मीडिया की चुप्पी पर अभिजीत का बड़ा हमला 🚨
NEWS ANCHOR: अन्ना हज़ारे का अनशन 11वें दिन खत्म हो गया था। आज 17वां दिन है। क्या सरकार से कोई बातचीत शुरू हुई?
अभिजीत 🎯: अन्ना हज़ारे का अनशन 24 घंटे टीवी पर दिखाया जाता था, इसलिए सरकार को झुकना पड़ा। आज सोनम वांगचुक और 25 से अधिक छात्र अनशन पर हैं, लेकिन मीडिया एक टिकर तक नहीं चला रहा।
NEWS ANCHOR: इससे क्या फर्क पड़ता है?
अभिजीत 🔥: अगर मीडिया इस आंदोलन को ईमानदारी से दिखाए, तो सरकार पर भी जवाब देने का दबाव बनेगा। चुप्पी सत्ता के पक्ष में काम कर रही है।
NEWS ANCHOR: धर्मेंद्र प्रधान का कहना है कि NEET की दोबारा परीक्षा सफल रही।
अभिजीत ⚡️: यह बात उन परिवारों से जाकर कहिए जिन्होंने अपने बच्चों को खो दिया। दोबारा परीक्षा से उनके बच्चे वापस नहीं आएंगे। इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा?
Instead of asking why opposition leader hasn’t supported CJP, or why every CJP team member isn’t on a hunger strike alongside Sonam sir, ask the questions that actually matter.
Why is the Prime Minister refusing to engage in a dialogue? Why is the Education Minister still not being held accountable?
These are the questions that deserve answers, not distractions that only help shield those in power from accountability.
Sonam Wangchuk से बात करेगी Modi सरकार?
लोकतांत्रिक व्यवस्था में शांतिपूर्ण अनशन केवल विरोध का माध्यम नहीं, बल्कि शासन की संवेदनशीलता की भी परीक्षा होती है. यदि कोई नागरिक अपने विश्वास और अधिकारों के लिए जीवन दांव पर लगाकर अनशन कर रहा हो, तो राज्य का प्रथम दायित्व संवाद, सहानुभूति और समाधान का होना चाहिए.
राज्य की भूमिका केवल शासक की नहीं, बल्कि एक अभिभावक की भी होती है. जिस प्रकार माता-पिता अपने बच्चों की पीड़ा को समझने का प्रयास करते हैं, उसी प्रकार सरकार से भी अपेक्षा की जाती है कि वह अपने नागरिकों के साथ सम्मानजनक संवाद करे, चाहे मतभेद कितने भी गहरे क्यों न हों. किसी भी लोकतंत्र की वास्तविक शक्ति विरोध को दबाने में नहीं, बल्कि उसे सुनने और संवेदनशीलता से उसका उत्तर देने में निहित है.
सोनम वांगचुक के अनशन ने एक बार फिर ये प्रश्न उठाया है कि लोकतांत्रिक असहमति के प्रति राज्य का उत्तर टकराव नहीं, बल्कि विश्वास, संवाद और मानवीय संवेदना होना चाहिए
Sonam Wangchuk | #SonamWangchuk | #IndiaNews | CJP
सोनम वांगचुक के
अनशन का 18वां दिन
Sonam Wangchuk के अनशन का ये 18वां दिन है. आज, यानी 15 जुलाई को भी वांगुचक जंतर-मंतर पर डटे हुए हैं. उनका शरीर दिन-ब-दिन कमज़ोर पड़ता जा रहा है. मगर हौसले आज भी बुलंद हैं.
देखिए वीडियो...
क्यूँ इस उपवास में कोई खराबी है? इसलिये इस्तीफा नहीं हो रहा - और उसके बैठने paper लीक रुके इस्तीफा हो जाए तो बताओ ||
शर्म बची है या सब बेच दी अजय देवगन के चाचा amish देवगन ✅
False claim by BJP IT cell member @rishibagree. Sonam Wangchuk did not say that he would help China invade India.
Rishi Bagree who peddles disinformation on a regular basis, has shared a clipped video without context. He had made the same FALSE claim in 2025 as well.
https://t.co/n7M8NZSxio
एक तरफ जहां कांग्रेस सरकार मात्र 11 दिन के अनशन के बाद झुक गई थी,
तो वही आज दूसरी तरफ़ तानाशाह सरकार 16 दिन के भूख हड़ताल के बाद भी संज्ञान नहीं ले रही है,
क्या यही लोकतंत्र है??
क्या ये लोग संविधान को मानते है??
Sonam Sir @Wangchuk66 your fast has united this country’s youth in their war for justice. Your goal is reached. Govt doesn’t care about your life or that of crores of youth. But your life matters to us. Pls call off fast & continue the fight.
भ्रष्ट, अन्यायी, पक्षपाती, बेईमान - ये चार शब्द मेरे नहीं, ये देश के छात्र आज भारत की शिक्षा व्यवस्था के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं।
और सच यही है - भारत की शिक्षा व्यवस्था अब एक बेईमान वसूली तंत्र बन चुकी है।
जो व्यवस्था बच्चों के भविष्य को तैयार करने के लिए बनी थी, वो आज उन्हें और उनके परिवार को कर्ज़, तनाव और निराशा में धकेल रही है।
इसी भ्रष्टाचार ने पेपर लीक माफ़िया को जन्म दिया - जो तैयारी कर रहे लाखों छात्रों की सालों की मेहनत एक झटके में लूट लेता है।
यहां दोषी vendors और अधिकारियों को मिलती है tender और तरक्की। और सजा किसे मिलती है? छात्रों को, जिन्हें टूटे सपनों के साथ अकेले छोड़ दिया जाता है।
मोदी सरकार और शिक्षा मंत्री यह सब देख रहे हैं। पर उन्होंने चुप्पी चुनी है - जवाबदेही से मुँह मोड़ लिया है। और मीडिया में? बस एक लंबा सन्नाटा।
अब बहुत हुआ - अब वक़्त है शिक्षा में Revolution का।
17 जुलाई, देहरादून - मेरे साथ आइए, ‘छात्रों की गूँज’ को और बुलंद करें।
यहां जुड़ें: https://t.co/g6mbw7X5XC
#ChhatronKiGoonj