ISRO के पूर्व वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रवीण मौर्य का मामला सिर्फ एक व्यक्ति की लड़ाई नहीं, बल्कि संस्थाओं की जवाबदेही का सवाल है।
जिस वैज्ञानिक ने गगनयान मिशन की संवेदनशील जानकारी लीक होने का विरोध किया, उसी पर आरोप लगा दिए गए। बिना पारदर्शी जांच के उन्हें “गद्दार” कहा गया, निलंबित किया गया और मानसिक उत्पीड़न झेलना पड़ा।
अब सुप्रीम कोर्ट ने मामले को गंभीर मानते हुए मानवाधिकार आयोग को सौंपा है। ईमानदार लोगों को सज़ा नहीं, न्याय मिलना चाहिए।
#प्रवीण_मौर्य_को_न्याय_दो
भारत के लिए काम करने वाले वैज्ञानिक अगर भय और प्रताड़ना में जीने को मजबूर हों, तो यह पूरे राष्ट्र के लिए चिंता का विषय है। प्रवीण मौर्य के साथ न्याय होना चाहिए। 🇮🇳
#प्रवीण_मौर्य_को_न्याय_दो
साथियों,
अब हमें अपना मीडिया खुद बनना पड़ेगा…
क्योंकि गोदी मीडिया सच के साथ नहीं खड़ा है।
हम सोशल मीडिया पर भी लड़ेंगे,
और सड़कों पर भी आवाज़ बुलंद करेंगे।
अन्याय के खिलाफ हर मोर्चे पर डटकर खड़े रहेंगे।
#प्रवीण_मौर्य_को_न्याय_दो
आज का दिन सिर्फ एक फोटो नहीं, बल्कि मेहनत, भरोसे और सीखने की जीत है।
गाँव की मिट्टी से उठकर, बिना बड़े साधनों के…
एक नई शुरुआत, एक नई पहचान 💫
💸 पहला YouTube पेमेंट
ये सिर्फ पैसे नहीं, बल्कि आत्मविश्वास की कमाई है।🙏 अगर सही मार्गदर्शन और मेहनत हो, तो कोई भी पीछे नहीं रहता।
@TeamYouTube@YouTube
I uploaded an educational video titled “No Copyright Music for YouTube Videos” to help creators use music legally.
There is no harmful or dangerous content in the video, yet it was removed and a strike was issued.
Kindly review this, as it seems to be a misunderstanding. 🙏
Video link - https://t.co/RlgPu4SX5p