लबरी त���रे प्यार में
लबरा हो गए हम....
माई कसम ई धूप में बैठे बैठे
चितकबरा हो गए हम.😂
"तू रूठ जइबू त जीयब कईसे,
फाटल करेजवा के सियब कईसे,
तूंही त हउ हमार सोना के सुराही,
तूंही फूट जईबू त पनिया पियब कईसे !!
😝😝😝😝
कुछ धुंधली सी या���ें ही बची हैं
अब मस्तिष्क भी तो थक चला
पहला चुंबन नहीं भूल पाया कभी
तुम्हारा धूप का चश्मा भी याद है
कभी कभी पास रह कर भी
स्मृति-दीर्घा से झाँकना अतीत को
बड़ा ही सुहाना सा लगता है
सच कहूँ, कुछ भी भूला नही मैं
और तुम?
#बज़्म #बयार
#अँधेरा