माननीय मुख्यमंत्री @HemantSorenJMM
पदस्थापन के लिए 08 महीने से रांची जिला शिक्षा पदाधिकारी का चक्कर सहायक शिक्षक काट रहे है जबकि झारखंड हाईकोर्ट से अवमानना के बाद निर्देश है साथ ही माध्यमिक शिक्षा निदेशालय झारखंड से परामर्श प्राप्त है।
@JharkhandCMO@JMMKalpanaSoren@DC_Ranchi
दुनिया ने देखा कि अमेरिका और इसराइल के अहंकारी सनकी डोनाल्ड ट्रम्प और बेंजामिन नेतन्याहू को किस तरह घुटने टेकने पर #ईरान ने मजबूर किया।
सबक: किसी पर इतना जुल्म और ज्यादती ना करों
कि वो जब उठे तो तुम्हे घुटने टेकने को मजबूर कर दे।
नारा ए हैदरी- या अली।
हिन्दुस्तान जिंदाबाद।
Violation of Constitution by BJP Must not be allowed
Location: Giddhour, Chatra, Jharkhand
During the Ram Navami procession, an anti-Muslim conspiracy & "love jihad" presentation was staged, showing a person in Muslim attire,murdering a woman, cutting her body
माननीय मुख्यमंत्री..
@HemantSorenJMM जी।
इ अमानवीय और शर्मनाक कार्रवाई है।
धनबाद के भिखराजपुर में हुई घटना की सम्पूर्ण जांच और स्थानीय पुलिस के भूमिका की उच्चस्तरीय जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई करने की कृपा करें।
@JharkhandCMO@IrfanAnsariMLA
इस युद्ध को इस एंगल से भी देख���ा चाहिए 👇👇👇👇
सऊदी प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान बहुत ही कमाल का खिलाड़ी है, ये बात तो माननी पड़ेगी। सऊदिया ने ताइफ़ शहर में अमेरिका को एक अड्डा दिया है, जहां से अमेरिका ईरान पर हमले करेगा।
अब ज़रा ये समझें कि सऊदिया ने ताइफ़ में ही अमेरिका को अड्डा क्यों दिया। ताइफ़ से मक्का शहर के बीच तक़रीबन 95 किलोमीटर का फ़ासला है। आप अगर ताइफ़ से गाड़ी में सफ़र करें तो मुश्किल से एक घंटा लगेगा और आप मक्का पहुंच जाएंगे।
ताइफ़ अड्डे से अमेरिका ईरान में बमबारी करेगा, और जवाब में ईरान उसी अड्डे पर मिसाइल मारेगा। चूंकि ये अड्डा मक्का शहर से 95 किलोमीटर ही दूर है, तो ईरानी मिसाइल अगर इंटरसेप्ट हुआ तो मक्का शहर में गिरेगा या मक्का शहर के आस-पास कहीं जाकर गिरेगा। जब ऐसा होगा तो सऊदिया चिल्लाना शुरू हो जाएगा कि ईरान ने तो मक्का में मिसाइल मार दिया है।
फिर वही शिया-सुन्नी वाली जंग शुरू हो जाएगी और इस सब में पाकिस्तान भी ईरान पर हमला कर देगा, और वजह ये दी जाएगी कि ईरान ने मक्का में मिसाइल मारा है।
बात को समझें, सऊदिया इस वक्त यहूदियों के शाना-ब-शाना खड़ा है और ये हर मुमकिन कोशिश में हैं कि किसी तरह इस जंग का रुख इस तरफ मोड़ दिया जाए कि शिया दरअसल मुसलमानों के मुक़द्दस शहरों को निशाना बना रहे हैं।
ऐसा ही एक मंसूबा मस्जिद अल-अक़्सा का भी है। उधर इस्राइल खुद मिसाइल मारेगा या ईरान का मिसाइल इस एंगल से इंटरसेप्ट करेगा कि मिसाइल मस्जिद अल-अक़्सा पर जा लगे और बाकी मुसलमान मुल्कों को ईरान के खिलाफ जंग में कूदने का मौका मिल सके।
उच्च शिक्षा एवं नगर विकास मंत्री
श्री @kumarsudivya जी से,
जब भी मिला समस्याओं का आ��ेदन दिया,
उन्होंने भी कई मसले को हल कराया।
ईद का गिफ्ट तो बनता है।
@JharkhandCMO
@JmmJharkhand