@reliancejio I’m facing very poor network connectivity in my area. The internet speed is extremely slow, This issue has been persistent for quite some time. Please look into the matter and resolve it as soon as possible.
उस राह पर, जहाँ हर कदम इंतज़ार है, और हर ठहराव, स्मृतियों का मंदिर। शायद इसी लिए कहा गया है,मिलन हमें क्षणिक सुख देता है,पर विरह हमें शाश्वत प्रेम सिखाता है.....!!🖤
विरह वह छाया है, जो हर उजाले में भी साथ रहती है, और वह अंधकार है, जिसमें प्रेम की लौ और तेज़ जलती है...यह हमें बताता है कि प्रेम केवल मिलन का उत्सव नहीं, बल्कि बिछड़ने का साहस भी है। विरह में समय थम जाता है, पर आत्मा चलती रहती है—
और मन भीतर से खाली होता चला जाता है...कभी मनुष्य ब्रह्मांड से जुड़ता था...आज बस नेटवर्क से जुड़ना ही पर्याप्त मान लिया गया है। हम सोचते हैं कि हम फोन थामे हैं,पर असल में यह फोन हमें थामे हुआ है....!!🖤
मोबाइल फोन पकड़े रहना अब केवल आदत नहीं, ये हमारे अस्तित्व का हिस्सा बन चुका है..उँगलियाँ स्क्रीन पर नृत्य करती हैं , पर त्मा भीतर से मौन हो चुकी है। जो ध्यान कभी ध्यानस्थ होकर भीतर जाता था,अब वही ध्यान "नोटिफिकेशन" की घंटियों में बिखर जाता है..ज्ञान अब बाहर से उधार लिया जाता है..
छोटे-छोटे नैप्स में दोपहर की नींद पूरी हो जाती है, पर अफ़सोस… ज़िंदगी कभी इतनी मेहरबान नहीं होती...यहाँ तो बड़ी-बड़ी मेहनतों के बाद भीसुकून के पल टुकड़ों में ही मिलते हैं....!!🌿😴
स���बह-सुबह चाय हाथ में हो तो लगता है भगवान ने लोडिंग बार पूरा कर दिया...वरना नींद और आलस का कॉम्बो ऐसा रहता है कि इंसान खुद को एरर 404 – एनर्जी नॉट फाउंड समझने लगता है....!
चाय का पहला घूंट = सिस्टम रीस्टार्ट,
और आखिरी घूंट = वाईफाई कनेक्शन जैसा सुकून....!!🤭
"दोपहर की नींद से उठते ही हालत ऐसी होती है जैसेकोई पुरानी सिरीज़ का नया सीज़न शुरू हो गया हो.. मुँह सूखा, बाल उलझे, आँखें लाल लगता है जैसे आत्मा शरीर में गलत लॉगिन कर गई हो...और सबसे खतरनाक....उठते ही कोई कह दे चाय पी लो...नींद आधी गायब, और आलस पूरा पक्का....!!😐