May oppressors child be hanged the same way😨
Our Agenda is Gaza
This issue is more important
Don't forget, DON'T LET IT BE FORGOTTEN
May GOD curse Israel and its supporters
US President Donald Trump and Benjamin Netanyahu are partners.
They are all our children. Look what we’ve allowed happen to them.
The genocidal apartheid regime are doing it and the ‘West’ are their cheerleaders.
And our silence permits it.
They are the Jewish KKK.
I hate them. I hate Israel.
I don’t think I’ve ever hated a nation and most of its people more than I hate them.
It’s an evil nation full of thieves and rapists and murders.
Gaza tailor keeps wedding traditions alive under Israeli blockade.
In Khan Younis, tailor Amir Al-Rantisi turns old fabrics into wedding gowns as shortages leave new materials out of reach.
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
الإبادة الجماعية مستمرة في غزة !!
जिसे आना है वो शिक्षा को बचाने के लिए आए
स्टूडेंट जौहर यूनिवर्सिटी रामपुर _
"आज़म खान साहब से राजनीति लड़ाई किसी की
हो सकती है, व्यक्तगत अगर किसी की लड़ाई है
तो कृपया करके वो यहां न आए _
जिसे आना है वो एजुकेशन शिक्षा को
बचाने के आए आए, इतिहास उन्हीं का लिखा
जाता है जो सच का साथ देता है, अगर तुम
आवाज़ भी नहीं उठाना चाहते तो चुपचाप आकर
बैठ जाओ और बोलदो भाई हम साथ हैं
कुछ तो ऐसा करो कि आने वाली पीढ़ी याद रखे
तुम शिक्षा के लिए आवाज़ उठाई थी।"
यूनिवर्सिटी bachane के लिए dharne पर बैठे छात्रों की आवाज़।
“My young son, 7, is under the rubble. My 15-year-old daughter is still under the rubble. My whole family is gone.
What have they done to you, Netanyahu?” Palestinian father sobs with pain as he describes the bitterness of displacement.
बच्चे की हिम्मत और बहादुरी को सलाम।
जिस बहादुरी से बच्चा DM साहब के सामने अपनी बात रख रहा है।
उससे साफ पता चल रहा है कि बच्चे ने 13 साल की उमर में बहुत सीखा है।
बच्चा हर सवाल का बेबाकी से जवाब दे रहा है, और सवाल कर भी रहा है।
प्रिय अवध ओझा! मुसलमान नमाज़ पढ़ता है, क्योंकि पैगंबर मुहम्मद ﷺ ने नमाज़ को एक मुसलमान और गैर-मुस्लिम के बीच का सबसे बड़ा और बुनियादी फर्क बताया है। नमाज़ तब से अदा की जा रही है जबसे नमाज़ का हुक्म दिया गया है। मुसलमान मोदी सरकार से पहले भी नमाज़ अदा करता था, मोदी सरकार के बाद भी नमाज़ अदा करता रहेगा मुसलमानों की नमाज़ें किसी सरकार को बनाने या गिराने के लिए नहीं है। मुसलमानों की नमाज़ें किसी की पूजा पाठ के विरोध में भी नहीं हैं।
मुसलमान का यक़ीन है कि अल्लाह जो करता है, बेहतर करता है। मुसलमान का यक़ीन है कि बेशक अल्लाह बेहतर करने वाला है। मुसलमान परेशान नहीं हैं, बिल्कुल परेशान नहीं हैं। हाँ! उन्हें परेशान करने के लिए नए-नए हरबे अख्तियार किए जा रहे हैं। लेकिन मुसलमान का यक़ीन कुरान पर है और कुरान कहता है कि "और ये दिन हैं जिनको हम लोगों के बीच बदलते रहते हैं, ताकि अल्लाह ईमान वालों को जान ले और तुममें से कुछ को गवाह बना ले, और अल्लाह ज़ालिमों से प्रेम नहीं करता।"
इतिहास ऐसी दास्तानों से भरा पड़ा है कि हमेशा किसी की हुकूमत नहीं रही, जो सदियों तक बादशाह थे, आज उनके वारिस भी नहीं हैं। रहा सवाल मुसलमानों का तो मंगोलों का इतिहास पढ़ लीजिए, और आज मंगोल कौम किस धर्म की अनुयायी हैं, यह भी पता कर लीजिए।
ये शहादत-गाह-ए-उल्फत में कदम रखना है,
लोग आसान समझते हैं मुसलमाँ होना।