भाजपा वाले अपना खेल शुरू कर दिए हैं
तेजस्वी जी से निवेदन है कि अपने साथियों को काहे की लाठी में तेल लगा करके और रोड पर उतरे ।
यह देखो बिहार में क्या हो रहा है
आरक्षण को खत्म करो
स्वर्ण आर्मी जिंदाबाद के नारे
सहमत है आरक्षण को खत्म करो फिर
डीएम सीएम पीएम हमें बना दो
हम झाडू नहीं लगाएंगे
हम गटर साफ नहीं करेंगे
हमें 100 -100 बीघा जमीने दे दो
आरक्षण तुम ही खाओ
किस अधिकार से, कौन से कानून के तहत रेस्तरां में बैठे लोगों से इस प्रकार पूछताछ हो रही है?
दरोगा जी सी-ग्रेड फ़िल्मों के दरोगा लोगों की रील लाइफ़ को रियल लाइफ़ समझ लिये क्या?
बिहार पुलिस के लोग अपने आप को सर्वे सर्वा समझने लगते हैं । फ़ैमिली पे क्या गुज़र रही होगी रक्षक ही भक्षक बन बैठा है । बिहार में सरकार हो ना हो लॉ एंड ऑर्डर की समस्या चिंताजनक है।
असिस्टेंट लोको पायलट की भर्ती में EWS (सवर्ण) की कटऑफ OBC से कम है।
जो लोग मेरिट की बात करते हैं और आरक्षण को गाली देते हैं, ये कैसी “मेरिट” है भाई??
@RahulGandhi@DrJaihind
रेलवे ALP रिज़ल्ट ने “मेरिट-राग” गाने वालों को आइना दिखा दिया है:-
📍रांची – EWS 58, SC 65
📍चेन्नई – EWS 56, SC 69
📍अजमेर – EWS 68, SC 74
📍जम्मू – EWS 54, SC 69
जो कल तक SC/ST/OBC को कमज़ोर मेरिट बताकर नीचा दिखाते थे
आज उनकी खुद की कटऑफ़ इतनी गिर गई है कि बहस करने की हिम्मत तक नहीं बची।
अब “मेरिट गैंग” ��ी खामोशी ही सबसे बड़ा सबूत है! 🔥
10 ₹ का बिस्किट, पहले बांटा, फोटो के बाद वापस लिया
यह वाकया सांगानेर विधानसभा का है। जहां से मुख्यमंत्री @BhajanlalBjp Shri Bhajanlal Sharma जीतकर आये हैं। भाजपा कार्यकर्ताओं ने सांगानेर विधानसभा क्षेत्र के कैंसर हॉस्पिटल में क्रेडिट लेने की होड़ में मरीजों को बिस्किट के पैकेट थमाते द���खे, लेकिन जैसे ही फोटो खिंची – पैकेट वापस ले लिया!
कार्यकर्ता किसी भी पार्टी का हो ऐसी छोटी हरकतें करके, मुख्यमंत्री तक को अपने विधानसभा क्षेत्र के सामने दुविधाओं में डाल देता है।
अब 100-200 ₹ के बिस्किट के पैकेट ले जाकर कैंसर पीड़ितों के दर्द को महज मार्केटिंग के लिए भुनाना कैसे पच रहा होगा, यह बिस्किट बांटने वाले और बांट कर वापस ले जाने वाले ही जान-समझ सकते हैं। @VidhayakINDIA @8PMnoCM @faujdar_arvind @arvindchotia @drajaychuru
RRB ALP का गोरखपुर जोन का डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए कटऑफ आया है.
आशीष प्रजापति - 76 Disqualified ❌
सत्यम सिंह - 71 Qualified✅
अब रेलगाड़ी सुदामा कोटा वाले चलाएंगे और OBC वाले धर्म की रक्षा करते रहे.
दलित बच्चा 69 नंबर लाकर भी फैल
एक सवर्ण 54 लाकर पास
ये कैसा सामाजिक न्याय है?
मेरिट की बात करने वाले लोग यहां चुप क्यों है?
अच्छे पढ़ने वाले सवर्ण तो नौकरी में लग जाते हैं लेकिन पढ़ाई में कमजोर सवर्णों को नौकरी दिलाने के लिए EWS लाया गया है।
🚨 हरिद्वार से शर्मनाक तस्वीर
जिला अस्पताल में एक महिला को फर्श पर ही बच्चे को जन्म देना पड़ा, क्योंकि समय रहते उसे भर्ती नहीं किया गया।
👉 एक ओर धामी सरकार ��िज्ञापनों पर करोड़ों खर्च कर रही है
👉 दूसरी ओर, अस्पतालों की हालत यह है कि बुनियादी सु��िधाएँ भी नहीं मिल पा रहीं
अगर थोड़े पैसे प्रचार की बजाय स्वास्थ्य ढांचे पर लगाए जाते, तो शायद यह दिन देखने को न मिलता।
जनता के टैक्स का पैसा नेताओं की मौज-मस्ती और इमेज बनाने में उड़ाया जा रहा है, जबकि आम इंसान को इलाज तक नहीं मिलता।
❓आपके हिसाब से सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता क्या होनी चाहिए — विज्ञापन या जनता की बुनियादी सुविधाएँ?
रेलवे ALP रिज़ल्ट देख कर तो "मेरिट गैंग" को ICU में भर्ती कर देना चाहिए 😡
रांची – EWS: 58, SC: 65
चेन्नई – EWS: 56, SC: 69
अजमेर – EWS: 68, SC: 74
जम्मू – EWS: 54, SC: 69
जहां कल तक यही लोग SC/ST/OBC पर उंगली उठाकर कहते थे — “कम मेरिट वाले कैसे जिम्मेदार पदों पर जाएंगे?”
आज तथाकथित मेरिटधारी लोग अपने ही कटऑफ़ पर “नोटबंदी जैसी चुप्पी” साधे बैठे हैं।
Trending at #NUMBER1
Today, the future of millions of youth in India has been dwarfed before the ego of the SSC Chairman.
Despite such blatant irregularities in the SSC exam system, the Chairman remains silent.
Will the Constitution of our country be reduced to a mockery because of a few individuals?
Hon'ble CJI, please save the future of Aspirants 🙏
#ssc_chairman_jawab_do #cji_help_us
We want transparency. We want Accountability.