मुझे आपसे प्रेम
बेखुदी में नहीं
आपके चेहरेसे नहीं
मुझे प्रेम हुआ
आपके उस दिलसे
जो हर किसी के लिए नरम था
आपकी उस आदतसे
जहां आप लोगोंको
सुनते ज्यादा थे
समझते उससे भी ज्यादा
मैंने आपका हाथ बहुत देर बाद थामा
लेकिन आपकी रूहको
पहले ही छू लिया
रूह से हुआ प्रेम
जिस्म का मोहताज नही था🌹
अकबर ने बीरबल से कहा
5 मुर्ख ढूंढ़ कर लाओ
बीरबल रात- दिन एक करके एक महीने बाद 2 मुर्ख ढूंढ़ कर दरबार में पहुंचा
अकबर : बीरबल मैंने 5 मुर्ख ढूंढने को कहा था तुम तो दो मुर्ख हीं लाये हो
बीरबल : महाराज पांचो मुर्ख यंही दरबार में उपस्थित है हमें इनको मुर्ख सिद्ध करने की इजाजत दे जहापनाह
अकबर : इजाजत है
बीरबल : पहला मुर्ख ये है महाराज जो बैलगाड़ी पर बैठा था लेकिन भारी गठरी अपने सर पे रखा था ताकि बैलो पर भार कम पड़े
अकबर : दूसरा
बीरबल : ये है महाराज जिसके छत पर घास उगी थी तो भैस को हीं छत पर चढ़ा दिया चरने के लिये काट कर नीचे नहीं खिला सकता
अकबर : और तीसरा
बीरबल : हम है महराज जो राज्य का महत्वपूर्ण कार्य छोड़कर मुर्ख ढूंढने में 1 महीना फालतू समय बर्बाद किया
अकबर : और चौथा
बीरबल : आप हो महाराज जो देश में हजारों महत्वपूर्ण काम छोड़ कर मुर्ख खोजने के लिये आदेश दिया
अकबर : पांचवा
पांचवा वो लोग है महाराज जो पांचवा मुर्ख कौन है जानने के लिये पोस्ट पढ़ रहे है
आप सबकी संध्या शुभ हो
जीवन में कुछ भी स्थायी नहीं है इसलिए स्वयं को अधिक तनावग्रस्त न करें, क्योंकि परिस्थितियां चाहे कितनी भी खराब हों, बदलेंगी जरूर ! 💚💚
जय श्री कृष्ण !
❤️😊❤️
#ग़म के बादल बरसेंगे या बिना बरसे आगे बढ़ जायेंगे कोई नहीं जानता,
लेकिन आँख के आंसुओं क़ो बून्द बून्द कर बरसाना कोई हमसे सिखे॥
#बादल👍🤞
#हर___हर___महादेव🌺🙏