@khuchrep वास्तविकता यही है कि इस सरकार में भ्रष्टाचार 100 गुना बढ़ा है। जो काम पहले 50 में हो जाता था, वो अब 5000/- में हो रहा है, वो भी जबरई से।
किसी अधिकारी, कर्मचारी पर कोई कार्यवाही नहीं हो रही। खुली दादागिरी चल रही है।
अब तो आयोग ने RTI भी दंतहीन कर दी है।
https://t.co/YjUpEQ7M6P
12 सालों में अगर भ्रष्टाचार नहीं खत्म कर पाए तो क्या कर पाए तुम -
1- थानों में भ्रष्टाचार चरम पर है
2- लेखपाल, डीएम, SP, साइबर क्राइम थाना, सब भ्रष्ट हैं
3- तहसील, कचहरी, कृषि भवन, में भ्रष्टाचार भरा पड़ा है
4- प्रधान, बीडीसी, जिलापंचायत सदस्य, जिला पंचायत अध्यक्ष, विधायक, सांसद, मंत्री , मुख्यमंत्री सब भ्रष्ट हैं।
5- भगवान के मंदिर में आपके नाक के नीचे से चोरी हो गई, ये कैसी चौकीदारी है?
@amitkilhor@IndianExpress यही कारण है कि हम जैसे EWS को लाभ नहीं मिल रहा।
EWS बनवाने जाओ तो फॉर्म जमा करने, लेखपाल की जॉच, और प्रमाण पत्र लेने - सब जगह रिश्वत लगती है।
इसलिए असली EWS तो अपना सर्टिफिकेट बनवा ही नहीं पा रहे।
वास्तविकता तो यही है।
*संस्कृत भाषा का अद्भुत चमत्कार* ,
क्या आप जानते है विश्व की सबसे ज्यादा सम्रद्ध भाषा कौनसी है.....
अंग्रेजी में ' *THE QUICK* *BROWN FOX JUMPS* *OVER A LAZY DOG* ' एक प्रसिद्ध वाक्य है। जिसमें अंग्रेजी वर्णमाला के सभी अक्षर समाहित कर लिए गए, मज़ेदार बात यह है की अंग्रेज़ी वर्णमाला में कुल 26 अक्षर ही उप्लब्ध हैं जबकि इस वाक्य में 33 अक्षरों का प्रयोग किया गया जिसमे चार बार O और A, E, U तथा R अक्षर का प्रयोग क्रमशः 2 बार किया गया है। इसके अलावा इस वाक्य में अक्षरों का क्रम भी सही नहीं है। जहां वाक्य T से शुरु होता है वहीं G से खत्म हो रहा है।
अब ज़रा संस्कृत के इस श्लोक को पढिये।-
*क:खगीघाङ्चिच्छौजाझाञ्ज्ञोSटौठीडढण:।*
*तथोदधीन पफर्बाभीर्मयोSरिल्वाशिषां सह।।*
*अर्थात* : पक्षियों का प्रेम, शुद्ध बुद्धि का, दूसरे का बल अपहरण करने में पारंगत, शत्रु-संहारकों में अग्रणी, मन से निश्चल तथा निडर और महासागर का सर्जन करनार कौन? राजा मय! जिसको शत्रुओं के भी आशीर्वाद मिले हैं।
श्लोक को ध्यान से पढ़ने पर आप पाते हैं की संस्कृत वर्णमाला के *सभी 33 व्यंजन इस श्लोक में दिखाये दे रहे हैं वो भी क्रमानुसार*। यह खूबसूरती केवल और केवल संस्कृत जैसी समृद्ध भाषा में ही देखने को मिल सकती है!
पूरे विश्व में केवल एक संस्कृत ही ऐसी भाषा है जिसमें केवल एक अक्षर से ही पूरा वाक्य लिखा जा सकता है, किरातार्जुनीयम् काव्य संग्रह में *केवल “न” व्यंजन से अद्भुत श्लोक बनाया है* और गजब का कौशल्य प्रयोग करके भारवि नामक महाकवि ने थोडे में बहुत कहा है-
*न नोननुन्नो नुन्नोनो नाना नानानना ननु।*
*नुन्नोऽनुन्नो ननुन्नेनो नानेना नुन्ननुन्ननुत्॥*
*अर्थात* : जो मनुष्य युद्ध में अपने से दुर्बल मनुष्य के हाथों घायल हुआ है वह सच्चा मनुष्य नहीं है। ऐसे ही अपने से दुर्बल को घायल करता है वो भी मनुष्य नहीं है। घायल मनुष्य का स्वामी यदि घायल न हुआ हो तो ऐसे मनुष्य को घायल नहीं कहते और घायल मनुष्य को घायल करें वो भी मनुष्य नहीं है। वंदेसंस्कृतम्!
एक और उदहारण है।-
*दाददो दुद्द्दुद्दादि दादादो दुददीददोः*
*दुद्दादं दददे दुद्दे ददादददोऽददः*
*अर्थात* : दान देने वाले, खलों को उपताप देने वाले, शुद्धि देने वाले, दुष्ट्मर्दक भुजाओं वाले, दानी तथा अदानी दोनों को दान देने वाले, राक्षसों का खण्डन करने वाले ने, शत्रु के विरुद्ध शस्त्र को उठाया।
है ना खूबसूरत? इतना ही नहीं, क्या किसी भाषा में *केवल 2 अक्षर* से पूरा वाक्य लिखा जा सकता है? संस्कृत भाषा के अलावा किसी और भाषा में ये करना असम्भव है। माघ कवि ने शिशुपालवधम् महाकाव्य में केवल “भ” और “र ” दो ही अक्षरों से एक श्लोक बनाया है। देखिये –
*भूरिभिर्भारिभिर्भीराभूभारैरभिरेभिरे*
*भेरीरे भिभिरभ्राभैरभीरुभिरिभैरिभा:।*
*अर्थात-* निर्भय हाथी जो की भूमि पर भार स्वरूप लगता है, अपने वजन के चलते, जिसकी आवाज नगाड़े की तरह है और जो काले बादलों सा है, वह दूसरे दुश्मन हाथी पर आक्रमण कर रहा है।
एक और उदाहरण-
*क्रोरारिकारी कोरेककारक कारिकाकर।*
*कोरकाकारकरक: करीर कर्करोऽकर्रुक॥*
*अर्थात* - क्रूर शत्रुओं को नष्ट करने वाला, भूमि का एक कर्ता, दुष्टों को यातना देने वाला, कमलमुकुलवत, रमणीय हाथ वाला, हाथियों को फेंकने वाला, रण में कर्कश, सूर्य के समान तेजस्वी [था]।
पुनः क्या किसी भाषा मे केवल *तीन अक्षर* से ही पूरा वाक्य लिखा जा सकता है? यह भी संस्कृत भाषा के अलावा किसी और भाषा में असंभव है!
उदहारण-
*देवानां नन्दनो देवो नोदनो वेदनिंदिनां*
*दिवं दुदाव नादेन दाने दानवनंदिनः।।*
*धन्य है संस्कृत ,, गर्व करें अपनी देवभाषा पर* ,,,
।
#औ_का
@RShivshankar BIG ACTION..??? REALLY..????
Transfer is a routine process, it is not any form of punishment.
So keep your BIG ACTION to yourself, do what you are supposed to be do.
Bootlicking of MOGLI Ji and PRADHAN.
https://t.co/LGr6mDuyj6
BIG ACTION BY MODI GOVERNMENT
CBSE Chairman and Secretary transferred over the CBSE evaluation failure.
Inquiry committee constituted to probe the procurement of On-Screen Marking (OSM) services by CBSE.
@MediaHarshVT तबादला क्या होता है? यह कोई दण्ड है.?
इन लोगों के लिए तबादला तो रूटीन प्रोसेस है।
अभी तक कोई अधिकारी बर्खास्त क्यों नहीं.?
अभी तक @dpradhanbjp पद पर क्यों हैं.?
बच्चों को पाकिस्तानी बताने वाले पत्तलचाटकर पद पर क्यों?
इसका जबाव कौन देगा @narendramodi
जी?
https://t.co/wvp9uAX2dJ
#CBSE चेयरमैन और सचिव का तबादला कर दिया गया है। देर से ही सही, लेकिन एक कार्रवाई तो ऊपर हुई। कुछ जवाबदेही तय होती दिखी। जांच के बाद दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, इसकी उम्मीद की जाए।
@atsshow7 ये भारत है, यहाँ एक चीज़ जो मुफ़्त में मिलती है, वो ज्ञान ही है।
खान को छोड़िए, किसी नुक्कड़ चौराहे पर खड़े हो जाईए, वहां भी लोग PM, CM, HM, FM सबको ज्ञान देते मिल जाएंगें। इसमें इतना उत्तेजित होने की जरूरत ही नहीं है।
असल मुद्दा तलवाचटकर गोदी मीडिया है।
https://t.co/OIQlGBMJ4p
फैसल खान उर्फ खान सर नेअंजना ओम कश्यप की पत्रकारिता को खारिज कर दिया उसके बाद अंजना ने यूट्यूब वाले टीचरों पर कमेंट कर दिया फिर लगभग सारे यूट्यूब वाले टीचर मैदान में आ गए। अब खान सर विदेश मंत्री एस जयशंकर को विदेश नीति का ज्ञान देने लगा है, आप सोचिए क्या ये एस जयशंकर को विदेशनीति का ज्ञान देने लायक है? खान सर युद्ध नीति पर भी ज्ञान देता रहता है। नोट पत्रकार का मजाक उड़ाओगे तो वह भी पलटवार करेगा फिर बिलबिलाना क्यों?
@ArvindKejriwal पढ़ा लिखा चाहिए,
पर तेरे जैसा पढ़ा लिखा भी नहीं चाहिए, जो ठग विद्या में महारथी हो। हवाई चप्पल दिखाकर, शीशमहल बनवा ले।
हमें वो बन्दा चाहिए, जो आत्ममुग्ध न हो, जो सिर्फ़ देश के लिए कुछ करना चाहता हो, जो नागरिक को नागरिक समझे, जो सिर्फ़ पूंजीपतियों का न हो।
https://t.co/L1DtcePIXs
@MediaHarshVT@PMOIndia@narendramodi तुम लोग बच्चों के भी नहीं हो, यहाँ भी मोगली की चाटुकारिता
कोई एक उपलब्धि बताओ @dpradhanbjp
की, जिसके कारण ये आज भी @EduMinOfIndia में है?
क्यों इसके इस्तीफ़े की बात नहीं रही? क्यों अभी तक किसी अधिकारी की बर्खास्तगी हुई?
सब एक दूसरे की पीठ खुजा रहे हैं।
https://t.co/jYHOteApyx
हमारी शिक्षा व्यवस्था गंभीर दुश्चक्र में फंस गई है। @PMOIndia@narendramodi ने जितनी संवेदनशीलता से छात्रों को परीक्षा के डर से बाहर निकाला है, लगातार हो रही इस तरह की घटनाएँ उस पर पानी फेर रही हैं। जब तक मुख्य अपराधी नहीं पकड़े जाते, यह दुश्चक्र टूटेगा नहीं। अब प्रधानमंत्री की सीधी निगरानी के बाद उम्मीद की जा सकती है कि, इसका स्थायी समाधान होगा, लेकिन शिक्षा मंत्रालय पर यह गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।
@anjanaomkashyap अगर मीडिया सच में देश के लिए फिक्रमंद होती, तो आज @dpradhanbjp अपने पद पर नहीं होते।
CBSE के निदेशक अपने पद पर नहीं होते।
ये लोग पद पर बने हुए हैं, यही साबित करता है कि मीडिया बिकी हुई है।
केवल NEET से ध्यान भटकाने के लिए ये विवाद खड़ा किया गया है।
https://t.co/40k4K6JYp8
मासूम बच्चे और उनके माता-पिता की गाढ़ी मेहनत की कमाई का पैसा लूटने वाले कुछ कोचिंग सेंटर के सेलिब्रिटी टीचर्स आज भाड़े के वीडियो बना बनाकर ज्ञान दे रहे हैं। सार्वजनिक रूप से महिलाओं को गाली देने वाले, उनकी नक़ल उतारने वाले ये छिछले यूट्यूबर बच्चों की कड़ी मेहनत पर अपनी दुकान सजाते हैं। असल हीरो बच्चे हैं, ये माँ बाप की मेहनत की कमाई के लुटेरे कितना भी कूदें, देशभर के बच्चों को live जोड़कर हमने पेपर लीक के पिड़ित बच्चों को आवाज़ दी तो इनके स्टारडम को बड़ा धक्का लगा है! शिक्षा को धंधा बनाने वालों को दर्द हो तो अच्छा है।वैसे कोचिंग माफिया के खिलाफ मेरा विडियो वायरल करने के लिए धन्यवाद! मेरे शो पर सभी panelist ने बोला कि कोचिंग माफिया पर नकेल कसी जाए।
@anjanaomkashyap कभी @narendramodi@AmitShah@dpradhanbjp से पूछने की हिम्मत है कि क्यों परीक्षाओं के प्रश्न पूर्व निर्धारित सिलेबस से नहीं बनते?
यदि किताबों से प्रश्न पत्र बनने लगे, तो ये कोचिंग माफ़िया स्वतः समाप्त हो जाएगा।
इस कोचिंग माफ़िया को सरकार ही बढ़ावा देती है
https://t.co/40k4K6JYp8
मासूम बच्चे और उनके माता-पिता की गाढ़ी मेहनत की कमाई का पैसा लूटने वाले कुछ कोचिंग सेंटर के सेलिब्रिटी टीचर्स आज भाड़े के वीडियो बना बनाकर ज्ञान दे रहे हैं। सार्वजनिक रूप से महिलाओं को गाली देने वाले, उनकी नक़ल उतारने वाले ये छिछले यूट्यूबर बच्चों की कड़ी मेहनत पर अपनी दुकान सजाते हैं। असल हीरो बच्चे हैं, ये माँ बाप की मेहनत की कमाई के लुटेरे कितना भी कूदें, देशभर के बच्चों को live जोड़कर हमने पेपर लीक के पिड़ित बच्चों को आवाज़ दी तो इनके स्टारडम को बड़ा धक्का लगा है! शिक्षा को धंधा बनाने वालों को दर्द हो तो अच्छा है।वैसे कोचिंग माफिया के खिलाफ मेरा विडियो वायरल करने के लिए धन्यवाद! मेरे शो पर सभी panelist ने बोला कि कोचिंग माफिया पर नकेल कसी जाए।
@ajeetbharti@dpradhanbjp मुझे तो अब लगने लगा है कि इस प्रधान पर ज़रूर बड़े वाले प्रधान के किन्ही गुप्त कांडों की CD आदि है,
तभी इससे पूरे सिस्टम पर हगवाया जा रहा है, और ये बन्दा अब तक पद पर बना हुआ है।
बेशर्मी इतनी कि बन्दा रील बनाकर #NEP2020 पर चर्चा का ढोंग कर रहा है।
https://t.co/96LMB3w61A
यह एक धन्यवाद+appreciation ट्वीट है @haryannvi अरिहंत भाई के लिए कि उन्होंने एक बार पुनः @MisraNityanand जी को @VaadClips पर बुलाकर एक बेहद ज्ञानवर्द्धक पॉडकास्ट एपिसोड दिया।
सभी फॉलोअर्स/मित्रों से अनुरोध करूँगा कि VAAD यूट्यूब चैनल पर जाकर तुरंत ep318 सुनें/देखें।
कुछ 'लेज़र लाइट' नेताओं-मंत्रियों और एक मॉर्डन डे 'ओशो' के मूर्खतापूर्ण वक्तव्यों पर प्रश्न उठाना तो आवश्यक था ही, साथ ही एक कॉमन 'उपनाम' वाले दो स्वघोषित रिसर्चर्स जिन्हें नित्यानंद जी ने एक्सपोज किया है, यह भी किया जाना अतिआवश्यक था।
मैं तो कहूँगा कि अधिक सोशल मीडिया रीच वाले अन्य बुद्धिजीवियों को भी आगे आकर ऐसे छद्म शोधकर्ताओं/लेखकों को एक्सपोज करना चाहिए।
यदि खुद को राष्ट्रवादी-हिंदूवादी कहने वाले लोग यह नहीं करते हैं तो यदि जब भविष्य में वामपंथी यह करने लगें तो कृपया विलाप न करें और न ही खिसियानी बिल्ली बनकर खम्बा नोचते हुए 'देशद्रोही', 'सोरोस एजेंट' जैसे टर्म्स फेंकें।
Evolution पर चलने वाली कई भ्रांतियों को भी नित्यानंद जी ने बहुत तार्किक रूप से एक्सपोज किया है। यह भी बेहद महत्वपूर्ण था।
@MisraNityanand जी को केवल एक चीज़ रिकमेंड करनी चाहूँगा। उन्होंने एक जगह उदाहरण देते हुए होमी भाभा और विक्रम साराभाई पर चलचित्र बनाने की बात की है। उन्हें सोनी लिव की वेब सीरीज़ 'Rocket Boys' के बारे में अवगत कराना चाहूँगा जो हमारे इन्हीं दोनों महान वैज्ञानिकों के विषय में हैं।
बेहद उत्कृष्ट रचना है, नित्यानंद जी और बाकी लोग भी अवश्य देखें पर उससे पहले यूट्यूब पर जाकर यह पॉडकास्ट देखना न भूलें।
@dpradhanbjp एक लाइन और लिखो:
सम्पूर्ण विश्व में भारत की शिक्षा व्यवस्था को गर्त में पहुंचकर @dpradhanbjp ने देश का नाम मिट्टी में मिला दिया।
NEET पेपर लीक, CBSE Marking विवाद, Candidates Suicides — लेकिन फिर भी पूरी चुप्पी।
छात्रों का भविष्य की जवाबदेही कौन लेगा?
https://t.co/Y4GFMr1Mus
The entire nation takes pride in the remarkable achievement of Padma Shri awardee Dr. Mahendra Kumar Mishra ji from Odisha. Through his lifelong contribution to literature, education and preservation of tribal folklore, he has strengthened India’s rich cultural and indigenous knowledge traditions.
A native of Sinapali in Nuapada district, Dr. Mishra has dedicated his life to tribal education and the conservation of folk heritage. His recognition with Padma Shri 2026 is a matter of immense pride for Odisha and the nation.
Heartiest congratulations and best wishes to him for his inspiring journey of service and cultural preservation.
@rashtrapatibhvn #PeoplesPadma
@AwanishSharan#UPSC को नोटिफिकेशन में ही लिख देना चाहिए कि आम अभ्यर्थी इस परीक्षा के सपने न देखें।
यह परीक्षा केवल इलीट क्लास के बच्चों के लिए है। ग़रीब तो इस परीक्षा से कोसों दूर रहें।
इतना लिख देने से - कम से कम युवा अपना जीवन तो बर्बाद नहीं करेंगें।
https://t.co/9OZQm63wXo
UPSC पेपर के बाद एक बात पूरी तरह स्पष्ट हो गई है कि
सिर्फ कोचिंग नोट्स पढ़कर इस परीक्षा को निकालना लगभग असंभव है.
UPSC अब तथ्यों की जानकारी नहीं, बल्कि समझ, विश्लेषण क्षमता, interlinking और balanced thinking को परख रही है.
इसलिए तैयारी का फोकस होना चाहिए:
• NCERT (6-12) से मजबूत बेसिक समझ
• PIB Daily, सरकारी Notifications/Circulars
• योजना और कुरुक्षेत्र जैसे मैगज़ीन
• The Hindu / Indian Express के Editorials
• Budget और Economic Survey की गहरी समझ
• India Year Book जैसे authentic sources
पेपर साफ संकेत दे रहा है कि UPSC “information overload” नहीं, बल्कि “clarity of concepts + application of knowledge” देख रही है.
जो अभ्यर्थी केवल ready-made notes पर निर्भर रहेंगे,
उन्हें unpredictable और analytical questions में कठिनाई होगी.
इसलिए sources कम रखिए, लेकिन उन्हें गहराई से पढ़िए और समझ विकसित कीजिए.
एक महत्वपूर्ण बात और: प्रश्न पत्र कठिन और आसान होना रिजल्ट को ज़्यादा प्रभावित नहीं करता. आसान सवाल होंगे तो कटऑफ ऊपर जाएगा. इस बार प्रश्नपत्र मुश्किल थे, कटऑफ काफ़ी कम जाएगा.
मुख्य परीक्षा की तैयारी प्रारंभ कीजिए. शुभकामनाएँ.
@ajeetbharti@dpradhanbjp मुझे तो अब लगने लगा है कि इस प्रधान पर ज़रूर बड़े वाले प्रधान के किन्ही गुप्त कांडों की CD आदि है,
तभी इससे पूरे सिस्टम पर हगवाया जा रहा है, और ये बन्दा अब तक पद पर बना हुआ है।
बेशर्मी इतनी कि बन्दा रील बनाकर #NEP2020 पर चर्चा का ढोंग कर रहा है।
https://t.co/96LMB3w61A
Had an engaging exchange of ideas with Hon’ble Chief Minister of Meghalaya, @SangmaConrad, on the evolving education landscape of the state.
We discussed the implementation of #NEP2020 and Meghalaya’s efforts towards integrating skills with formal education while promoting sports, physical education, horticulture and local livelihood opportunities within the learning ecosystem. The state’s emphasis on improving learning outcomes and strengthening learning in mother tongues, including Khasi and Garo, reflects a holistic and culturally rooted approach to education.
A greater focus on multidimensional development through the blend of knowledge and skills, along with emerging areas such as Artificial Intelligence and computational thinking, can further expand opportunities for the youth and align education with their aspirations. Such future-ready and inclusive initiatives can become a strong pillar in building a skilled, confident and empowered generation for #ViksitBharat2047.
@dpradhanbjp ढपोरशंख,
कभी पढ़ी है #NEP2020 ? क्या होती है कुछ पता है ?
CBSE की वेबसाइट तक नहीं चला पा रहे, चले हैं देश की शिक्षा चलाने।
इस बन्दे पर ज़रूर किसी के गुप्त कांडों की CD है, तभी यह निकम्मा अब तक पद पर बना हुआ है।
https://t.co/rFizAqZoUG
Had a constructive discussion with Dr. Silpi Sahoo ji, Chairperson of SAI International Education Group, on the implementation of #NEP2020. We spoke about the need to strengthen foundational learning, make education more skill-oriented, encourage Indian languages and ensure greater social participation in the education system while also addressing issues related to nutrition and fee transparency.
Also, discussed the significance of enabling an education ecosystem rooted in Indian values while preparing students for emerging global opportunities.
@silpi_dr
@CseWhy आखिर गरीबों से क्या दुश्मनी है आपकी #UPSC ?
क्या इस प्रश्न-पत्र को देखने के बाद, कोई गरीब घर का बच्चा इस परीक्षा में बैठने की भी सोचेगा ?
क्योँ इस परीक्षा को केवल ईलीट की परीक्षा बनाया जा रहा है ?
इस प्रश्नपत्र को शिक्षा मंत्री @dpradhanbjp या upsc के चेयरमैन हाल करके दिखा दे।