राहुल गांधी ने जो बात इंडिया गठबंधन की मीटिंग में कही, वह मैं कई साल से कह रहा हूं - भाजपा को लोकतांत्रिक प्रक्रिया से हराना असंभव है क्योंकि भारत में लोकतांत्रिक प्रक्रिया बची ही नहीं है।
चुनाव आयोग, सरकार, ईडी, सीबीआई, पुलिस, न्यायपालिका, सारी संस्थाएं और सारा संसाधन बीजेपी के कंट्रोल में है। बीजेपी से अब सिर्फ देश की जनता निपट सकती है।
अब जनता को तय करना है कि उसे भारत का लोकतन्त्र चाहिए या लोकतंत्र की कीमत पर लोकतंत्र-विरोधी बीजेपी चाहिए।
“The Congress Party’s role as many of you have stated, is to unite all of you together with love and affection.”
My speech to the INDIA Alliance leadership on 8th June.
https://t.co/Ct3STc5BM8
U.S has killed 3 of our Indian men in a missile attack
Modi took a strict step against it & decided to go on a trip to Slovakia & France this week.
Problem solved !!
विरासत का वाहक: नेहरू-गांधी परिवार की लोकतांत्रिक परंपरा के सच्चे उत्तराधिकारी राहुल गांधी आजादी की लड़ाई से लेकर संवैधानिक मूल्यों की रक्षा तक की यात्रा को आगे बढ़ा रहे हैं।
2. साहस की मिसाल: जब कई नेता सत्ता के सामने चुप्पी साध लेते हैं, तब राहुल गांधी अकेले सड़क पर, संसद में और न्यायालय में सत्ता के खिलाफ सवाल उठाते रहे — चाहे वह Rafale, PM CARES, Adani-Hindenburg या बेरोजगारी का मुद्दा हो।
3. भारत जोड़ो यात्रा: 2022-23 की ऐतिहासिक भारत जोड़ो यात्रा में राहुल गांधी ने पूरे देश को पैदल चलकर सांप्रदायिकता, महंगाई और युवा बेरोजगारी के खिलाफ एकजुट किया — लाखों लोगों को उम्मीद दी।
4. संविधान के सिपाही: संसद भवन और संविधान की तस्वीर के साथ यह पोस्टर राहुल को संवैधानिक मूल्यों (समता, न्याय, धर्मनिरपेक्षता) के सबसे मुखर रक्षक के रूप में दिखाता है।
5. युवाओं का नेता: “Youth Want Jobs” का नारा राहुल गांधी की सबसे बड़ी चिंता को दर्शाता है — वे लगातार रोजगार, शिक्षा और किसानों के मुद्दों पर सत्ता से जवाब मांगते रहे हैं।
6. न्याय की लड़ाई: “We Want Justice” और “Accountability” उनके उस संघर्ष को प्रतिबिंबित करते हैं जिसमें वे ईडी-CBI के दुरुपयोग, मणिपुर हिंसा और संस्थागत भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार आवाज उठा रहे हैं।
7. अटल प्रतिरोध: विपक्ष के कई बड़े चेहरे समझौता कर चुके थे, लेकिन राहुल गांधी ने कभी झुकना स्वीकार नहीं किया — बार-बार अयोग्य ठहराए जाने, हमलों और तानाशाही के बावजूद डटे रहे।
8. लोकतंत्र का प्रतीक: यह पोस्टर राहुल गांधी को “The Face of Resistance” इसलिए कहता है क्योंकि वे अकेले ऐसे नेता हैं जो सत्ता के भय से मुक्त होकर जनता के साथ खड़े हो रहे हैं।
9. नई पीढ़ी का प्रेरणा स्रोत: सफेद कुर्ता-पायजामा में चलते राहुल का यह रूप युवाओं को बताता है कि सच्ची राजनीति सत्ता नहीं, बल्कि साहस और समर्पण से चलती है।
10. भविष्य की लड़ाई: आज राहुल गांधी न केवल कांग्रेस बल्कि पूरे विपक्ष के नैतिक चेहरे बन चुके हैं — जो 2024 के बाद भी “Save Democracy” और “Defend Constitution” के नारे के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
@RahulGandhi
कोई बताएगा…
अमेरिका आखिर कब से हमें Order दे रहा है ?
मोदी सरकार अमेरिका के आगे कब से नतमस्तक है ?
एक संप्रभु देश को दूसरा देश क्यों बताएगा कि कहॉं से तेल खरीदना है कहॉं से नहीं ?
और कैसा बेशर्म होगा वो विदेश मंत्री जो सार्वजनिक रूप से अपना ‘Surrendered’ status स्वीकार करेगा ?
Telangana Court has clarified that there is NO criminal case pending against Meenakshi Natarajan &
has returned the private petition against her citing lack of jurisdiction.
Both the EC and SC had failed to provide relief. Who will ensure justice now?
https://t.co/d3SHNvRMJg
It's INSULTING!
US says it'll will kill more Indian sailors unless we crawl to USA's orders!
If shot killed 3 US sailors. USA would send a fleet to teach India a lesson.
Yet Modi pines for Trump's affections and will surely hug him (yuck!) on the sidelines of G7 meet in Paris