पहली बार संसद सत्र के दौरान सरकार को इतना डरा और सहमा हुआ देखा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह सदन की कार्यवाही से दूर रहे।
इस मानसून सत्र की शुरुआत में हमने कहा कि ये सत्र बहुत ही महत्वपूर्ण है, कुछ जरूरी विषय हम सदन में उठाना चाहते हैं।
• NEET पेपर लीक
• राम मंदिर से चढ़ावा चोरी
• पेट्रोल में Ethenol की मिलावट
• विदेश नीति और चीन के साथ सीमा विवाद
• पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर का लगातार ढहना औऱ धंसना
• मध्य प्रदेश और अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्रियों पर भ्रष्टाचार के आरोप
छात्रों के आंदोलन के कारण शिक्षा मंत्री को अपना इस्तीफा देना पड़ा और दो साल पहले लाए बिल में संशोधन के लिए मजबूर होना पड़ा।
दो दिन की चर्चा हुई लेकिन नरेंद्र मोदी और अमित शाह एक बार भी सदन में नहीं आए।
: लोकसभा में कांग्रेस के उपनेता @GauravGogoiAsm जी
मानसून सत्र के दौरान विपक्ष ने एकता और एकजुट दिखाई।
कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री @kharge के चेंबर में लगातार 18 दिन फ्लोर लीडर्स की बैठक हुई, जिसमें रणनीति तय हुई।
मानसून सत्र में हमारी कुछ उपलब्धियां रहीं हैं:
• वन नेशन, वन इलेक्शन बिल इस सत्र में आना था, जिस पर हमने कई सवाल उठाए थे और अब ये शीतकालीन सत्र तक टल गया है
• विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक भी शीतकालीन सत्र तक टल गया है, जिसमें सभी विश्वविद्यालयों का केंद्रीकरण करने की बात थी और उसपर हमने कई आपत्तियां जताई थीं
• 130वां संविधान संशोधन विधेयक भी मानसून सत्र में आने वाला था- जिसमें PM, CM, मंत्रियों की ऑटोमेटिक बर्खास्तगी होती, लेकिन वो भी टल गया
• FCRA बिल भी इस सत्र में नहीं आया, हमने और सिविल सोसायटी ने इस बिल को लेकर सरकार पर काफी दबाव डाला था, जिसका नतीजा सभी ने देखा
हालांकि इस मामले के दौरान ही अमेरिका के उपराष्ट्रपति का फोन भी आया था। इस बातचीत के बाद हमारी तरफ से तो बयान जारी हुआ लेकिन अमेरिका की तरफ से बयान नहीं आया।
: कांग्रेस महासचिव (संचार) व राज्य सभा सांसद @Jairam_Ramesh जी
कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मल्लिकार्जुन खड्गे ने उत्तराखंड के हल्द्वानी के रामलीला मैदान में एक जनसभा को संबोधित किया था। उनके भाषण के बाद BJP के लोगों ने वहाँ हवन किया और उस स्टेज का शुद्धिकरण करने का काम किया।
यह ना सिर्फ़ श्री खड्गे का अपमान है बल्कि देश के सम्पूर्ण दलित समाज का अपमान है। महात्मा गांधी और बाबा साहेब अंबेडकर ने देश की आज़ादी के साथ ही अस्पृश्यता से मुक्ति की लड़ाई भी लड़ी थी। उसी का परिणाम है कि भारत में अस्पृश्यता अपराध घोषित की गई।भारत के संविधान में हर नागरिक को बराबर का हक दिया गया।
देश की जनता बीजेपी का दलित विरोधी चेहरा देख ले। भाजपा को यह बर्दाश्त नहीं है कि दलित समाज का व्यक्ति कांग्रेस पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बने।
मैं इस तरह के कृत्य की निंदा करता हूँ। इस मामले में दोषी सभी व्यक्तियों को गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की जाए।
@kharge@RahulGandhi@INCIndia@INCMP
Strongly condemn this reprehensible act against Shri Mallikarjun Kharge Ji. It is an insult not just to an individual, but to the constitutional values of equality and dignity.
Dalits have shaped India’s history, strengthened our democracy and built this nation through generations of struggle and sacrifice. The BJP and Sangh Parivar may try to rewrite history, but they can never erase their contribution.
Kharge Ji’s lifelong commitment to Dalits, backward and marginalised communities speaks for itself.
Untouchability has no place in our Republic. India must stand against this hatred. Keralam strongly condemns this reprehensible act.
@IncIndia@Kharge
RSS और BJP की विभाजनकारी विचारधारा से निकली ऐसी मानसिकता का जवाब हमने संसद में भी मांगा है। नड्डा साहब ने सदन में जाँच और कानून के मुताबिक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
मैं इंतजार कर रहा हूँ। जब हजारों साल इंतजार किया है, तो क्या चंद दिन और इंतजार नहीं करूंगा?
लेकिन याद रखिए, जवाब भी लेंगे और कार्रवाई भी करवाएंगे।
हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष आदरणीय श्री मल्लिकार्जुन खरगे जी के संबोधन के बाद उसी मंच पर भाजपा-आरएसएस के लोगों द्वारा तथाकथित हवन-पूजा कराया जाना बेहद शर्मनाक, घृणित और निंदनीय है। यह एक बार फिर भाजपा-आरएसएस की दलित विरोधी सोच को बेनकाब करता है।
यह केवल एक व्यक्ति का अपमान नहीं, इस देश के करोड़ों गरीबों, दलितों, शोषितों और वंचितों का अपमान है। भाजपा-आरएसएस आज भी उसी संकीर्ण मानसिकता में जी रही है जिसे बाबा साहेब ने संविधान के जरिए तोड़ा था।
देश बाबा साहेब के संविधान से चलेगा, भाजपा-आरएसएस की जातिवादी सोच से नहीं। इस ओछी और घृणित मानसिकता के खिलाफ श्री @kharge जी एवं श्री @RahulGandhi जी की अगुवाई में हमारी लड़ाई पूरी मजबूती से जारी रहेगी।
BJP सरकार ऐसे बिल लेकर आई, जो राज्य सरकारों की ताकत को कमजोर करते हैं, जैसे-
• Corporation Bill
• Mines and minerals Bill
⦿ FCRA बिल पर विपक्ष एकजुट रहा, जिसके कारण सरकार ने इसे JPC के लिए भेजा
इस सत्र में मोदी सरकार पूरी तरह से बैकफुट पर थी और विपक्षी दलों में नई ऊर्जा और एकता दिखाई दी। हम सभी विपक्षी दलों के नेताओं को धन्यवाद देते हैं।
: लोकसभा में कांग्रेस के उपनेता @GauravGogoiAsm जी
साल 2014 के बाद से हमने कितने पेट्रोलिंग प्वाइंट को छोड़ दिया है..देश के प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री को जवाब देना चाहिए..देश जानना चाहता है..
(नोट: ये महाशय देश के पूर्व गृहसचिव, पूर्व ऊर्जा मंत्री और बीजेपी के नेता हैं)
नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi ने मध्य प्रदेश में केन-बेतवा लिंक परियोजना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे प्रतिनिधिमंडल के साथ मुलाकात कर, बातचीत की।
इस दौरान, राहुल गांधी जी ने प्रतिनिधिमंडल से इस परियोजना से होने वाली समस्याओं के साथ उनकी मांगों पर भी चर्चा की।
📍 दिल्ली
अगर भाजपा के सिद्धांतों में विश्वास रखने वाले लोग धर्म के नाम पर 'शुद्धिकरण' करते हैं, तो ये लोग देश को बर्बाद करने वाले हैं। इसलिए, मैं इस रवैये की निंदा करता हूं। वहां 'शुद्धिकरण' करने वाले सभी लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाना चाहिए। उन्हें गिरफ्तार किया जाना चाहिए और उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए..
@kharge
दलित मंच पर आए तो ‘शुद्धिकरण’,
आदिवासी अपना दिवस मनाए तो ‘तिरस्कार’!
यही BJP की दलित-आदिवासी विरोधी मानसिकता है।
याद रखिए—
गंगाजल से मंच शुद्ध हो सकता है, जातिवादी सोच नहीं।
भारत मनुस्मृति से नहीं, संविधान से चलेगा।
जय भीम ✊ जय जोहार 🏹 जय संविधान 🇮🇳
बुधवार को देवता श्री ग्रहणेश्वर महाराज के पावन आगमन एवं देवपूजन के शुभ अवसर पर ग्राम दसाना, डाकघर छैला, तहसील ठियोग, जिला शिमला में आयोजित पावन धार्मिक आयोजन में सम्मिलित होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
इस अवसर पर देवता महाराज का आशीर्वाद प्राप्त कर मन को आध्यात्मिक शांति और श्रद्धा से भर देने वाला अनुभव हुआ।
इस पावन आयोजन के लिए सभी आयोजकों को हार्दिक शुभकामनाएं और स्नेहपूर्ण निमंत्रण के लिए दिल से आभार।
#HimachalPradesh #Shimla #Theog #Faith #Blessings
ವಿಧಾನ ಪರಿಷತ್ ಸಭಾಪತಿ ಹಾಗೂ ವಿಧಾನ ಸಭೆಯ ಸಭಾಧ್ಯಕ್ಷರ ಸ್ಥಾನಕ್ಕೆ ಶ್ರೀ ಸಲೀಂ ಅಹ್ಮದ್ ಹಾಗೂ ಶ್ರೀ ಜಿ.ಎಸ್.ಪಾಟೀಲ್ ಅವರ ನಾಮಪತ್ರ ಸಲ್ಲಿಕೆ ಪ್ರಕ್ರಿಯೆಯಲ್ಲಿ ಭಾಗವಹಿಸಲಾಯಿತು.
ಈ ಸಂದರ್ಭದಲ್ಲಿ ಉಪಮುಖ್ಯಮಂತ್ರಿಗಳಾದ ಡಾ. ಜಿ. ಪರಮೇಶ್ವರ, ಕೆಪಿಸಿಸಿ ಅಧ್ಯಕ್ಷರಾದ ಶ್ರೀ ಬಿ.ಕೆ. ಹರಿಪ್ರಸಾದ ಸೇರಿದಂತೆ ಇತರ ಸಚಿವರು ಹಾಗೂ ನಾಯಕರು ಉಪಸ್ಥಿತರಿದ್ದರು.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे जी के कार्यक्रम के बाद उत्तराखंड में उस स्थल का “शुद्धिकरण” किया जाना भाजपा की दलित-विरोधी और भेदभावपूर्ण मानसिकता का एक और घिनौना उदाहरण है।
खरगे जी केवल कांग्रेस अध्यक्ष नहीं, बल्कि करोड़ों भारतीयों की आवाज़ हैं - उन भारतीयों की, जो हर धर्म, हर वर्ग और हर क्षेत्र से आते हैं। उनका अपमान सिर्फ एक व्यक्ति या कांग्रेस का अपमान नहीं, बल्कि उन सभी लोगों का अपमान है जो संविधान, समानता और सामाजिक न्याय में विश्वास रखते हैं।
ऐसी घटिया और भेदभावपूर्ण सोच को न कोई कांग्रेसी बर्दाश्त करेगा, न कोई देशभक्त नागरिक।
भाजपा और उसकी विचारधारा से जुड़े संगठनों की यह मानसिकता नागरिकों को जाति और धर्म के आधार पर बांटती है और उनके साथ भेदभाव को बढ़ावा देती है। भारत जैसे महान और विविधतापूर्ण देश में ऐसी सोच के लिए कोई जगह ही नहीं है। @kharge
20 दिन बाद नरेंद्र मोदी सदन में आए
20 दिन बाद अमित शाह सदन में आए
उनके आते ही सभापति ने
सदन की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी
यह डर है सवालों का!
यह डर है ज़िम्मेदारियों का!
यह ख़ौफ़ है राहुल गांधी का!
पूरे सत्र 56 इंच वाले मुँह छिपाये भागते रहे
जय हिन्द! ✊🇮🇳
कांग्रेस अध्यक्ष श्री @kharge ने आज इस मंच से समाज को संविधान और कांग्रेस की विचारधारा से जोड़ने की पहल की है।
खरगे जी समाज के विचारों और कार्यों का उतना बड़ा हिस्सा रहे हैं, जितना शायद ही कोई और राजनेता इस देश में रहा हो।
खरगे जी के जीवन और उनके संघर्ष पर अगर कहानी लिखी जाएगी तो हजारों-लाखों लोग उससे प्रेरित होंगे, इसलिए आज हम सभी आप से दिशा भी लेंगे।
: 'रचनात्मक कांग्रेस के राष्ट्रीय सम्मेलन' में रचनात्मक कांग्रेस के अध्यक्ष @_SandeepDikshit जी
📍 दिल्ली
मुझे ये कहते हुए बहुत दुख और शर्मिंदगी महसूस हो रही है कि भारत में आज भी छुआछूत चरम पर है।
हाल ही में उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे जी की रैली हुई थी। जिस मंच से खरगे जी ने सम्बोधन किया, उस मंच का BJP से जुड़े हुए लोगों ने शुद्धिकरण किया।
BJP के दिमाग से जातिवाद की गंदगी कब जाएगी?
देश में कब तक, दलितों को घोड़े से उतारकर मारा जाएगा, मूंछ रखने पर हत्या होगी, मंदिर में घुसने पर पिटाई होगी?
समाज में जातिवाद का जहर BJP-RSS के लोगों ने फैला दिया है, इसका जवाब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को देना होगा।
RSS और विश्व हिंदू परिषद् कभी ऐसे मुद्दों पर लड़ता हुआ नहीं दिखता।
: @INCSCDept के अध्यक्ष व यूपी कांग्रेस प्रभारी @AdvRajendraPal जी