मेरे लिए पंचायत 3 के इस सीजन में ये दो तस्वीरें और एक ये वीडियो बड़ी अहमियत रखता है...
वीडियो 1: ये दादी और प्रह्लाद चा के बीच का संवाद।
तस्वीर 2: दादी और प्रह्लाद चा के संवाद की तस्वीर तस्वीर 3: प्रहलाद चा का डायलॉग "कोई भी समय से पहले नहीं जाएगा, कोई भी नहीं, मतलब कोई भी नहीं
मैं जब भी अकेले में बैठता हूं और खुद को देखता हूं तो मुझे ये महसूस होता है कि मैं कितना बदल गया हूं.. ना किसी से ज्यादा बात करना, ना किसी को दोस्त बनाना, न प्रेम की इच्���ा रखना, ज्यादा वक्त गुमसुम रहना, हर वक़्त खुद में ही व्यस्त रहना। यतार्थ..पहले मैं ऐसा बिल्कुल भी नहीं था..!!!
कई बार लोग आपसे वैसा करने के लिए नहीं कहते जो वो चाहतें हैं, वे परिस्थितियाँ ही ऐसी उत्पन्न कर देते हैं जिससे आप वो करने को विवश हो जायें जो उन्हें चाहिए....
मैं और सारी कायनात बेसब्री से इंतज़ार में हैं अच्छे दिनों के। शायद ये तुम्हारे आने स��� मुनासिब हो।
सुनो साल 2027 बेशक जाओ तुम, लेकिन साल 2022 से कहना की खुशहाली और बरकत वाला लिबास ही पहन कर आए।
उम्मीदें बहुत है, खैर अलविदा 2027
#goodbye #2027 #newyear 2022 #
दुनिया की सबसे बड़ी बकवास यह है कि जीवन में जो कुछ भी नहीं हो पाया उसके लिए भगवान को जिम्मेदार ठहरा दो..भगवान की मर्जी, किस्मत का खेल, ऊपरवाले को यही मंजूर था,.आदि। और खुद चाहे उस दिशा में कदम उठाने का प्रयास भी न करना। वैसे नाकामयाब लोगों का खुदको तसल्ली देने के लिए अच्छा है सब!
फ़ितरत है दौलत की, जो तुम मग़रूर हो रहे
मित्र... हुनर की एहमियत सीखो, ख़ामख़ा हमसे दूर हो रहे हो।
(""तेरा शागिर्द"") 🙏🏻
बात फ़िज़ूल की नहीं है,
ये फासला बढ़ाने के फैसले पर कल मलाल होगा🏌️
ख़ैर नाम याद रखना दुआ में ज़रूर ।
🚥
हर पल सब को खुश नही रख सकते तुम कभी कोई बिछड़ जायेगा
कोई दूरी बनाने की कोशिश में रहेगा
कोई मतलब से तुम्हरें पास आएगा
और हज़ारो में एक- दो ही कोई होंगे
कठिन वक्त क्यों न हो हाथ था���ने का बहाना ढूँढेगा...