मैं हमारे यशस्वीं प्रधानमंत्री जी की बात से 100% सहमत हूं कि कोविड के कारण देश की हालत बिगड़ गई थी और ईरान युद्ध ने उसे और भी विगाड़ दिया।
मेरी सलाह है कि इस हालात से निकलने के लिए मोदी जी को मंदिरों में पड़े 12000 टन सोने को राष्ट्रीय संपत्ति घोषित कर देशहित में काम लेंवें
बस देश को गर्त में डालने वाले ऐसे जातिवादी भिखारी हैं । अंधा है लेकिन देवता के घर जन्म ले लिया तो लोगो बेबकूप बनाकर तोंद बढा ली और उल्टा शूद्रों को गाली देने लग गया।
अमेरिका उन 60 देशों पर 25% Tarrif लगाने की सोच रहा है जहां Forced labour (बेगारी अर्थात् बिना भुगतान किए मजदूरी कराना) कराई जाती है। भारत भी उनमें से एक है और पाखण्डी चमचे कहते हैं कि भारत विश्वगुरू बन गया।
ये अंजना ओम कश्च्यप है(कभी-कभी नाम के पीछे मोदी भी लगा देती है) जो 4 बार AIMPT में फेल हो गई और उसके बाद BSC करके UPSC दिया जहां तीन बार फेल हो गई।
इसके बाद पत्रकारिता में 2.5 साल का डिपलोमा करके आज 4 करोड़ का पेमेंट ले रही है। इतना पेमेंट एक फेलियर कैसे कमा रही है ?
ये अंजना ओम कश्च्यप है(कभी-कभी नाम के पीछे मोदी भी लगा देती है) जो 4 बार AIMPT में फेल हो गई और उसके बाद BSC करके UPSC दिया जहां तीन बार फेल हो गई।
इसके बाद पत्रकारिता में 2.5 साल का डिपलोमा करके आज 4 करोड़ का पेमेंट ले रही है। इतना पेमेंट एक फेलियर कैसे कमा रही है ?
अमेरिका उन 60 देशों पर 25% Tarrif लगाने की सोच रहा है जहां Forced labour (बेगारी अर्थात् बिना भुगतान किए मजदूरी कराना) कराई जाती है। भारत भी उनमें से एक है और पाखण्डी चमचे कहते हैं कि भारत विश्वगुरू बन गया।
@grok@KraantiKumar Hello @grok ये भी बता देता तो अच्छा था कि अंजना ओम कश्यप AIPMT में 4 बार फेल हुई और UPSC की Exam में 3 बार फेल हुई। फिर इसने चमची वाला धंधा देखा जिसमें वह खुद तो सफल रही लेकिन देश की साख को बट्टा लगाकर पत्रकारिता में देश को 157 वीं रेंक पर लाकर खड़ा कर दिया
@AnilYadavmedia1 दोनों का लेवल एक है चमचागिरीl मुझे तो लगता है इन औरतों पर मनुस्मृति लागू हो ताकि सार्वजनिक चैनलों पर झूंठ नहीं फैले, संविधान ने इन्हें कुछ ज्यादा आजादी दे रखी है
अंजना ओम कश्यप !
2014 में तेरे बाप ने कहा था कि सरकार बदलने से किसानों के लिए बर्षा खूब हो गई और किसानों के अच्छे दिन आ गए। अब तो महंगाई , डीजल, गैस इत्यादि संकट मुंह फाड़ के आ गए तो इनका जिम्मेदार कौन है
@Sheetal2242 सवाल ये होना चाहिए कि अंजना को चमची के तौर पर सत्ता पक्ष के तलवे चाटने के लिए 10 में से कितने नंबर दोगे?
मैं अपनी कहूं तो इन्हें 10/10 नंबर दूंग
@GauravPalRaj अबे अंडना जी महारथी तो चरों धामों के शंकराचार्य भी खुद को समझते है और पैसे बटोरने में तो ये सारी सीमाओं को लांघ जाते है। और पाखंडी तथाअंधे रामभद्राचार्य के तो कहने भी। दो शब्द इन पर भी बोल देती