यहाँ #justice_for_3rd_grade और #तृतीय_श्रेणी_शिक्षक_तबादला अभियान के लिए 50 Ready-to-Tweet पोस्ट हैं:
1. हर विभाग में तबादले, लेकिन तृतीय श्रेणी शिक्षक अभी भी इंतजार में। आखिर हमारे साथ ही भेदभाव क्यों? #justice_for_3rd_grade
2. स्थानांतरण पर प्रतिबंध हट गया, लेकिन 3rd Grade Teachers फिर भी बाहर! क्या हमारा परिवार नहीं है? #justice_for_3rd_grade
3. वर्षों से एक ही जगह सेवा दे रहे शिक्षकों को अब न्याय चाहिए, आश्वासन नहीं। #justice_for_3rd_grade
4. शिक्षक बच्चों का भविष्य बनाते हैं, क्या उनका अपना भविष्य मायने नहीं रखता? #justice_for_3rd_grade
5. हम वरिष्ठता नहीं मांग रहे, सिर्फ तबादले का अधिकार मांग रहे हैं। #justice_for_3rd_grade
6. जब सभी विभागों को राहत मिली तो तृतीय श्रेणी शिक्षक क्यों वंचित? #justice_for_3rd_grade
7. परिवार से दूर रहकर सेवा देना आसान नहीं होता। हमारी पीड़ा भी समझिए। #justice_for_3rd_grade
8. तबादला कोई सुविधा नहीं, एक कर्मचारी का वैध अधिकार है। #justice_for_3rd_grade
9. राजस्थान के लाखों बच्चों को पढ़ाने वाले शिक्षक आज खुद न्याय की प्रतीक्षा में हैं। #justice_for_3rd_grade
10. क्या तृतीय श्रेणी शिक्षक राजस्थान सरकार का हिस्सा नहीं हैं? #justice_for_3rd_grade
11. बरसों से घर से दूर, कब मिलेगा अपने परिवार के पास रहने का अवसर? #justice_for_3rd_grade
12. शिक्षक खुश होगा तभी शिक्षा मजबूत होगी। #justice_for_3rd_grade
13. स्थानांतरण नीति सबके लिए समान होनी च��हिए। #justice_for_3rd_grade
14. सरकार से निवेदन नहीं, न्याय की अपेक्षा है। #justice_for_3rd_grade
15. कई शिक्षक माता-पिता, पत्नी और बच्चों से वर्षों से दूर हैं। #justice_for_3rd_grade
16. हर कर्मचारी को परिवार के साथ रहने का अधिकार है। #justice_for_3rd_grade
17. जब प्रतिबंध हटा है तो 3rd Grade को शामिल क्यों नहीं किया गया? #justice_for_3rd_grade
18. हजारों शिक्षक उम्मीद लगाए बैठे हैं। सरकार उनकी आवाज सुने। #justice_for_3rd_grade
19. शिक्षा विभाग में सबसे बड़ा वर्ग फिर भी सबसे ज्यादा उपेक्षित। #justice_for_3rd_grade
20. एक आदेश ने हजारों परिवारों की उम्मीदें तोड़ दीं। #justice_for_3rd_grade
21. हम संघर्ष नहीं करना चाहते, बस न्याय चाहते हैं। #justice_for_3rd_grade
22. तबादला नहीं, तो परिवार का संतुलन भी नहीं। #justice_for_3rd_grade
23. शिक्षक भी इंसान हैं, उनकी भावनाएँ भी हैं। #justice_for_3rd_grade
24. कब तक इंतजार करें? उत्तर चाहिए। #justice_for_3rd_grade
25. शिक्षा व्यवस्था की रीढ़ को ही अनदेखा क्यों? #justice_for_3rd_grade
26. सरकार संवेदनशीलता दिखाए और तबादले खोले। #justice_for_3rd_grade
27. तृतीय श्रे���ी शिक्षक केवल कर्मचारी नहीं, समाज निर्माता हैं। #justice_for_3rd_grade
28. जो दूसरों के बच्चों को पढ़ाते हैं, उन्हें अपने बच्चों से दूर क्यों रखा जाए? #justice_for_3rd_grade
29. अब और प्रतीक्षा नहीं। #justice_for_3rd_grade
30. समानता का अधिकार तृतीय श्रेणी शिक्षकों को भी मिले। #justice_for_3rd_grade
31. तबादले की मांग जायज है, कोई विशेष सुविधा नहीं। #justice_for_3rd_grade
32. एक राज्य, एक नीति, सभी कर्मचारियों के लिए समान अवसर। #justice_for_3rd_grade
33. हजारों परिवार तबादला नीति का इं��जार कर रहे हैं। #justice_for_3rd_grade
34. न्याय में देरी भी अन्याय है। #justice_for_3rd_grade
35. तृतीय श्रेणी शिक्षक कब तक उपेक्षा सहेंगे? #justice_for_3rd_grade
36. सरकार से उम्मीद है कि वह हमारी पीड़ा समझेगी। #justice_for_3rd_grade
37. शिक्षकों का सम्मान सिर्फ भाषणों में नहीं, नीतियों में भी दिखना चाहिए। #justice_for_3rd_grade
38. हमारा अपराध क्या है कि तबादलों से बाहर रखा गया? #justice_for_3rd_grade
39. एक आदेश से उम्मीद जगी, दूसरी पंक्ति ने निराश कर दिया। #justice_for_3rd_grade
40. सालों की सेवा के बाद भी तबादले का इंतजार। #justice_for_3rd_grade
41. शिक्षकों को न्याय मिलेगा तो शिक्षा मजबूत होगी। #justice_for_3rd_grade
42. हर विभाग आगे बढ़ा, 3rd Grade Teachers पीछे रह गए। #justice_for_3rd_grade
43. हमारी मांग स्पष्ट है— तृतीय श्रेणी शिक्षकों के तबादले शुरू किए जाएं। #justice_for_3rd_grade
44. परिवार से दूरी की पीड़ा केवल वही समझ सकता है जो इसे जी रहा हो। #justice_for_3rd_grade
45. अब समय है सकारात्मक निर्णय का। #justice_for_3rd_grade
46. शिक्षकों ���े साथ न्याय, शिक्षा के साथ न्याय। #justice_for_3rd_grade
47. तबादला अधिकार है, उपकार नहीं। #justice_for_3rd_grade
48. हजारों शिक्षकों की एक आवाज— तबादले शुरू करो। #justice_for_3rd_grade
#NoTETbeforeRTEact
*IAS, IPS, IFS ,IRS,IES की exam यूपीएससी के माध्यम से भारत में आयोजित होती है। तो IMS (Indian Medical Services) के साथ-साथ IJS (Indian Judiciary Services) या IAS(J) की ���रीक्षा भी होनी चाहिए। जिससे सभी को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ एक समान न्याय भी मिलें। और जो पूर्व से नियुक्त अधिकारीगण/ न्यायधीश इन परीक्षाओं को पास किए बिना नियुक्त हैं। उन्हें भी 2 वर्ष के भीतर इस परीक्षाओं को पास करना चाहिए। अन्यथा उन्हें भी शिक्षकों की भाँति अनिवार्य सेवानिवृत्ति दी जाएगी क्या?
@narendramodi
@AmitShah
@rajnathsingh
@dpradhanbjp
@myogiadityanath
@RahulGandhi
@yadavakhilesh
@priyankagandhi
@Aamitabh2
@bstvlive
#अनिवार्यTET_और_आंदोलन
सभी शिक्षक साथियों को समझना होगा कि #क्यूरेटिव_पिटीशन से भी आपको कोई राहत नही मिलने वाली है। सुप्रीम कोर्ट बहुत ही रेयर केसेज में अपने फैसले को बदलती है। जिन संगठनों को चंदे का धंधा करना है, वे कर चुके हैं। अब कुछ लोग क्यूरेटिव पिटीशन के माध्यम से इसको करने की कोशिशें करेंगे। सच यही है कि आपके पास केवल दो रास्ते हैं या तो आप #TET पास कर लें य�� फिर आप केंद्र सरकार को #RTE एक्ट में संशोधन के लिए मजबूर कर दें। ऑल इंडिया एन��ीएस एम्पलाइज फेडरेशन ने इस मसले पर शिक्षक संगठनों के आंदोलनों में हमेशा समर्थन दिया था लेकिन उनके आंदोलनों का कोई व्यापक प्रभाव नहीं दिखा। न ही केंद्र सरकार अभी तक संशोधन मामले पर सकारात्मक दिख रही है। बंगाल के चुनाव में बोली गई बड़े बड़े लोगों की बातें अब बेमानी हो चुकी हैं। नवंबर 2025 से जनवरी 2026 तक के आन्दोलनों पर खुद नजर डालिए और देखिए कि आपके नेतृत्वकर्ता किस रंग से रंगे हुए हैं। हम शुरू से कहते आये हैं कि सुप्रीम कोर्ट इस फैसले को नहीं बदलेगा, कोर्ट में केस, एक बिजनेस आइडिया से ज्यादा कुछ नहीं। आने वाले समय में लड़ने वाले साथियों की संख्या लगातार कम होती जाएगी क्योंकि वे #टेट पास करते जायेंगे। अंत में कुछ हजार शिक्षक ही केवल बलि का बकरा बनेंगे। इसलिए अगर लडऩा है तो एक ताकत केंद्र सरकार पर लगाने की सोचिए, वरना घर बैठकर #TET की तैयारी कीजिए। #manjeetsinghpatel
अंडमान निकोबार के शिक्षक साथियों का #अनिवार्यTET के खिलाफ सिग्नेचर कैंपेन पूरा हो गया है। कुंदन जी के माध्यम से 5000 से अधिक शिक्षकों के हस्ताक्षर किया हुआ बैनर दिल्ली तक पहुंच गया है। 20जून को इसे #PMO पहुंचाया जाएगा ताकि माननीय प्रधानमंत्री जी तक यह आवाज पहुंच सके।
#NoTETbeforeRTEact
#ManjeetSinghPatel
हम सब शिक्षकों द्वारा पढ़ाया हुए बच्चे ही टेट पास करके शिक्षक बने हुए हैं। और भारत वर्ष में सरकारी सेवा क्षेत्र के विभिन्न पदों पर आसीन है।
माननीय जज साहब को शिक्षकों के अनुभव को नकारते हुए सरकार के प्राविजो को सही ठहराया जाना उचित नहीं है..
माननीय सर्वोच्च न्यायालय द���वारा ही संसद द्वारा पास किया गया इलेक���टोरल बांड कानून को निरस्त किया गया।
माननीय न्यायालय द्वारा ही कई आदेश सेवा शर्तों के बारे में जारी किए गए हैं कि निर्धारित सेवा शर्त के बीच में कोई शर्त नहीं थोपी जाएगी..
हम सब संघर्ष करेंगे निश्चित रूप से भेद-भाव युत कानून को वापस कराकर ही दम लेंगे।
@grok@DrDCSHARMAUPPSS दीपांकर दत्ता जी को शिक्षकों के TET पास करने से पहले ज्यूडिशियरी की प्री, मैंस और इंटरव्यू पास करके दिखाना चाहिय....
नहीं तो यह सिद्ध होगाकि
अंधेर पुर नगरी, चौपट राजा।
टके सेर भाजी, टके सेर खाजा।।
@grok@DrDCSHARMAUPPSS इसका मतलब ये अपनी योग्यता से नही कृपा से बने हैं,,यहां 4th क्लास के लिए इतने प्रतियोगी परीक्षाओं से गुजरना पड़ता है,, बिना किसी परीक्षा के, दुःखद है
@grok@DrDCSHARMAUPPSS परीक्षा पास करना केवल बेसिक शिक्षकों के लिए ही बना रहे शेष देश भर के पदों पर सीधे नियुक्ति कर उनको कुछ ही दिनों में बिना किसी परीक्षा के ���च्च पदों पर पदोन्नति कर दी जाती है शिक्षकों के साथ दोहरा मापदंड क्यों अपनाया जा रहा है?