सभी जरूरतमंदों को निःशुल्क कानूनी सहायता प्रदान करना
शिक्षा और जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन
RTI (सूचना का अधिकार) के माध्यम से सरकारी पारदर्शिता को प्रोत्साहित
शिक्षा विभाग को अपने भ्रष्टाचार और परिवारवाद की आग में बिल्कुल नष्ट करने में लगे दो प्रमुख नौकरशाह P.N. सिंह पटेल (पूर्व DIOS प्रयागराज) और राकेश कुमार (कुलसचिव @ostcssvv ) व इनके कार्यालयीय दलालों की संपत्तियों की जांच हो।
@dgpup@myogiadityanath@chiefsecyup@sanjaychapps1
शैलेश कुमार मिश्र उर्फ गोरेलाल जो मूलतः नवाबगंज प्रयागराज का अस्थाई निवासी तथा चांदपुर सलोरी,प्रयागराज का हाल निवासी है जो पेशे से एक स्कूल क्लर्क बताया जाता है इसने और इसके रिश्तेदार नाम सत्यव्रत मिश्रा उर्फ गौरव द्वारा ही हर जगह उक्त न्यायमूर्ति महोदया का नाम बोला जाता है।
एक वृहत जांच सक्षम एजेन्सी द्वारा कराया जाए कि क्या सच में उक्त न्यायमूर्ति की संरक्षण इन सबको प्राप्त है या फिर ये लोग किसी विशेष एजेंडे के तहत उनका नाम लेकर उन्हें बदनाम तथा उनको विवादित बना रहे हैं, कृपया जांच कराया जाए क्योंकि यह सामान्य घटना नहीं है।
@RSSorg@nitin_gadkari
@indSupremeCourt@MLJ_GoI@rashtrapatibhvn@AllahabadC#CJI#CJ_AHC
न्यायमूर्ति मंजूरानी चौहान का नाम बताकर प्रयागराज शहर निवासी एक ऐसा गिरोह जो मुख्यतः दलाली और तमाम अवैध कार्य में संलिप्त रहता है,जिनका मुख्य सरगना प्रो० गिरीश चंद त्रिपाठी(सेoनिo शिक्षक) हैं ,के बारे में...
प्रयागराज से लखनऊ जाने वाले रोड पर जितने टोल प्लाज़ा सभी लोग बत्तमीजी करके बात करते है और टूल नियम के द्वारा 10 सेकेंड में गाड़ी निकल जाना चाहिए लेकिन 2 से 5 मिनट्स तक लगा देते है। @NHAI_Official@NHAIINDIA
@DeepakTDipu094@CMOfficeUP@dgpup@prayagraj_pol@Uppolice@DCPCityPrj 3. किसी भी नागरिक को विधि द्वारा स्थापित प्रक्रिया के अतिरिक्त अनावश्यक रूप से प्रताड़ित नहीं किया जा सकता।
4. यदि किसी अधिकारी द्वारा अपने पद का दुरुपयोग कर नागरिक को परेशान किया जाता है तो उसके विरुद्ध विभागीय एवं विधिक कार्रवाई की जा सकती है।
@AgrhariJee@CMOfficeUP@dgpup@prayagraj_pol@Uppolice@DCPCityPrj@AgrhariJee जरा विधिक सलाह लेकर बताओ कि एक सामान्य प्रतियोगी छात्र के विरुद्ध उक्त अवैध छानबीन किए जाने के विरुद्ध क्या माननीय उच्च न्यायालय में किसी प्रकार का Writ दाखिल किया जा सकता है क्या..?
सरकारी Syatem ने अवैध छानबीन और उसे सुबह से मानसिक उत्पीड़ित किया है।
@WelfareBalaji@mktyaggi हां! जब आस्था के केंद्र को व्यापारिक केंद्र बनाया जाएगा तो यही सब दिखाई पड़ेगा ना।
बाकी Black चश्मे वाले हीरो साहब जिंदाबाद।
लगे रहो शेर,लगे रहो।
लेकिन याद रखना भइया,पाप का घड़ा सबका एक ना एक दिन अवश्य भरता है।
उक्त चेतावनी दिनांक: 05.06.2026 को गंभीरता से जानबूझकर नहीं लिया गया..?
क्या इसमें जिला पुलिस प्रशासन की संलिप्तता थी..?
अंसार अहमद से लेकर तमाम कैदी इस घटना के गवाह हैं आखिर इस हमला को क्यों करने दिया गया?
@DM_PRAYAGRAJ@myogiadityanath@myogioffice@Uppolice@WelfareBalaji