प्रभु राम के मंदिर में करोड़ों का घोटाला करने के बाद अब खबर आ रही है कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य चंपत राय ने इस्तीफ़ा दे दिया है. मतलब वह झोला उठा के निकल लिए हैं
लेकिन चपत लगाने के बाद वह इतनी आसानी से निकल नहीं सकते, उनके खिलाफ कड़ी कार्यवाही होनी चाहिए
क्योंकि उनका इस्तीफा इस बात का सबूत है कि राम मंदिर में चढ़ावे की भयंकर चोरी हुई है और चंपत राय सिर्फ इस्तीफा देकर बचने में लगे हैं.
पहले दिन से पूरा तंत्र चंपत राय और चोरों के गुट को बचाने में लगा रहा.
SIT की जांच भी लीपा पोती करने के लिए ही कराई गई, ताकि चोरों को समय मिल जाए और माल ठिकाने लगा दिया जाए.
बहुत से लोग बता रहे हैं कि उन्होंने मंदिर में चढ़ाने के लिए सोना चांदी चंपत राय को दिया, लेकिन आज तक उसकी कोई रसीद उन्हें नहीं मिली. ये बताता है कि इस चोरी का कितना बड़ा लेवल है.
करोड़ों हिंदुओं की आस्था उनके चढ़ावे में घोटाला महापाप है. जिसकी सजा सिर्फ इस्तीफा नहीं हो सकता है. इस पूरे प्रकरण की अच्छे से जांच होनी चाहिए. चंपत राय पर भी FIR होनी चाहिए.
यह पूरा ट्रस्ट भी भंग किया जाना चाहिए - क्योंकि चोरी तो हुई है
इसके अलावा राम मंदिर में शिलान्यास से लेकर उद्घाटन, प्राण प्रतिष्ठा और ध्वजारोहण करने वाले नरेंद्र मोदी चुप नहीं रह सकते
इस महापाप, इस चंदा चोरी पर आपको बोलना ही पड़ेगा
प्यादों के पीछे छुपने से काम नहीं चलेगा
• सूबेदार मेजर पवन कुमार
• राइफलमैन सुनील कुमार
• लांस नायक दिनेश कुमार
• एविएशन टेक्नीशियन मुरलीनायक
• हवलदार सुनील कुमार सिंह
• सार्जेंट सुरेंद्र कुमार
वह जांबाज़ जिन्होंने देश के लिए Operation सिंदूर के दौरान अपने प्राणों का बलिदान दिया
और जिनकी शहादत के बारे में मोदी सरकार ने सफेद सपाट झूठ बोल कर उनका अपमान किया
सामाजिक न्याय और करोड़ों देशवासियों के अधिकारों की लड़ाई को निडरता व मुखरता से लड़ने वाले लोकसभा में नेता विपक्ष @RahulGandhi जी को जन्मदिन की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
देश के प्रति आपका सेवा भाव यूं ही बना रहे इस कामना के साथ मैं ईश्वर से आपके अच्छे स्वास्थ्य, दीर्घायु व यशस्वी जीवन की प्रार्थना करता हूँ।
राहुल गांधी इस देश के नेता विपक्ष होकर सरकार का सामना कैसे कर रहे हैं - कैसे लोगों की बात रख रहे हैं - कैसे उनके मुद्दों को उठा रहे हैं - इसके लिए उन्हें किसी का सर्टिफिकेट नहीं चाहिए
क्योंकि प्रत्यक्षम किम प्रमाणम!
लेकिन राहुल गांधी को भला बुरा कहना - उनके ऊपर तीखी टिप्पणी करना जितना BJP का पसंदीदा काम है उतना ही कुछ liberals का भी
एक ऐसे लोगों की जमात है जो अपने आपको वैसे तो BJP का आलोचक बतायेंगे, लेकिन इस देश की बर्बादी के लिए BJP से पहले राहुल जी से सवाल पूछेंगे - उनको ज़िम्मेदार ठहरायेंगे
ऐसे लोगों से मेरे कुछ सवाल हैं👇
▪️राहुल गांधी के अलावा एक विपक्ष का नेता बता दीजिए जिससे BJP वालों की रूह काँपती हो
▪️राहुल गांधी के अलावा एक विपक्ष का नेता बता दीजिए जिसके बारे में यह दावा किया जा सके कि दुनिया इधर से उधर हो जाये यह BJP से हाथ नहीं मिलायेंगे - समझौता नहीं करेंगे
▪️एक ऐसा नेता बताइए जो नरेंद्र मोदी की आँख में आँख डाल कर उनको compromised और कायर कहता हो
▪️एक ऐसा नेता जो बिना लाग लपेट के मोदी और अडानी के रिश्ते पर सरकार की कलई खोलता हो
▪️एक ऐसा नेता जिसको मोदी की ED, CBI, IncomeTax झुका नहीं सकतीं
▪️एक ऐसा नेता जिसकी एक ट्वीट से पूरी सरकार हरकत में आ जाती हो
▪️एक ऐसा नेता जिसकी छवि बर्बाद करने के लिए लाखों करोड़ों रुपए फूंके गए और अधिकांश मीडिया को काम पर लगाया गया हो
▪️एक ऐसा नेता जिसने COVID से लेकर economic तूफ़ान, आरक्षण, पेट्रोल डीजल गैस- जो कुछ भी कहा हो - वह सब सही साबित हुआ हो
▪️एक ऐसा नेता जिसको ग़लत सिद्ध करने के लिए पूरी BJP, सारे मंत्री, सारे सांसद, प्रधानमंत्री सबको जुटकर झूठ बोलना पड़ता है
▪️एक ऐसा नेता जिसने नफ़रत से झुलसते इस देश में मोहब्बत की बात की
▪️एक ऐसा नेता जिसने कन्याकुमारी से कश्मीर पैदल नाप दिए जिससे कि यह देश जुड़ा रहे
▪️एक ऐसा नेता जिसने अजनबियों को गले लगाया, लोगों के आँसू पोंछे, उन्हें विश्वास दिलाया कि वह उनकी आवाज़ है, उनकी उम्मीद है, उनका बंदा है
▪️एक ऐसा नेता जिसने संविधान हाथ में उठा कर अहंकारी सत्ता की नकेल कस दी- इस देश को याद दिलाया कि हम सब बराबर हैं और संविधान से बड़ी हमारी दूसरी कोई ताक़त नहीं है
▪️एक ऐसा नेता जो किसानों से, मोटर मैकेनिक से, सफ़ाई कर्मचारी से, छात्रों से, युवाओं से, मज़दूरों से, ऑटो चालक से दिल खोल कर मिलता है, उनकी परेशानियां सुनता है, उनके मुद्दे उठाता है
▪️एक ऐसा नेता जो महाराष्ट्र के यवतमाल में एक गरीब, किसान विधवा कलावती के घर पहुंच कर उसकी समस्या सुनते हैं. जो भट्टा पारसौल पहुंच कर अपने हक की लड़ाई लड़ रहे किसानों की आवाज़ को और बुलंद करते हैं
▪️एक ऐसा नेता जिसकी पहल से भूमि अधिग्रहण कानून बना जिसमें किसान को उसकी ज़मीन का चौगुना मुआवज़ा मिला
▪️एक ऐसा नेता जो अपनी सरकार के कार्यकाल में ओडिशा के कालाहांडी जाकर उन आदिवासियों के साथ खड़ा होता है जो वेदांता माइनिंग प्रोजेक्ट के खिलाफ आंदोलन कर रहे थे
▪️एक ऐसा नेता जो श्रावस्ती में दलित ग्राम प्रधान छेदी पासी के घर से लेकर बुंदेलखंड के मेंढकी गांव में दलित कुंजीलाल के घर, अलीगढ़ के मरोड़ गांव में दलित रघुवीर के घर, अमेठी की सुनीता कोरी के घर पहुँच कर उनकी समस्याओं को सुनते हैं, उनका हल निकालते हैं
👉तो असलियत ये है कि तमाम हमलों, तमाम धमकियों, तमाम दुष्प्रचार के बावजूद भी अगर कोई एक अकेला आदमी आज भी बिना समझौते, बिना डर, अडिग होकर इस सरकार से लड़ रहा है तो वो राहुल गांधी हैं
और राहुल गांधी को किसी का सर्टिफिकेट नहीं चाहिए
Sonam Wangchuk एक बहुत बड़े कॉकरोच साबित होने वाले है दिल्ली जंतर-मंतर पर
और शायद कॉकरोच जनता पार्टी के सबसे बड़े सदस्य भी, क्यूँकि उनमे ये क़ाबिलत है
पहले लद्दाख के लिए लड़े थे अब पूरे देश के बच्चों के भविष्य के लिए लड़ेंगे
बाक़ी जिनको डर है गिरफ्तारी का..
वो अपने घरों में ही छिपें रहे, मगर याद रहे अब तुम्हारे लिए कोई भगत सिंह नहीं आने वाला
“पहले नरेंद्र मोदी का बड़ा कंट्रोल था, आज की तारीख़ में सिस्टम से हमें धड़ाधड़ इनफार्मेशन आ रही है
मैं जब मीटिंग में जाता हूँ तब नरेंद्र मोदी मुझसे आँख नहीं मिला पाते हैं”
@RahulGandhi 🔥🔥
खबर यह नहीं है कि अडानी को अमेरिका ने क्लीन चिट दे दिया है। असली खबर यह है कि मोदानी और ट्रम्प में सेटिंग हो गई है या हो रही है।
खबर वह है जो कि खबर नहीं है।
खबर यह है कि इस सेटिंग के बदले में भारत क्या कीमत अदा करेगा और आपको इसका कितना हर्जाना देना पड़ेगा? #KhabarYehNahiHai
KHAN SIR ने खोल दी सरकार की “विश्वगुरु” विदेश नीति की पोल 🔥
ईरान भारत को 60 दिन का Oil Credit देता था…
तेल लो, पेट्रोल-डीजल बेचो, फिर पैसे दो 💰
ऊपर से वही पैसा भारत के सामान खरीदने में लगता था 🇮🇳
लेकिन अमेरिका ने आंख दिखाई और सरकार घुटनों पर आ गई 😡
जिसे राष्ट्रवाद बताया गया,
वो असल में विदेशी दबाव के सामने सरेंडर था.
अगर BJP महिला आरक्षण लागू करने को तैयार हो जाए, तो पूरा विपक्ष इसमें उनके साथ है।
हम 24 घंटे में लोकसभा की 543 सीटों पर महिला आरक्षण लागू करवा देंगे।
: नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi
📍 रायबरेली
🔹सैकड़ों पेपर लीक: शिक्षा मंत्री ने इस्तीफा नहीं दिया
🔹पेट्रोल डीजल LPG की किल्लत: पेट्रोलियम मंत्री का इस्तीफ़ा नहीं हुआ
🔹अर्थव्यवस्था का बंटाधार: वित्तमंत्री ने इस्तीफा नहीं दिया
🔹विदेश नीति फेल: विदेश मंत्री कुर्सी से चिपके हुए हैं
🔹लगातार दर्दनाक ट्रेन हादसे: रेलमंत्री नहीं हटाए गए
🔹दर्जनों आतंकी हमले: गृहमंत्री पद पर काबिज हैं
🔹चीन सरहद में घुसा बैठा है: रक्षामंत्री ने कुर्सी नहीं छोड़ी
▪️इस न्यू इंडिया की मोदी सरकार में कोई भी अपनी विफलता के लिए इस्तीफा नहीं देता है
👉👉जानते हैं क्यों?
👉क्योंकि नरेन्द्र मोदी को आपके वोट से ढेले का फर्क नहीं पड़ता है
👉वरना इतनी सारी विफलताओं के बीच किसी भी सरकार को घबराना चाहिए. यह भय होता कि लोग अपनी परेशानी, अपने आक्रोश का जवाब हरा कर देंगे
👉लेकिन मोदी को फर्क नहीं पड़ता. क्योंकि उन्हें कौन सा जानता के वोट से जीतना है
👉चुनाव जीतने के लिए उनके पास ज्ञानेश गुप्ता हैं, चुनाव आयोग है, पूरा तंत्र है
👉इसीलिए मोदी सरकार में इस्तीफे नहीं होते, जवाबदेही नहीं तय होती, किसी की कोई ज़िम्मेदारी ही नहीं है
एक पत्रकार ने नॉर्वे में सवाल किया तो मोदी जी ऐसा दुम दबाकर भागे मानो पीछे कोई भूत लग लिया हो
शायद उनको डर हो कि कहीं एप्स्टीन या अडानी पर कोई सवाल ना पूछ ले
सोचिए अगर देश का मीडिया उनसे सवाल पूछना शुरू कर दे तो मोदीजी की क्या हालत होगी - लेकिन यहाँ मीडिया नहीं चरणचुंबक हैं!
Primeminister of India, Narendra Modi, would not take my question, I was not expecting him to.
Norway has the number one spot on the World Press Freedom Index, India is at 157th, competing with Palestine, Emirates & Cuba.
It is our job to question the powers we cooperate with.
एक भयंकर आर्थिक तूफ़ान सर पर है।
12 साल में मोदी जी ने जो ढाँचा खड़ा किया - वह सिर्फ़ अडानी और अंबानी के लिए था।
और, अब वही ढाँचा भरभराकर ढहने वाला है।
चोट उन्हें नहीं लगेगी - उनके पास निकलने के रास्ते हैं।
चोट आपको लगेगी - युवाओं को, ग़रीबों को, मध्यमवर्ग को, किसानों को, मज़दूरों को, छोटे व्यापारियों को - जो कभी इस ढाँचे का हिस्सा थे ही नहीं।
अपने आसपास देखिए। क्या आप उस ढाँचे का हिस्सा हैं - या उस तूफ़ान का शिकार?
सुनो अशोक, तुम्हारे वीर कितना बड़ा माफिवीर था, उसका पूरा कच्चा चिट्ठा... तुम भी वही हो...
बस सावरकर अंग्रेजों की पेंशन ले रहे थे, और तुम जनता के टैक्स की सैलरी, और दलाली Extra..