Super Exclusive-
योगी से सवाल की ऐसी सज़ा दी!
महिला पत्रकार रो पड़ी!!
प्रेस कॉन्फ्रेंस में योगी आदित्यनाथ से सवाल पूछने वाली दिव्या श्रीवास्तव का इंटरव्यू।
सुनेंगे तो सिहर उठेंगे।
"मैने योगी आदित्यनाथ से एक सवाल पूछा था।
मुझे बीजेपी दफ्तर में घेर लिया। बहुत धमकाया।
कहा- बुलडोजर चलेगा घर पर।
LIU पीछे पड़ी है।
मुझे चैनल से भी निकाल दिया गया।
मैं अब कहीं नहीं हूं।
मैं बहुत डरी हुई हूं।"
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इस वीडियो के साथ यह बात बड़े ही व्यथित मन से लिख रहा हूं कि मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, यह 16 वर्षीय बच्ची का शव नहीं, पेड़ से उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था लटकी हुई है।
उत्तर प्रदेश के जिला सीतापुर के कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के ग्राम शंकरपुर में 16 वर्षीय सबरीन बानो का संदिग्ध परिस्थितियों में शव मिलना बेहद दुखद और चिंताजनक है।
परिजनों के अनुसार, 11 अगस्त 2026 की शाम करीब 4 बजे सबरीन घर से लापता हुई। परिजनों ने पुलिस को सूचना दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। 12 अगस्त को दोबारा सूचना देने के बावजूद पुलिस का रवैया नहीं बदला।
14 अगस्त को भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के कार्यकर्ताओं से संपर्क करने और पुलिस पर दबाव बनने के बाद एफआईआर दर्ज की गई। उसी शाम बच्ची का शव बरामद हुआ।
परिजनों के अनुसार, उनकी बेटी को अगवा कर उसके साथ बलात्कार के बाद हत्या की गई। यह बेहद गंभीर आरोप है, जिसकी निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि 11 अगस्त को बच्ची के लापता होने की सूचना मिलने के बाद 14 अगस्त तक पुलिस ने क्या कार्रवाई की? अगर समय रहते पुलिस ने गंभीरता दिखाई होती, तो शायद आज एक परिवार अपनी बेटी को न खोता।
14 अगस्त को उसका शव मिलने के बावजूद अभी तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी न होना पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
आज जब हम स्वतंत्रता दिवस मना रहे हैं, तब एक मां-बाप अपनी बेटी को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। यह कैसी आजादी है, जहां एक बेटी की सुरक्षा के लिए भी परिवार को पुलिस पर दबाव बनाना पड़े?
@UPGovt पुलिस की लापरवाही की निष्पक्ष जांच कराए, जिम्मेदार पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई हो, आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी हो और सबरीन बानो को न्याय मिले।
हमारी संवेदनाएँ शोकाकुल परिवार के साथ हैं और न्याय की इस लड़ाई में हम उनके साथ हैं
🚨BREAKING: A Palestinian girl in Gaza wore her orange Eid dress, waiting to celebrate Eid al-Adha with her family. Minutes later, an Israeli missile struck their building, killing them all.
10 Palestinians were killed and dozens of neighbors injured in the massacre.
Location: जुहापुरा, अहमदाबाद
अहमदाबाद के जुहापुरा से एक हफ्ते पहले 500 किलो गौमांस के आरोप में पुलिस ने कुछ मुस्लिम युवाओं को गिरफ्तार किया, जिनकी लाइव पुलिस पिटाई की वीडियो भी खूब वायरल हुई!
आरोप था कि यह “माल” बीफ व्यापारी ज़हीर शैख़ उर्फ ज़हीर डब्बा का है। पुलिस ने 2 दिन पहले 70 वर्षीय ज़हीर डब्बा को गिरफ़्तार किया और आज पुलिस कस्टडी में ज़हीर की मौत हो गई।
आरोप है की पुलिस ने ज़हीर को पीटा, उसकी दाढ़ी खींची, पेशाब की जगह पर लात मारी और पिटाई ना करने के लिए पुलिसवाले ने 1 लाख रुपये की रिश्वत मांगी!
बहरहाल अहमदाबाद के SVP अस्पताल में ज़हीर ने आख़िरी सांस ली और मरने से पहले ऑन कैमरा कई पुलिसवालों के नाम लिए जिन्होंने टॉर्चर किया था।
उधर पुलिस का कहना है की ज़हीर ने कस्टडी में दवाई का हाई डोज़ लिया इसलिए उसकी तबीयत ख़राब हुई थी। अब सवाल यह है की जो व्यक्ति पुलिस कस्टडी में है उसके पास इतनी सारी दवाई आई कहाँ से?
इससे पहले भी जुहापुरा से कस्टोडियल डेथ के मामले सामने आए हैं और मोदी काल में “गुजरात” कस्टोडियल डेथ में टॉप पर है!
आज बंगाल के चुनाव में २७ लाख वोटर वोट नहीं दे पाएंगे! इनका नाम बेईमानी से लॉजिकल डिस्क्रिप्शन से के नाम पर इलेक्शन कमिशन ने काट दिया। इसके लिए कौन ज़िम्मेदार है? इलेक्शन कमिशन के साथ सुप्रीम कोर्ट भी ज़िम्मेदार है!
युद्ध के वातावरण में अचानक किसी खेत में एक बड़े ड्रोन के, गेहूँ के खेत में गिरने से इटावा ज़िले के सैफई इलाके के नंदपुर गाँव में दहशत और अफ़रातफ़री मच गयी। लोगों ने सोचा कहीं कोई मिसाइल तो नहीं, जो युद्ध क्षेत्र से भटक कर यहाँ आ गिरी है।
अगर ये किसी सरकारी परीक्षण-टेस्ट या एक्सपेरिमेंट का हिस्सा है तो प्रदेश के नागरिकों को पहले से सूचना देकर आगाह करना था। जब ये विश्वास ही नहीं है कि ड्रोन उड़ेगा कि नहीं तो आम लोगों के इलाके में इसे उड़ाने का जोखिम क्यों उठाया गया। कहीं ये खेत की बजाय आस-पास की किसी बस्ती पर गिर जाता तो इस दुर्घटना से किसी भी तरह की जान-माल की हानि हो सकती थी।
सरकार इस मामले में जाँच बिठाए और किसान के खेत में हुई आर्थिक हानि और मानसिक आघात का आंकलन-मूल्यांकन करके किसान को यथोचित मुआवज़ा दे।
भविष्य में ऐसे सभी टेस्ट-एक्सपेरिमेंट निर्धारित निर्जन क्षेत्रों में ही किये जाएं।
भाजपा सरकार में कोई भी परीक्षण सफल क्यों नहीं हो पाता है। सैफई की जनता कह रही है जब भाजपाई ड्रोन नहीं उड़ा पा रहे हैं तो सैफई की उस हवाई-पट्टी से जहाज़ क्या उड़ाएँगे, भाजपा ने जिस रनवे को राजनीतिक विद्वेषवश बिना रखरखाव के उपेक्षित छोड़ दिया है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा –
अगर संभल के SP और DM को लगता है कि मस्जिद में नमाजियों की संख्या बढ़ने से कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ सकती है तो उन्हें पद से इस्तीफा दे देना चाहिए या संभल से बाहर तबादला मांग लेना चाहिए। यदि वे कानून का पालन कराने में सक्षम नहीं हैं।
दरअसल, एक मस्जिद में सिर्फ 20 लोगों को नमाज पढ़ने की अनुमति है। इसके खिलाफ HC में याचिका दाखिल हुई थी। उस याचिका पर सुनवाई करते हुए HC ने ये टिप्पणी की है। ये ऑर्डर 27 फरवरी का है।
प्रिंस नाले का पानी फेंकता है और छेड़छाड़ करता है
विरोध करने पर पड़ोसी तरुण जिम से गुंडे ले कर आता है फिर मुस्लिम परिवार पर हमला करता है।
पुलिस की एक तरफा कार्रवाई, हिंदुत्वा की गुंडागर्दी से परेशान मुस्लिम परिवार घर से बेघर है साथ ही घर के सारे मर्द और 3 महिलाओं को पुलिस ने गिरफ्तार किया हुवा हैं - ऐसा कहना है शाहीन का।
देखिये @TheHaqueMedia की परिवार से बात चीत। https://t.co/TjSB1aMsrc
It was a deeply disheartening moment while returning from #Palla village in Nuh district, Haryana.
Aamir, just 28 years old, was chased and shot dead by Bajrang Dal extremists on allegations of cow trade. When we reached his home, the cries of his mother, father and family members were unbearable. No words can truly describe the grief inside that house.
We also visited the petrol pump where Aamir had filled fuel in his pickup shortly before the incident. The video footage clearly shows that the vehicle was empty. There were no cows inside, contrary to the accusations that were made.
It leaves everyone with a heavy heart. The law seems to be fading away when Muslims can be killed in broad daylight like this, and justice feels so distant. Muslims are being targeted again and again, and families are left to mourn while the system remains silent.
बिहार, रोजेदार रोशन खातून और प्रधान कुमारी देवी।
रोशन खातून नाम की एक मुस्लिम महिला इंसाफ की उम्मीद लेकर गांव की प्रधान कुमारी देवी के पास अपनी शिकायत लेकर गई थीं, उन्हें लगा था कि पंचायत के स्तर पर उनकी बात सुनी जाएगी और उन्हें न्याय मिलेगा।
लेकिन जो हुआ, वह भयावह और दर्दनाक था आरोप है कि रोशन खातून को खंभे से बांध दिया गया और बेरहमी अथवा क्रूरता से दर्दनाक पिटाई की गई।
बताया जा रहा है कि उस समय वह रोज़े से थीं, जब उन्हें प्यास लगी और उन्होंने पानी मांगा, तो उनके साथ ऐसी अमानवीय हरकत की गई जिसकी कल्पना भी मुश्किल है, उन्हें पानी की जगह पेशाब पिलाया गया।
इस बर्बर अत्याचार के बाद उनकी हालत बिगड़ती चली गई और आखिरकार रोशन खातून की मौत हो गई, पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए प्रधान के बेटे को गिरफ्तार कर लिया है। #Bihar #Muslims