@alokrajRSSB@ashokgehlot51@BJP4India गर्व महसूस करता हूं मैं खुद पर की मैने डिप्लोमा विशेष ओर स्नातक के साथ reet लेवल 2 पेपर पास किया और b.ed को पछाड़ा(नियम के अनुसार) ,नियम अनुसार होने पर भी, कोर्ट से जीतने पर भी ज्वाइनिंग रोक दी, समझ सकते हो कितनी धांधलेबाजी है
झेला है मैने 365 दुखों का साल
चाहो तो पिछले 12 महीनों से पूछ लो.
गलती सिर्फ अधिकारियों की।
REET 2022 विशेष शिक्षक। Ncte पात्र, RCI पात्र,कोर्ट द्वारा पात्र, सेम कोर्स से पहले भी ज्वाइनिंग और इस बार भी ज्वाइनिंग हुई @RajCMO@madandilawar@BhajanlalBjp@HANUMANKISAN
@PMOIndia@narendramodi जी कुछ संज्ञान लीजिए मेरे पास जितने पैसे थे सब लगा दिए कोर्ट केस में,न्याय प्रक्रिया भी सस्ती नहीं है।हर जगह से सही पाया गया हूं,अंत में आकर राजस्थान शिक्षा सचिव कहता है ज्वाइनिंग नहीं होने दूंगा चाहे कुछ भी करना पड़े।सिर्फ अपने विज्ञापन को सही बतानेके लिए
@RajCMO@BhajanlalBjp Level 2 special educator diploma +graduation win in the sb jaipur highcourt. Accor. To ncte they are eligible, acco to RCI eligible ,acording to court eligible, acording to supreme court eligible now why ur officers not giving joining. क्या चाहिए उन्हें ?आप ही पूछो। सचिव से
सर हमने भी एक पतंग (रीट २०२२) उड़ाई थी।
बड़ी उम्मीद के साथ। परन्तु कुछ अधिकारियों अच्छी नहीं लगी। और हमारी पतंग काट दी। जबकि कोर्ट /यूनिवर्सिटी/ncet ने हमे योग्य माना है। रीट लेवल २ विशेष शिक्षा। स्नातक+डिप्लोमा
सभी युवाओं को मकर संक्रांति की असीम शुभकामनाएं। मैंने भी बचपन में पतंग उड़ाई और एक आध बार लूटी भी, मगर याद रखें पिछले साल सिर्फ जयपुर में ही 100 से ज्यादा पतंगबाजी के हादसे हुए, इसीलिए अपने छोटे भाई बहनों को आगाह करें कि वह निगरानी और सावधानी से पतंग उड़ाएं, सड़क पर पतंग न लूटें।
मैं बुलंद हौंसलों वाला एक जिद्दी सा लड़का,
सरकार के भ्रष्ट अधिकारियों के सामने हार गया।
रीट लेवल 2 विशेष शिक्षक भर्ती घोटाला(ncte,RCI,court,old joining सभी के अनुसार पात्र) फिर भी नौकरी नहीं दी गई। @BhajanlalBjp@RajCMO@VisheshShikshak@rajeduofficial@EduMinOfIndia
@RajCMO@BhajanlalBjp विशेष शिक्षक 2022 भर्ती डिप्लोमा+ग्रेजुएशन की नौकरी जो खाई जा रही है डीवी होने बाद भी, उसका क्या? Ncte पात्र, RCI पात्र, हाइकोर्ट अनुसार पात्र, सुप्रीम कोर्ट अनुसार पात्र। एक सचिव के कारण बाहर, एक अधिकारी से आपकी इतनी साठ गांठ, कहां तक सही?
माननीय @BhajanlalBjp जी @madandilawar जिस केस में राजस्थान का महाधिवक्ता कह दे कि इस case को आगे नहीं लड़ा जा सकता प्रभावित अभ्यर्थी अपनी जगह सही है, उसको एक बड़े अधिकारी द्वारा कहा जाता है कि इसको लंबा खींचना है नौकरी नहीं देनी इनको अभी, तो हम गरीबलोग कहां तक लड़ें।
कुछ तो रहम
@indrsoni_@RajCMO@madandilawar@BhajanlalBjp@PMOIndia कुछ अधिकारियों की लापरवाई के कारण बेरोजगार युवाओं को दर दर भटकना पड़ रहा है।
Cm साहब ओर मदन दिलावर जी से निवेदन है कि इस मामले को जल्द ही संज्ञान में लेकर युवाओं को न्याय दिलाने में मदद करे।