CJP GETS A FREE RIDE. PM'S MESSAGE DOESN'T? META-STIZED CENSORSHIP? BUT AT WHOSE INSTIGATION?
Many on social media are sharing this screenshot of Facebook allegedly restricting PM Modi's critical selfie video assuring protesters. If true, it raises serious questions about interference in India's internal affairs. But perhaps it was only a matter of time.
Meta's platforms, Facebook, Instagram and WhatsApp, earn enormously from content created by Indian media, businesses and hundreds of millions of users through advertising revenue from the Indian market. They exercise enormous power over what people see, what gets amplified, what gets buried and, most importantly, over the advertising revenue that flows from this vast ecosystem.
That concentration of power is deeply disturbing. It also raises the concern that India may have entered a phase where its democratic discourse is vulnerable to manipulation, censorship by entities that operate beyond the country's democratic accountability.
That is precisely why it is unwise to take any self-proclaimed "prophet of change", including CJP, at face value. There is already speculation and evidence that increasingly protests in "public interest" are SPONSORED and that some "PROTESTORS" are, in effect, "HUMAN BOT ARMIES" serving deeply entrenched anti-India vested interests. While further evidence is needed so is greater transparency. Even as the risk of upsetting Trump and his sarkar MODI GOVERNMENT NEEDS TO IMPOSE TOUGH REDLINES ON MEGA FOREIGN PLATFORMS LIKE FB, YT, X, before it is too late.
🚨🆘️ MISSING - URGENT HELP NEEDED..... Please share widely.
Satyam Mishra, son of Shri Avdhesh Mishra, has been missing since the night of 21 July 2026.
He was last seen around 10:00 PM near Kala Pathar Road, Gaur Avenue, Noida Sector 12.
A formal complaint has already been lodged at Indira Puram police station and with the concerned authorities, yet the family continues to wait for meaningful action.
Every hour that passes deepens their fear and helplessness.
If you have seen Satyam, if you have any information no matter how small please come forward.
A family is desperately searching for their son.
Contact immediately:
9354819961
7011453138
@Uppolice@ghaziabadpolice@noidapolice
Please help bring Satyam home.
सीतापुर पुलिस प्रशासन से विनम्र अनुरोध।
यदि सोशल मीडिया पर प्रसारित जानकारी सही है कि ग्राम पर्सिया, थाना थानगांव, जनपद सीतापुर के निवासी बताए जा रहे कुलजीत यादव एवं जनरैल यादव के नाम से भारत के माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की एक आपत्तिजनक एवं एडिटेड तस्वीर साझा की गई है, तो कृपया इस मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को सरकार की नीतियों की आलोचना और असहमति व्यक्त करने का अधिकार है, किंतु किसी भी संवैधानिक पद की गरिमा को ठेस पहुँचाने वाली भ्रामक या अपमानजनक सामग्री लोकतांत्रिक मर्यादाओं के अनुरूप नहीं है।
यदि जांच में किसी प्रकार का कानून का उल्लंघन पाया जाता है, तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध विधि के अनुसार उचित कानूनी कार्रवाई की जाए।
@Uppolice@sitapurpolice
भूले तो नहीं हैं.. दुर्गा शक्ति नागपाल को..?
बात ज्यादा पुरानी नही सन् 2013 की है..
“आजम खान” के नेतृत्व में samajwadiparty की अखिलेश यादव की सरकार ने पूरे उत्तर प्रदेश को शर्मसार कर दिया था।
दुर्गा शक्ति नागपाल (IAS) गौतमबुद्ध नगर जिले में उस समय के समाजवादी खनन माफियाओं के खिलाफ अभियान छेड़ने की गलती कर बैठीं।
अखिलेश यादव ने बेचारी को सस्पैंड कर दिया था क्योंकि सपा के भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ रही थीं।
यूपी तो छोड़ो, सारे देश में बवाल मचा था।
IAS ऐसोसियेशन, IPS ऐसोसियेशन, चीफ सेक्रेटरी, हाईकोर्ट, सुप्रीमकोर्ट, और खुद तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने हस्तक्षेप किया।
मगर अखिलेश यादव ने उस महिला IAS अधिकारी का सस्पेंशन Revoke करने बजाय, उसे चार्जशीट दे दी।
इस पूरे प्रकरण मे गौर करने वाली बात ये थी कि ग्रेटर नोएडा के डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट रविकांत ने खुद मामले की जाँच करके रिपोर्ट दाखिल की थी जिसमें उन्होने बाकायदा लिखा था कि दुर्गा शक्ति नागपाल द्वारा म.....स्जिद की दीवार गिराना तो दूर की बात है, वहाँ कोई दीवार बनी ही नही थी।
वहाँ केवल कथित म......स्जिद बनाने के लिए नींव खोदी जा रही थी, चुंकि वो जगह सरकारी थी, और सुप्रीमकोर्ट के आदेशानुसार किसी भी सरकारी जमीन पर कब्जा करना और उस पर धर्म स्थल बनाना अवैध है।
इसीलिए दुर्गा शक्ति नागपाल पर दीवार गिराने का आरोप लगाना ही गलत है।
दुर्गा शक्ति नागपाल ने केवल सरकारी जमीन पर धर्म स्थल बनाने का प्रयास कर रहे लोगों को मात्र चेतावनी दी थी।
एक नमाजवादी मुख्यमंत्री की जिद और खुले तुष्टीकरण के चलते, IAS एसोसिएशन, पूरी ब्यूरोक्रेट लाॅबी, सुप्रीम कोर्ट, हाईकोर्ट और प्रधानमंत्री तक पानी भरते नजर आये।
प्रधानमंत्री तक की नहीं चलती थी, क्योंकि इसी मुलायम ने जनवरी 2013 में अल्पमत में आई UPA सरकार को गिरने से बचाया था।
अगर सपा दोबारा कभी सत्ता में आयी तो हिन्दू फिर से कई दशक पीछे चला जायेगा...
@jpsin1 प्रधानमंत्री का पद देश का सर्वोच्च कार्यकारी पद है, वहाँ जो भी आसीन है चाहे वो मोदी हो या गांधी व्यक्तिगत रूप से अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किसी भी समाज या क़ानून में स्वीकार्य नहीं हो सकता। इस पर कठोर क़ानूनी कार्यवाही तुरंत होनी चाहिए।
मैं इस लड़की को जब हिंदू धर्म को गाली देते हिंदू देवी देवताओं को गाली देते मोदी जी को गंदी-गंदी गाली देते जंतर मंतर पर मोदी जी की 13वीं का समोसा बांटते देखा तो पहले मुझे लग रहा था कि यह लड़की नीले या हरे टोले वाली होगी
लेकिन बाद में मुझे पता चला कि इसका नाम निशू तिवारी है और यह ब्राह्मण है तो सच में मुझे एक कल्चरल शॉक लगा की एक ब्राह्मण घर में पैदा होकर भी इसके मां-बाप ने इसे क्या घटिया संस्कार दिए हैं
BIG BREAKING: Families of Four Injured Police Personnel Move Supreme Court
They have sought accountability against those responsible for the violence against police personnel during the July 20 march.
तो आप क्या चाहते हैं? क्या पत्थर फेंकने वाले युवा विद्यार्थी हैं या असामाजिक तत्व? क्या पुलिस को उनका स्वागत फूलों और मिठाइयों से करना चाहिए था? पुलिस पर हमले का जवाब पुलिस अगर गोलियों से AK 47 से करे तो क्या वो गैरकानूनी है?
जो समस्या भारत में है वह चीन जापान सिंगापुर में क्यों नहीं है?
जो समस्या भारत में है वह अमेरिका रूस ऑस्ट्रेलिया में क्यों नहीं है?
जो समस्या भारत में है वह अरब दुबई कुवैत बहरीन में क्यों नहीं है?
हमारे यहाँ न शिक्षा में संस्कार है और न कानून का खौफ है
@narendramodi@AmitShah