आज जिला अयोध्या की बीकापुर विधानसभा के आर. डी. इंटर कॉलेज के खेल मैदान में आयोजित विशाल जनसभा में अपनों के बीच।
जनसभा को सफल बनाने के लिए दिन-रात मेहनत करने वाले सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और सहयोगियों का हृदय से आभार। अपने अपार ��्यार, समर्थन और विश्वास से जनसभा को ऐतिहासिक बनाने वाली अयोध्या की महान जनता को दिल से सलाम और अभिनंदन।
आपकी यह एकजुटता आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के मिशन-2027 को नई ऊर्जा और ताकत देगी।
जय भीम! जय भारत! जय मंडल!
#ASP_K_Mission2027
#UPMaangeChandraShekharAzad
#सम्पूर्ण_भागीदारी_आंदोलन
#24_सितंबर_चलो_जंतर_मंतर
आज जिला सीतापुर की मिश्रिख विधान सभा के मेला मैदान में आयोजित विशाल जनसभा में अपनों के बीच।
जनसभा को सफल बनाने के लिए दिन-रात मेहनत करने वाले सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और स���योगियों का हृदय से आभार। अपने अपार प्यार, समर्थन और विश्वास से जनसभा को ऐतिहासिक बनाने वाली प्रतापगढ़ की महान जनता को दिल से सलाम और अभिनंदन।
आपकी यह एकजुटता आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के मिशन-2027 को नई ऊर्जा और ताकत देगी।
जय भीम! जय भारत! जय मंडल!
#ASP_K_Mission2027
#UPMaangeChandraShekharAzad
#सम्पूर्ण_भागीदारी_आंदोलन
#24_सितंबर_चलो_जंतर_मंतर
आज जिला प्रतापगढ़ की विश्वनाथगंज विधान सभा में आयोजित विशाल जनसभा में अपनों के बीच।
जनसभा को सफल बनाने के लिए दिन-रात मेहनत करने वाले सभी पदाधिकारियों, का��्यकर्ताओं और सहयोगियों का हृदय से आभार। अपने अपार प्यार, समर्थन और विश्वास से जनसभा को ऐतिहासिक बनाने वाली प्रतापगढ़ की महान जनता को दिल से सलाम और अभिनंदन।
आपकी यह एकजुटता आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के मिशन-2027 को नई ऊर्जा और ताकत देगी।
जय भीम! जय भारत! जय मंडल!
#ASP_K_Mission2027
#UPMaangeChandraShekharAzad
23 जून को जंतर-मंतर की घटना पर पुलिस कहती है कि संजय कुमार की चोटें सामान्य थीं और खोपड़ी में दरार की बात निराधार है। लेकिन आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज के बयान में वह खुद “7 टांके”, “मरने की स्थिति” और “307 बनता था” जैसी बातें कह रहा हैं।
वह यह भी दावा कर रहा हैं कि संजय कुमार की बेटी निशु, थाने के बाहर खड़े होकर कह रही थी कि “���गर मेरे बाप को इंसाफ नहीं मिला तो हम जहर खाकर मर जाएंगे।” साथ ही उनका दावा है कि वे जेल तक नहीं गए और “कपिल मिश्रा अपने बड़े भाई हैं”, “चिराग पासवान अपने बड़े भाई हैं” तथा “सबका सपोर्ट है।"
तो सवाल है कि अगर घायल की हालत इतनी गंभीर थी और 7 टांके लगे थे, तो पुलिस की MLC में चोटें सामान्य कैसे बताई गईं? अगर धारा 307 का मामला बनता था, तो आरोपी जेल क्यों नहीं गया?
“कपिल मिश्रा के फोन के बाद छोड़ने का दावा सच है या झूठ? क्या पुलिस इसकी निष्पक्ष जांच करेगी? जब राजनीतिक संरक्षण का इतना स्पष्ट दावा सामने आ रहा है, तो पुलिस यह क्यों नहीं स्पष्ट कर रही कि इस मामले में किसी अनुचित प्रभाव या हस्तक्षेप की कोई भूमिका थी या नहीं?”
आखिर पुलिस के रिकॉर्ड और आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज के बयान में इतना बड़ा अंतर क्यों है? हमें इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और अपने पीड़ित परिवार को न्याय द���ला कर रहेंगे। जय भीम, जय भारत।।
ये किसी दूर-दराज़ गांव का नहीं, बल्कि देश के सबसे आधुनिक शहरों में गिने जाने वाले नोएडा का दृश्य है।
सेक्टर-78 स्थित वाल्मीकि बस्ती में लगभग 400 परिवार पिछले 20 दिनों से बिजली और पानी की आपूर्ति तकनीकी कारणों से बंद होने के कारण भारी संकट झेल रहे हैं। हालात ऐसे हैं कि महिलाएं, बुज़ुर्ग और बच्चे गंदे नाले से पानी ढोने को मजबूर हैं।
अगर समस्या वास्तव में तकनीकी थी, ���ो सरकार और प्र��ासन की जिम्मेदारी थी कि प्रभावित परिवारों के लिए तत्काल सुरक्षित और वैकल्पिक पानी-बिजली की व्यवस्था की जाती। लेकिन 20 दिन बीत जाने के बाद भी ऐसा नहीं हुआ। आखिर क्यों? क्या इसलिए कि पीड़ित परिवार बहुजन समाज से हैं? अगर यही संकट किसी पॉश कॉलोनी में होता, तो क्या वहां भी लोग 20 दिनों तक गंदे नाले से पानी ढोने को मजबूर रहते?
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी ,एक ओर देश आज़ादी के 80वें स्वतंत्रता दिवस का जश्न मनाने की तैयारी कर रहा है, वहीं दूसरी ओर बहुजन समाज के सैकड़ों परिवार पानी जैसी बुनियादी सुविधा के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
@UPGovt से मांग है कि बिजली और पानी की आपूर्ति तत्काल बहाल की जाए, प्रभावित परिवारों को राहत दी जाए तथा इस गंभीर लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए।
@CMOfficeUP
@dmgbnagar
मध्य प्रदेश के सागर जिले की बेटियों की यह तस्वीर भाजपा के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार के विकास मॉडल की सच्चाई उजागर करती है।
रहली विकासखंड के बेरखेड़ी कल्ला और चेनपुरा गांव की छात्राओं को हर दिन स्कूल पहुंचने के लिए उफनती कोपरा नदी पार कर अपनी जान जोखिम में डालनी पड़ रही है। जिस पुलिया के सहारे वे स्कूल जाती थीं, वह चार वर्ष पहले टूट गई थी, लेकिन आज तक उसका न तो पुनर्निर्माण कराया गया और न ही मरम्मत की गई। ग्रामीणों के अनुसार, इस गंभीर समस्या से अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को कई बार अवगत कराया गया, लेकिन वर्षों बीत जाने के ���ाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
यह बेहद शर्मनाक है। सोचने को मजबूर हूं कि आखिर सत्ताधारियों को चैन की नींद कैसे आती है?
माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष @BhimArmyChief नगीना से लोकप्रिय सांसद भाई चन्द्र शेखर आजाद जी के निर्देश एवं प्रदेश कमेटी की संस्तुति पर उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव-2027 की तैयारियों के दृष्टिगत निम्नलिखित विधानसभा क्षेत्रों हेतु प्रभारियों की नियुक्ति की जाती है।
नवनियुक्त सभी साथियों को हार्दिक बधाई एवं मंगलकामनाएँ।
आप सभी से अपेक्षा है कि पूरी निष्ठा, समर्पण और मेह��त के साथ संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करेंगे तथा सामाजिक न्याय, संविधान और बहुजन हितों की आवाज़ को जन-जन तक पहुँचाएंगे।
#ASP_K_Mission2027 #UPMaangeChandraShekharAzad
@news24tvchannel @TimesNow
बारिश की हर बूँद स्वीकार है, मगर मासूमों पर अन्याय स्वीकार नहीं, जिन्होंने अन्याय किया वो कितने ही ताकतवर क्यों ना हो, उनके पीछे कितनी बड़ी शक्ति क्यों ना हो, लेकिन जवाब देना ही होगा।
महापुरुषों के विचार ह�� मेरे संघर्ष की ताक़त हैं। जय भीम, जय भारत।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, यह नगीना लोकसभा वाला जिला बिजनौर है। यहाँ आते ही उन्हें भी परम पूज्य बाबा साहेब न केवल याद आ जाते हैं बल्कि पूजनीय भी लगने लगते हैं, जिनके वैचारिक पूर्वजों ने उनके जीते-जी उनकी शव यात्रा निकाली थी।
योगी आदित्यनाथ जी, आप उसी प्रदेश के मुख्यमंत्री हैं जहाँ दलितों पर अत्याचार के सबसे ज़्यादा मामले दर्ज होते हैं और यह मैं नहीं, NCRB का डेटा कहता है। एक उपलब्धि आपकी जरूर है कि अब पीड़ितों से मिलने जाने और उनका दुख बाँटने पर भी आपने रोक लगा दी है।
आपके ही राज में हाथरस की बेटी को उसकी मृत्यु के बाद आधी रात को आपकी पुलिस द्वारा टायरों के बीच जला दिया गया और आज तक भी उसके परिवार को न्याय नहीं मिला। जो वादे आपने किए थे, वे तो उच्च न्यायालय के आदेश के बाद भी आज तक पूरे नहीं हुए।
आपने उन चार मेडिकल कॉलेजों (जालौन, सहारनपुर, उन्नाव और अंबेडकरनगर) में दलितों के कल्याण के लिए स्पेशल कंपोनेंट के तहत आरक्षित 70% सीटों को SC/ST समाज के विद्यार्थियों के लिए आज तक पुनः श��रू नहीं किया। परिणामस्वरूप, इस वर्ष भी SC/ST समाज के अनेक बच्चे इस व्यवस्था से वंचित रह गए।
69,000 शिक्षक भर्ती में हुए पिछड़ा वर्ग आरक्षण घोटाले के पीड़ित, जिनसे आपने 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले स्वयं न्याय का वादा किया था, आज 2027 आने को है, फिर भी न्याय के लिए दर-दर भटक रहे हैं।
SC/ST और पिछड़ा वर्ग के बैकलॉग पदों पर भर्ती सालों से अटकी पड़ी है, लेकिन आपकी सरकार को इसकी कोई चिंता नहीं है।
परम पूज्य बाबा ���ाहेब ने शिक्षा को शेरनी का दूध बताया था, लेकिन विडंबना यह है कि आपके शासनकाल में उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक सरकारी विद्यालय बंद किए गए। क्या यही परम पूज्य बाबा साहेब के शिक्षा संबंधी विचारों का सम्मान है?
आए दिन प्रदेश के किसी न किसी हिस्से में सफाईकर्मियों को मात्र 8,500 रुपये मानदेय भी कई-कई महीनों तक नहीं मिलने के कारण आंदोलन करने पर मजबूर होना पड़ता है।
सीवर और सेप्टिक टैंक की सफाई के दौर���न सफाईकर्मियों क�� मौतों के मामलों में भी उत्तर प्रदेश देश के सबसे प्रभावित राज्यों में शामिल रहा है, फिर भी आज तक उन्हें सुरक्षित कार्य परिस्थितियाँ और सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित नहीं किया जा सका।
जनवरी में जारी होने वाली आवास योजना की दूसरी किस्त आज तक जारी नहीं की गई। बारिश का मौसम आ चुका है, लेकिन दलित, वंचित और गरीब परिवार आज भी अधूरे मकानों में रहने और बारिश से बचने के लिए एक सुरक्षित छत की तलाश करने को मज���ूर हैं।
आपकी सरकार में दलितों को पूर्ववर्ती सरकारों में मिले जमीन के पट्टों पर भी भू-माफियाओं ने सरकारी तंत्र की मिलीभगत से कब्जा कर लिया है।
सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के बाद भी आपने SC/ST कर्मचारियों को प्रमोशन में आरक्षण का लाभ आज तक नहीं दिया।
देश और प्रदेश की जनता सब देख रही है कि आपकी सरकार परम पूज्य बाबा साहेब के विचारों का सम्मान करती है या केवल उनके नाम का राजनीतिक उपयोग।
और हाँ... ज�� भीम! जय-जय जय-जय जय भीम!!
जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक जी से आज मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। साथ ही आंदोलन��त छात्र-छात्राओं से मिलकर उनका हौसला बढ़ाया तथा उनके लोकतांत्रिक संघर्ष के प्रति अपना समर्थन एवं एकजुटता व्यक्त की। आंदोलन में पहुँचे भीम आर्मी-आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के सभी साथियों का आभार।
आइए झुक कर सलाम करें उनको, जिनके हिस्से में यह मुकाम आता है।
बहुत खुशनसीब हो��े हैं वह योद्धा, जिनका लहू मिशन के काम आता है।
2 अप्रैल बहुजनों के ऐतिहासिक आंदोलन में बलिदान हुए हमारे वीर शहीदों को नमन, आप सब हमारे दिलों में हमेशा जिंदा है और रहेंगे।
#2अप्रैल_बलिदान_दिवस
किसान आंदोलन के शहीदों को मेरी तरफ से एक छोटी-सी श्रद्धांजलि
वर्ष 2026–27 के लिए कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के नियंत्रणाधीन अनुदानों की मांगों पर चर्चा एवं मतदान के दौरान अपनी बात रखते हुए।
1. कृषि पर 50% आबादी निर्भर लेकिन जीडीपी में सिर्फ 15–16% योगदान।
2. किसानों की कम आय -आर्थिक व सामाजिक अन्याय
3. कृषि बजट ज़मीनी जरूरतों के मुकाबले ���म।
4. पीएम किसान सम्मान निधि 6,000 रुपये सालाना अपर्याप्त है 1,00,000 रुपये करने की मांग।
5. सभी फसलों पर एमएसपी की कानूनी गारंटी।
6. घोषित एमएसपी वास्तव में कितने किसानों को मिल रही।
7. किसान को फसल का उचित मूल्य नहीं मिलना।
8. फसल बीमा योजना को प्रभावी बनाने की मांग।
9. किसान आत्महत्याएँ-सरकार की जिम्मेदारी तय हो।
10. पिछले 10 वर्षों में उत्तर प्रदेश में किसान आत्महत्या के आंकड़े व रोकथाम उपाय।
11. गन्ने का मूल्य 500 रुपये प्रति क्विंटल करने की मांग।
12. गन्ना भुगतान 14 दिन में सुनिश्चित हो।
13. आलू किसानों को उचित दाम।
14. यूरिया की उपलब्धता सुनिश्चित हो।
15. जर्जर नहरों की मरम्मत।
16. समय पर सिंचाई का पानी उपलब्ध कराया जाए।
17. वर्ष 2022 में यूपी सरकार ने वादा किया था कि बिजली का दाम आधे कर देंगे, लेकिन नहीं हुये।
@LokSabhaSectt
@AgriGoI
@ChouhanShivraj
#Budget2026
एक तरफ पीएम मोदी मंचों से कहते है "गोली मारनी है तो मुझे मार दो, मेरे दलित भाइयों को मत मारो", वहीं दूसरी तरफ भाजपा की सरकार वाले उत्तर प्रदेश में पुलिस गोली चला कर दलित नौजवान की हत्या कर देती है।
रामपुर में अंबेडकर पार्क की जमीन पर लगे "बाबा साहेब" के बोर्ड को हटाने को लेकर विवा�� में पुलिस फायरिंग में दलित युवक सोमेश की मौत अत्यंत दुखद है। यह पुलिस द्वारा कारित बहुत ही संगीन व दंडनीय अपराध है।
अपने इस परिवार के साथ मेरी पूरी संवेदनाएं हैं, उनका दुख सांझा करने के लिए मैं आज ही अपने इस परिवार से मिलने रामपुर जाऊँगा और @rampurpolice से मामले की निष्पक्ष जांच कर सख़्त से सख़्त कार्यवाही करने की माँग करता हूं।
जिला जौनपुर की “संवैधानिक अधिकार बचाओ, भा���चारा बनाओ” महारैली का ऐतिहासिक रूप से सफल आयोजन इस बात का जीवंत प्रमाण है कि बहुजन आंदोलन अब हर रैली के साथ नई ऊँचाइयों को छू रहा है।
जौनपुर की महारैली को ऐतिहासिक रूप से सफल बनाने में दिन-रात जुटे सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और सहयोगियों को हृदय से आभार, साथ ही, इस महारैली को अपना अपार प्यार और समर्थन देकर इतिहास रचने वाली सम्मानित जागरूक और संघर्षशील मेरे परिवार का दिल से स्वागत।
#ASP_K_Mission2027
उत्तर प्रदेश के जिला अमेठी के फुरसतगंज थाना क्षेत्र के चकदहिरामऊ गांव में जातंकवादी ने दलित मजदूर हौसिला प्रसाद सरोज को अपनी मजदूरी के पैसे मांगने पर इस बेरहमी से पीटा कि कई दिनों तक इलाज चलने के बाद कल उनकी मृत्यु हो गई। यह घटना अत्यंत दुखद, पीड़ादायक और दण्डनीय है।
परिजनों के अनुसार, 26 अक्तूबर को हौसिला प्रसाद मजदूरी के पैसे मांगने आरोपी के घर गए, तो जातंकवादी ने उन्हें बुरी तरह पीटकर घायल अवस्था में घर के पास फें�� दिया।
गंभीर हालत में उन्हें सीएचसी फुरसतगंज से रायबरेली जिला अस्पताल और फिर लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया। इलाज के बाद बृहस्पतिवार को उन्हें घर भेजा गया, लेकिन तबीयत बिगड़ती रही और शनिवार सुबह उनकी मौत हो गई।
परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने पहले मामूली धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की, जिससे आरोपी को बचाने की कोशिश की गई। यह पुलिस की लापरवाही और जातिवादी मानसिकता को उजागर करता है।
हम शोकाक��ल परिजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदना प्रकट करते हैं। प्रकृति से प्रार्थना है कि शोकसंतप्त परिवार को यह असहनीय दुख सहने की शक्ति प्रदान करें।
हम @UPGovt से मांग करते हैं कि —
1. आरोपी पर SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम और हत्या की कठोर धाराएँ लगाई जाएँ।
2. पीड़ित परिवार को 50 लाख रूपए का मुआवजा, एक सदस्य को सरकारी नौकरी और सुरक्षा दी जाए।
3. शुरुआत में हल्की धाराएँ लगाने वाले पुलिस अधिकारियों पर निलंबन और विभागीय कार्रवाई की जाए।
@CMOfficeUP
@myogiadityanath
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के काकोरी थाना क्षेत्र, पुरानी बाजार, शीतला मंदिर में RSS कार्यकर्ता द्वारा दलित बुजुर्ग रामपाल पासी को पेशाब चाटने के लिए मजबूर करना — सिर्फ़ एक अपराध नहीं, बल्कि जातिवाद व सामंतवाद की वर्षों पुरानी दलित विरोधी मानसिकता का नंगा प्रदर्शन है।
बीमारी से पीड़ित एक बुजुर्ग को, जिनसे पानी पीते समय गलती से थोड़ा पानी नीचे गिर गया था, आरोपी ने कहा क�� “तुमने पेशाब किया है” और पानी मंगवा कर उससे धूलवाया। साथ ही जातिसूचक गालियाँ देकर अपमानित किया गया — यह न केवल मानवता के लिए कलंक है, बल्कि संविधान की आत्मा पर भी प्रहार है।
शरीर पर सत्ता का जोर, आत्मा पर जातिवाद का विष।
हम @UPGovt से माँग करते हैं कि —
1. आरोपी को तत्काल गिरफ्तार कर SC/ST अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत कठोरतम सजा दी जाए।
2. पीड़ित रामपाल पासी को सरकारी सुरक्षा, सम्मानजनक मुआवज़ा औ�� इलाज की सुविधा दी जाए।
@CMOfficeUP
@myogiadityanath
सभापति महोदय, मैं आपके माध्यम से माननीय प्रधानमंत्री से विनम्र अनुरोध करता हूँ कि वे स्कूलों को बंद होने से बचाएं, क्योंकि उत्तर प्रदेश सरकार का यह निर्णय गरीबों के हितों को गंभीर क्षति पहुँचा रहा है। कृपया गरीबों को बचाइए, उनके बच्चों को शिक्षा से वंचित होने से बचाइए। और यदि यूपी सरकार इसके बावजूद भी नहीं मानती, तो मैं आपके माध्यम से उत्तर प्रदेश सरकार को कहना ��ाहता हूँ कि हम बच्चों के भविष्य को बचाने के लिए सड़कों पर उतरकर लोकतांत्रिक संघर्ष करेंगे। धन्यवाद।
@mygovindia
@PMOIndia @LokSabhaSectt
@narendramodi @UPGovt
@CMOfficeUP @myogiadityanath
#savevillageschools