कुछ रिश्ते ख़त्म होकर भी
कहाँ ख़त्म होते है,
ख़ामोशी में कहे लफ़्ज़ भी,
दिल में ज़िंदा होते हैं...,,
हमने दफ़्न किया था जिसे
एक किस्सा समझकर,
वो रोज़ याद आता रहेगा
अपना-सा बनकर...,,
न कहानी ख़त्म हुई
ना सब कुछ ख़त्म हो गया,
मगर उसकी यादों का मौसम,
आँखों में नम हो गया...,,
कुछ अधूरे किस्से भी
उम्र भर साथ चलते हैं,
जो लफ़्ज़ कह न सके कभी
वो दिल में बसते हैं...,,
वक़्त गुज़रता रहता है
यादें नहीं गुज़रतीं,
कुछ मोहब्बतें ख़ामोशी में
उम्र भर ठहरती...,,
#तलाशा 🕊
कुछ रिश्ते ख़त्म होकर भी
कहाँ ख़त्म होते है,
ख़ामोशी में कहे लफ़्ज़ भी,
दिल में ज़िंदा होते हैं...,,
हमने दफ़्न किया था जिसे
एक किस्सा समझकर,
वो रोज़ याद आता रहेगा
अपना-सा बनकर...,,
न कहानी ख़त्म हुई
ना सब कुछ ख़त्म हो गया,
मगर उसकी यादों का मौसम,
आँखों में नम हो गया...,,
कुछ अधूरे किस्से भी
उम्र भर साथ चलते हैं,
जो लफ़्ज़ कह न सके कभी
वो दिल में बसते हैं...,,
वक़्त गुज़रता रहता है
यादें नहीं गुज़रतीं,
कुछ मोहब्बतें ख़ामोशी में
उम्र भर ठहरती...,,
#तलाशा 🕊
कुछ रिश्ते ख़त्म होकर भी
कहाँ ख़त्म होते है,
ख़ामोशी में कहे लफ़्ज़ भी,
दिल में ज़िंदा होते हैं...,,
हमने दफ़्न किया था जिसे
एक किस्सा समझकर,
वो रोज़ याद आता रहेगा
अपना-सा बनकर...,,
न कहानी ख़त्म हुई
ना सब कुछ ख़त्म हो गया,
मगर उसकी यादों का मौसम,
आँखों में नम हो गया...,,
कुछ अधूरे किस्से भी
उम्र भर साथ चलते हैं,
जो लफ़्ज़ कह न सके कभी
वो दिल में बसते हैं...,,
वक़्त गुज़रता रहता है
यादें नहीं गुज़रतीं,
कुछ मोहब्बतें ख़ामोशी में
उम्र भर ठहरती...,,
#तलाशा 🕊
कभी कभी कहानियां वहां खत्म नहीं होतीं
जहां लफ़्ज़ ख़त्म हो,
कुछ किस्से खामोशी में भी अपना
आखिरी अध्याय लिखते हैं,
फिर उम्र भर कोई शोर उन्हें
मिटा नहीं पाता
वो दिल की तहों में दफन होकर भी
रूह से हर रोज़ लिपटते हैं...
#रूह
चाँद ने
कभी छुआ नहीं समंदर को,
और समंदर ने भी
कहाँ बाँहें बढ़ाईं
आसमा तक..
फिर भी
हर रात चाँद उतरता रहा
उसकी लहरों में,
और समंदर
उसे अपने सीने में
समेटता रहा,,
फासले चाहे
कितने भी हो
सच्चा लगाव
रास्ते नहीं माँगता,
वो ख़ामोश लहर की तरह
दो किनारों के बीच
बहता रहता है..
#तलाशा
चाँद ने
कभी छुआ नहीं समंदर को,
और समंदर ने भी
कहाँ बाँहें बढ़ाईं
आसमा तक..
फिर भी
हर रात चाँद उतरता रहा
उसकी लहरों में,
और समंदर
उसे अपने सीने में
समेटता रहा,,
फासले चाहे
कितने भी हो
सच्चा लगाव
रास्ते नहीं माँगता,
वो ख़ामोश लहर की तरह
दो किनारों के बीच
बहता रहता है..
#तलाशा
@mrs_jesal@mK2yKgwbGz2R2Aq हवा भी आज तेरी ख़बर लाती है,
हर सांस तेरा नाम दोहराती है,
इस #तन्हाई में भूलना चाहूँ भी तो कैसे,
तेरी याद हर बार लौट आती है...!
#तलाशा 🕊
@mK2yKgwbGz2R2Aq धूप की आख़िरी लकीर
जब रात में खो जाती है
मेरी ख़ामोशी तेरे ख्यालों में
डूब जाती है,
घास पर बिखरी ओस
अब कहानी लगती है
जैसे हर बूंद मेरी बेचैनी को
चुपके से छू जाती है,
मैं कदमों से नहीं
यहां एहसासों से चलती हूं,
जहां #तन्हाई भी तेरे होने का
भ्रम रचाती है..!
#रूह#गीतमाला
सर्व भी,तू सर्वा भी तू
जीवन भी तू,मृत्यु भी तू,
दाता तू,विधाता तू
देता तू, लेता तू,
सत्य तू,असत्य हम
भग्वन तू, मनुष्य हम,
शिव तू,सुंदर तू.
शक्ति तू,सब कुछ तू
मैं कुछ नही....
हर हर महादेव 🚩
शुभ प्रभात 🌞
कल रात को में लगभग 1 बजे सोया
सुबह उठा लगभग 8.09 Am पर जब मैने सुबह उठकर घड़ी में देखा तो उसमें बज रहे थे 3.42 लगभग मेरा मूड ऑफ मैने सोचा लगभग 15 घंटे सोया हूं 🙄🙄 फिर देखा घड़ी का सेल बेकार हो गया है मोबाइल में देखा तो सुबह 8.09 हो रहे थे 🤣🤣🤣🤣
*“सम्मान का दरवाज़ा इतना छोटा और संकरा होता है कि,*
*उसमें प्रवेश करने से पहले सिर झुकाना पड़ता है।”*
*विनम्रता ही वह गुण है,*
*जो इंसान को वास्तव में सम्मान के योग्य बनाता है।**
🚩 जय सूर्य देव 🚩
आज शाम एक दुकान पर चाय पीने रुका था।
सामने एक अंकल फोन पर किसी से बड़े गुस्से में बात कर रहे थे—
“मैंने कहा ना, अब और पैसे नहीं दूंगा!”
पूरी दुकान उनकी तरफ देखने लगी।
फोन काटकर उन्होंने चाय वाले से पूछा,
“भाई, मेरी चाय कितने की हुई?”
चाय वाले ने कहा—“20 रुपये।”
अंकल बोले—
“उधार लिख दे।”
फिर मेरी तरफ देखकर बोले—
“भाई, ये दुनिया भरोसे के लायक नहीं है।” 😂