@asharamjibapu_ 🌷*आज का सुविचार* 🌷
*प्रार्थना से मानसिक तनाव दूर होकर मन हलका व प्रफुल्लित होता है। मन में विश्वास व निर्भयता आती है।*Sant Shri Asharamji Bapu
#AsharamjiBapuQuotes
#AhmedabadCaseFacts saying that there is No Corroborative Evidence against bapuji. He is jailed on the basis of what??
Dubious Statements are there but judiciary ignored all these.
Why Confinement from last 10 yrs when there is no direct evidence.
@jagohindustani_#AhmedabadCaseFacts
बापूजी के अहमदाबाद केस में जो आरोप लगाए गए, वो सब आधारहीन है।
Dubious Statements और झूठे आरोप मात्र के आधार पर सज़ा सुनाई गई।
No Corroborative Evidence यानी कोई ठोस सबूत नही, फिर भी #Bapuji को जेल भेजा गया !
Why Confinement !!
https://t.co/oL6LJC62ER
No Corroborative Evidence found against Asharamji Bapu in the allegations of the Ahmedabad case too.
Dubious Statements in the court, that contradicts the statements of the complainant itself in the FIR.
Then Why Confinement even at the lack of evidence?
#AhmedabadCaseFacts
@YssSpeaks#AhmedabadCaseFacts that prosecutrix has changed her statements several times doubting her intentions.
When there are Dubious Statements , No Corroborative Evidence then Why Confinement to Innocent Sant Shri Asharamji Bapu ⁉️
https://t.co/rnCVLmnVya
World wants to know: Why Confinement of Innocent Asaram Ji Bapu on basis of Dubious Statements of prosecutrix while 6 co-accused were released because of same statements !!
Even No Corroborative Evidence to prove any allegation or justify the delay of 12 yrs
#AhmedabadCaseFacts
let's gaze at the Moon 🌙 with pride and hope. Congratulations to @isro for the successful landing of Chandrayaan-3! Another giant leap for India's space exploration. 🇮🇳🚀 #Chandrayaan3#ISRO#ProudIndian
भय,राग,क्रोध से अंत:करण मलिन हो जाता है और जीव बेचारा जन्म-मरण का भागी होता है। भय, राग, क्रोध होते हैं मन बुद्धि में, मन-बुद्धि साधन है तो हम साधनों की शुद्धि साध्य को देखने के लिए करें तो ठीक है लेकिन साधनों को मैं मानते रहे तो साध्य ठीक से नहीं देख पाएंगे।
#AsharamjiBapuQuotes
#स्वतंत्रता_दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं....।
#IndependenceDay2023#Bharat
सच्ची आजादी संतो के श्रीचरणों में ( मायाजाल से मुक्त करके ईश्वर साक्षात्कार करा देते हैं) है।
संतो के साथ भी अन्याय हो रहा हैं निर्दोष होते हुए भी 10+ वर्षों से Sant Shri Asharamji Bapu को जेल में डाल रखा हैं जो स्वतंत्रता के मूल्यों पर कई सवाल खड़े करता हैं। #15august2023 #15August #HarGharTiranga #IndependenceDayIndia
🚩#सीता_नवमी : 29 अप्रैल
सदाचारिणी-ब्रह्मस्वरूणी माता सीता🙏🏼
💁🏻♀️आज हम जानेंगे : लंका में माता सीता ने किस प्रकार अपने सदाचरण की रक्षा की व ब्रह्मभाव में रही
🔅रावण जब सीताजी को रिझाने-समझाने आता है तो सीताजी तिनका रख देती हैं। फिर महीनों भर सीताजी रहीं, रावण तिनके की रेखा से आगे नहीं आया । त्रिजटा को सेवा में रखा और त्रिजटा थी तो रावण की दासी, खास विश्वसनीय लेकिन सीता मैया के व्यवहार से वह सीताजी की सेविका हो गयी। उनमें ऐसी व्यवहारपटुता थी।
🔅सीताजी में ऐसे विलक्षण लक्षण हैं कि जब हनुमानजी अँगूठी लेकर आये, अँगूठी तो देखी लेकिन एकाएक हनुमानजी की बातों में नहीं आयीं। हनुमानजी ने विस्तार से वर्णन किया, फिर बड़ा रूप करके दिखाया तब कहीं उनकी बातों को गौर से सुना और माना।
🔅हनुमानजी कहते हैं : "माँ ! तुम मेरी पीठ पर बैठो, मैं अभी-अभी श्रीरामजी के पास आपको पहुँचा दूँगा। रावण को पता ही नहीं चलेगा।"
ब्रह्मचारिणी सीताजी कहती हैं: "देखो पुत्र ! स्त्री को परपुरुष का स्पर्श नहीं करना चाहिए । रावण मुझे लाया तब मेरी विवशता थी लेकिन अब मैं जानबूझकर तुम्हारा स्पर्श कैसे कर सकती हूँ ? श्रीरामजी आयेंगे और मैं उन्हीं के साथ जाऊँगी।"
🔅क्या सीता मैया की सूझबूझ है ! शुरू-शुरू में राक्षस- राक्षसियाँ रावण के कहने से सीताजी को डराने आते थे लेकिन सीताजी डरती नहीं थीं । अंदर से हँसती थीं कि 'ये सब माया के खिलौने हैं, आत्मा अमर है। ये सब मन के डरावने खेल हैं। मैं क्यों डरूँ ?' लुभाने के लिए आते थे तो सीताजी लुभती नहीं थीं।
▪️सीताजी मानसिक जप करके शांतमना होती थीं, प्रतिकूलता को विकास का मूल और अनुकूलता को सच्चिदानंद की प्रसादी मानती थीं । सीताजी अनुकूलता और प्रतिकूलता की भोक्ता नहीं थीं । माताओ-बहनो! तुम भी ऐसी बनो ।
📚ऋषि प्रसाद /अप्रैल 2015