Have a bias toward action – let’s see something happen now. You can break that big plan into small steps and take the first step right away.. Indira Gandhi ❤️
आज इलाहाबाद में फिर हजारों की संख्या में छात्र सड़कों पर उतरें।
छात्र एवं कांग्रेस नेता विवेकानंद पाठक के नेतृत्व में पिछले 20 दिनों में प्रयागराज में कई बड़े आंदोलन देखने को मिलें।
देश के अन्य अन्य शहरों में छात्र सड़कों पर उतरें और आज मोदी सरकार को झुकना पड़ा।
केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प���रधान का इस्तीफा उसी दिन तय हो गया था जब नेता विपक्ष राहुल गांधी एवं सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने पीएम आवास का घेराव किया था।
नेता विपक्ष राहुल गांधी ने खुला ऐलान किया था कि बिना इस्तीफे की कोई चर्चा नहीं होगी।
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा हमारे education system को फिर से संवारने ���ी दिशा में बहुत बड़ा कदम है।
शाबाश देश भर के छात्रों, आप सभी पर गर्व है।
सड़कों पर आ कर लोकतंत्र, संविधान और अपने भविष्य की रक्षा में डट कर खड़े होने वाले हर एक युवा, हर छात्र को बहुत-बहुत बधाई।
2 मांगें अभी भी बाकी हैं - प्रधानमंत्री छात्रों और भारत के भविष्य को सम्मान देते हुए माफ़ी मांगें और छात्रों पर हिंसा के दोषियों पर कार्रवाई हो।
ये समाज के दूसरे वर्गों किसानों, मजदूरों, गरीबों, हर वो व्यक्ति जिसे इस सरकार ने दबाया है, कुचला है - अपने सम्मान के लिए संवैधानिक तरीके से डटकर खड़े होने में ही असली साहस है।
इस सरकार को हटाने का वक्त आ गया है।
डरो मत!
मोदी जी, करोड़ों छात्रों का भविष्य बर्बाद करने के बाद अब आधी रात की Reel से उनका वक़्त बर्बाद मत कीजिए।
प्रधान बर्ख़ास्त। दोषियों पर कार्रवाई। छात्रों से माफ़ी।
इससे कम ��ुछ भी मंज़ूर नहीं।
ये मनोबल और एकता की जीत है!
हर आंदोलनकारी और उनका किसी भी तरह सहयोग करनेवाले हर एक को इस ‘Big-Win’ की अनंत बधाई!!!
युवाओं ने Examination & Education की लड़ाई जीतकर जो शुरुआत की है वो :
- अब ��ंविधान को हाथ में लेकर EVM और चुनाव सुधार तक भी पहुंचेगी
- अब भाजपा चुनावी घपलों और सांसदों-विधायकों की ख़रीद की जो नेगेटिव पॉलिटिक्स करती है, अब उसका भी अंत होगा
- कमीशनख़ोरी के भाजपाई भ्रष्टाचार का पर्दाफ़ाश होगा
- सत्ता पोषित मीडिया के ‘दाने-गाने’ के संबंधों का भी अंतकाल होगा
- पीड़ित, दुखी, ��पमानित पर अब न बुलडोज़र चल पायेगा, न किसी निर्दोष का एनकाउंटर होगा
- अब किसी दुखी माँ का अपमान कोई नहीं कर पाएगा
- अब बच्चियों और युवाओं पर कोई हाथ नहीं उठाएगा
- अब किसानों, मजदूरों, दुकानदारों, कारोबारियों का पर कोई अत्याचार नहीं कर पाएगा
- अब भगवान तक को धोखा देनेवालों पर कोई रत्ती भर भी ऐतबार नहीं करेगा
- साम्प्रदायिक राजनीति का सूरज आज से ढल जाएगा
- अब संविधान के दिये हक़ कोई नहीं मार पाएगा।
अब नया दौर आयेगा, जो बदलाव लाएगा!
20 तारीख को बच्चों को पिटवाने का काम धमेंद्र प्रधान ने किया था.
मोदी तो इसके खिलाफ थे, उन्होंने कहा भी कि मेरे फ्रेंड्स को कोई हाथ भी नहीं लगाएगा.
लेकिन मोदी को एक कमरे में बंद कर दिया गया, फिर प्रधान ने लाठी चलवाई.
अब इसमें बेचारे मोदी का क्या दोष
Dear children,
This win belongs to you. We salute your courage, determination and persistence that has led to the resignation of the Education Minister. At the same time, I am deeply sorry that you had to go through so much pain, assault, trauma and humiliation.
The country needs change. Change, so that the corruption that has been purposely allowed to sink into the system can be snuffed out. So that the country can flourish and the aspirations and dreams of our country’s youth can be fulfilled.
Much love,
Dimple