कुछ कॉलेजों ने ��वाज़ उठाई, अब हमारी बारी है! ✊
आयुष इंटर्न डॉक्टरों के स्टाइपेंड को लेकर कुछ कॉलेजों के छात्रों ने विरोध दर्ज कराकर यह साबित किया है कि अपने अधिकारों के लिए आवाज़ उठाना ज़रूरी है।
जब हम समान जिम्मेदारियाँ निभाते हैं, अस्पतालों में सेवाएँ देते हैं और मरीजों की देखभाल करते हैं, तो हमारे स्टाइपेंड में इतना बड़ा अंतर क्यों?
एक कॉलेज की आवाज़ बदलाव की शुरुआत हो सकती है, लेकिन बदलाव तभी आएगा जब हम सब एक साथ खड़े होंगे।
अब समय है कि हर आयुष इंटर्न इस मुहिम का हिस्सा बने।
📢 अपनी आवाज़ उठाइए। साथ आइए। अपने हक़ की मांग कीजिए।
काम बराबर — तो सम्मान और स्टाइपेंड भी बराबर! ✊
#AYUSHInterns #StipendForAYUSHInterns #EqualWorkEqualPay