वोट चोरी का सवाल है,
गद्दी की चिंता क्यों? 🇮🇳
बैरिकेड चाहे जितने लगा दो,
जनता के सवालों को रोका नहीं जा सकता।
वोट बचेगा, तभी लोकतंत्र बचेगा।
#VoteChori#RahulGandhi#Democracy#SIR
बैरिकेट ऊँचे थे… तिरंगा उससे भी ऊँचा। 🇮🇳
जब सवाल लोकतंत्र और वोट के अधिकार का हो,
तो आवाज़ को बैरिकेड्स नहीं रोक सकते।
लोकतंत्र में सवाल पूछना अपराध नहीं है।
#RahulGandhi#Tricolour#Democracy#SIR
@GauravPandhi@RahulGandhi अगर सवालों से डर नहीं है, तो संसद से निर्वाचन सदन तक रास्ते में इतने बैरिकेड क्यों?
जनप्रतिनिधियों को रोकने के बजाय EC को उठ रहे गंभीर सवालों का जवाब देना चाहिए।
लोकतंत्र में सवाल पूछना अपराध नहीं है।
@srinivasiyc हक़ मांगने पर छात्रों को पुलिस से जवाब—क्या यही न्याय है?
बुनियादी सुविधाएँ और स्कॉलरशिप मांगना अपराध नहीं है।
सरकार आवाज़ दबाने के बजाय छात्रों की बात सुने।
आख़िर भारत में चल क्या रहा है?
कहीं सत्ता का अहंकार दिखता है, कहीं व्यवस्था आम आदमी को जवाब देती नजर नहीं आती। कहीं नेताओं की निष्ठाएँ बदलती दिखती हैं, तो कहीं कानून के इस्तेमाल को लेकर गंभीर सवाल उठते हैं।
आम नागरिक भारी टैक्स देता है—लेकिन बदले में उसे अपनी रोज़मर्रा की समस्याओं का समाधान कब मिलेगा?
हर बड़ी बात का जवाब 2047 के विकसित भारत से दिया जाता है।
लेकिन सवाल यह है—
2047 की तैयारी अपनी जगह, आज के भारत की चिंता कौन करेगा?
आम आदमी को भविष्य का सपना ही नहीं, वर्तमान में सम्मान, जवाबदेही और बेहतर सुविधाएँ भी चाहिए।
@RahulGandhi@priyankagandhi@INCIndia@srinivasiyc
आज की नौकरी कल पर मत टालिए!
आज जिस युवा के पास नौकरी नहीं है, उसे 2047 में “विकसित भारत” का सपना दिखाने से पहले बताइए—
वह तब कितने साल का होगा और आज उसके लिए क्या किया जा रहा है?
2047 की बात अच्छी है, लेकिन युवा का भविष्य आज बनता है, 21 साल बाद नहीं। @RahulGandhi@srinivasiyc
@srinivasiyc आज की नौकरी कल पर मत टालिए!
आज जिस युवा के पास नौकरी नहीं है, उसे 2047 में “विकसित भारत” का सपना दिखाने से पहले बताइए—
वह तब कितने साल का होगा और आज उसके लिए क्या किया जा रहा है?
2047 की बात अच्छी है, लेकिन युवा का भविष्य आज बनता है, 21 साल बाद नहीं।
ये सिर्फ़ बॉडी लैंग्वेज नहीं, जवाबदेही की मांग है। 🔥
“FIR दर्ज नहीं करेंगे तो 30 दिन क्या, छह महीने भी थाने के बाहर बैठूंगा।”
सवाल से बचने के बजाय जवाब देना होगा।
डटे रहना ही असली बॉडी लैंग्वेज है। 🗿🔥
Breaking:
यह तो बहुत हिम्मत की बात है 🔥🔥
"अगर आप FIR दर्ज नहीं करेंगे तो मैं 30 दिन या छह महीने तक भी पुलिस स्टेशन के बाहर धरने पर बैठूंगा"
राहुल गांधी BJP सरकार को घुटनों पर लाने पर तुले हुए हैं
कोई बॉडी लैंग्वेज एक्सपर्ट है? 🗿
डर के सहारे आवाज़ें दबाई जा सकती हैं, सवाल नहीं।
जब युवाओं को लगे कि उनकी बात सुनी नहीं जा रही, तो सड़कों पर उतरना लोकतंत्र में असहमति जताने का तरीका बन जाता है।
जुल्म बढ़ेगा तो आवाज़ भी बुलंद होगी।
सवालों से घबराहट क्यों? जवाब दीजिए, हमला नहीं।
सत्ता से जवाब माँगना विपक्ष की जिम्मेदारी है। राहुल गांधी और कांग्रेस पर राजनीतिक आलोचना हो सकती है, लेकिन जवाब मुद्दों और तथ्यों पर होना चाहिए—व्यक्तिगत हमलों और तंज़ से नहीं।
लोकतंत्र में असहमति को दबाया नहीं, सुना जाना चाहिए।
If the EC’s own Commissioners recorded that the online Form 6 change was “unauthorised” and “illegal,” the public deserves answers.
Who authorised the change in ECINET?
Who instructed TCS to implement it?
Who at TCS approved the implementation?
And were any objections or pressure recorded?
This is not about politics. It is about accountability and transparency in the voter-registration system.
The online Form 6 was changed illegally - as the EC's own Commissioners have recorded.
Who at the ECI ordered Tata Consultancy Services to make that change?
Who at TCS signed off on it? And were they pressured into doing it?
शाहरुख़ खान को पसंद करने की एक वजह उनकी फ़िल्में नहीं, उनका सफ़र भी है।
एक लड़का दिल्ली से आया, सपने बड़े थे, रास्ता आसान नहीं था…
और आज भी वही बात याद दिलाता है—
“बड़े सपने देखने की कोई उम्र नहीं होती।” ❤️
#ShahRukhKhan#SRK#KingKhan
“ये सिर्फ़ उपचुनाव हैं” — लेकिन जिन मतदाताओं को दूसरी बार वोट देने का मौका नहीं मिल सकता, उनके लिए यह सिर्फ़ उपचुनाव नहीं, उनके लोकतांत्रिक अधिकार का सवाल है।
अब 5 अक्टूबर की सुनवाई पर सबकी नज़र है।
#BREAKING Supreme Court declines to advance the hearing in the West Bengal SIR matter concerning over 18,000 appeals stated to be pending before the appellate authorities, despite a request for listing before the October 6 bypolls in Reginagar and Nandigram
CJI Surya Kant remarks, “These are only by-elections, that’s all,” after counsel submitted that affected voters risked missing out on voting for a second time.
The matter will remain listed on October 5.