तो कुल मिलाकर बात ये है कि नेता बनने से पहले हीं सभी अच्छे लगते हैं और क्योंकि भाजपा के प्रति काफी रोष था समाज में तो इनको विधायक बना दिया गया।
बाकी ये भी उसी तालाब के मछली निकले, और क्या ही रह गया है? जब खुद को पढ़े लिखे कहने वाले भी मूर्खों जैसा बयान दे और वैसा हीं सोच रखे तो फिर एक विधायक से 100 तक जाने का सपना छोड़ ही देना चाहिए प्रशांत किशोर जी को।
नेता चाहे पढ़ा लिखा हो या अनपढ़ हो, वो बस आम आदमी का शोषण हीं करता है, यही सत्य है।अनकंडीशनल समर्थन मिल जाने पर चौड़ा हो ही जाते हैं लोग।
@PrashantKishor@PK_for_CM@Bahari_Bihari
आगरा में UGC के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान लाठीचार्ज, इंस्पेक्टर को रोकते रहे ACP
UGC के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन के दौरान उस समय तनाव बढ़ गया, जब एक इंस्पेक्टर ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज शुरू कर दिया।
बताया जा रहा है कि इस दौरान मौके पर मौजूद ACP इंस्पेक्टर को रोकने की कोशिश करते रहे, लेकिन उन्होंने उनकी बात नहीं मानी।लाठीचार्ज के बाद प्रदर्शनकारियों में नाराजगी और बढ़ गई और विरोध प्रदर्शन अधिक उग्र हो गया।
दिनांक 01.09.2026 को थाना एत्मादपुर क्षेत्रान्तर्गत तहसील परिसर में UGC के संबंध में कुछ लोगों द्वारा ज्ञापन दिए जाने के प्रकरण के संबंध में एसीपी एत्मादपुर श्री देवेश सिंह द्वारा बाइट भी दी गई।
जैसा कि मैंने कहा है, हर आंदोलन के लिए जंतर मंतर नहीं चाहिए। वो भी जा कर हमने दिखा दिया, पर कई आंदोलन घर बैठे, केवल सूचित करने से भी होते हैं। आंदोलनों में गर्मी केवल जलती बस की आग से नहीं आती, गर्मी हम दूसरे तरह से भी उत्पन्न कर सकते हैं।
यह आंदोलन हमारा है ही नहीं, या आंदोलन हर उस प्रताड़ित व्यक्ति का है जो कभी SC/ST एक्ट, तो कभी UGC तो कभी आरक्षण के कारण घुटता रहता है। कानपुर, आगरा, प्रयागराज, नागपुर, दिल्ली आदि में जो भी सड़क पर हैं, मेरा पूर्ण समर्थन है आपको। जब तक जागरूकता नहीं आएगी, सरकार आपका चूतिया बनाती रहेगी।
आज मुझे उत्तर प्रदेश के छात्रों से 50+ मैसेज आए हैं। उनका कहना है कि चार मेडिकल कॉलेजों में आज भी 90% से अधिक सीटें आरक्षित हैं, जबकि राज्य सरकार ने हाईकोर्ट के समक्ष 2026-27 से SC आरक्षण को 21% तक सीमित करने का आश्वासन दिया था।
यह वोटबैंक की राजनीति के लिए बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है।
क्या UP में कोई तथाकथित सवर्ण नेता है, जो इन छात्रों के हक़ के लिए आवाज़ उठा सके? अगर सब राजनीतिक पार्टियों के गुलाम हो चुके हैं, तो मैं खुद लखनऊ आने के लिए तैयार हूँ।
cc @myogiadityanath@myogioffice
@JaipurDialogues ये सेकुलर कीड़ा होता है जिसे काट ले!उसकी आने वाली नस्लें नष्ट कर देता है।इसलिए अपने बच्चों को बचाओ इस कीड़े से ।नहीं तो मरने के बाद भी आत्मा अशांत ही रह सकती है!