आज जब केंद्र सरकार, किसानों को उनके अधिकार दे रही है, तो भी ये लोग विरोध पर उतर आए हैं।
ये लोग चाहते हैं कि देश का किसान खुले बाजार में अपनी उपज नहीं बेच पाए।
जिन सामानों की, उपकरणों की किसान पूजा करता है, उन्हें आग लगाकर ये लोग अब किसानों को अपमानित कर रहे हैं: PM
हाथरस की गैंग रेप एवं दरिंदगी की शिकार एक बेबस दलित बेटी ने आख़िरकार दम तोड़ दिया. नम आँखों से पु्ष्पांजलि!
आज की असंवेदनशील सत्ता से अब कोई उम्मीद नहीं बची.
केंद्र सरकार हमारे अन्नदाता साथियों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए दृढ़ संकल्पित है। प्रधानमंत्री की किसान हितेषी "प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि" योजना के अंतर्गत हमारे किसानों को Covid-19 के दौरान 17000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की गयी है।
एकजुट हो कर जनता को संघर्ष करना होगा तभी कुछ ठोस उपाय सरकार लेगी, जब तक हम जाती के नाम पर, धर्म के नाम पर, पार्टी के नाम पर अलग-थलग रहेंगे, तब तक हमारा शोषण ही होता रहेगा ।