नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल 2026 को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस वे का उद्घाटन किया था।
लेकिन 12,000 करोड़ रुपये की लागत से बने इस एक्सप्रेस वे में 2 महीने बाद ही बड़े-बड़े गड्ढे हो गए।
ये दिखाता है कि इस एक्सप्रेस वे को बनाने में जमकर भ्रष्टाचार और पैसों का बंदरबांट किया गया है।
ये पहला ऐसा मामला नहीं है, पूरे देश में पुल हो या सड़क, हाईवे या पानी की टंकी, रेलवे स्टेशन हो या एयरपोर्ट की छत- हर ओर इंफ्रास्ट्रक्चर ढह रहा है।
कुल मिलाकर बात साफ है कि मोदी सरकार देश और जनता के लिए घातक है।
जुमे की नमाज़ से पहले, एक हिंदू महिला ने मस्जिद के इमाम को बताया कि उसका बच्चा बीमार है और उसके पास दवा खरीदने के लिए पैसे नहीं हैं।
तब मस्जिद के इमाम ने मुसलमानों से अपील की कि वे हिंदू महिला के बीमार बच्चे की दवा के लिए पैसे दान करें।
नतीजा आपके सामने है।
Epstein File से बचने और दोस्त अडानी को बचाने के लिए मोदी ने देश का स्वाभिमान ट्रंप के हाथों गिरवी रख दिया। अमेरिका द्वारा तीन जहाजों पर हमले और तीन भारतीयों की हत्या पर मोदी की खामोशी उनकी कायरता का सबूत है।
#शर्म_Proof_MODI
गंगा एक्सप्रेसवे का प्रधानमंत्री मोदी ने बड़े जोर-शोर से उद्घाटन किया था। इस पर BJP ने खूब प्रचार किया, रीलें बनाईं और विज्ञापन छपवाए।
अब इसी एक्सप्रेसवे के निर्माण में भ्रष्टाचार से जुड़े वीडियो सामने आ रहे हैं।
BJP बताए—इस मामले की जांच कौन कर रहा है और दोषियों पर क्या कार्रवाई होगी?
देश की जनता जवाब चाहती है।