माझ्यासारख्या अनेक तरुणांच्या मनात एक प्रश्न कायम पडतो की, गुटखा कायमस्वरूपी बंद का होत नाही? छोट्या-छोट्या टपऱ्यांवर कारवाई करण्यापेक्षा थेट उत्पादन करणाऱ्या कंपन्यांवर कठोर कारवाई का होत नाही?
या प्रश्नाचं सविस्तर आणि विचार करायला लावणार��� स्पष्टीकरण तुकाराम मुंडे सरांनी दिलं आहे. हा विषय प्रत्येक नागरिकाने समजून घेणं गरजेचं आहे.
एकदा हा व्हिडिओ नक्की पाहा आणि तुमचं मतही नक्कीच मांड���..!
@Tukaram_IndIAS धन्यवाद सर एक वाक्य खूप महत्वाचे आहे, मला स्वतः साठी करायचे यावर आपण ठाम राहिलो तर आपलं आरोग्य कायमस्वरूपी चांगलं राहील.
@AbhijitKaran25 धन्यवाद अभिजीत सर या मुलाखती साठी. या मुलाखती मधून अनेक प्रश्नांची उत्तरे मिळाली..!
@mumbaitak
"जिसको कुत्ता नहीं पूछता, वो सोशल मीडिया पर CM को गाली देते हैं"
◆ महाराष्ट्र विधानसभा में सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा
#DevendraFadnavis | Devendra Fadnavis | #Maharashtra | Maharashtra
सावधान!
क्या आपका दूधवाला मुसलमान है!
तो सावधान हो जाइए,
ये मोहम्मद आरिफ़ है, एक मुस्लिम दूधवाला।
दूध देने से पहले ये व्यक्ति दूध के डब्बे में थूक देता था।
सीतापुर में दूध मे�� थूकते हुए इसकी किसी ने वीडियो बना ली, पुलिस ने इसे गिरफ्तार कर लिया है।
जापान में हो रहा सनातन धर्म का विस्तार।
आम जापानी सनातन धर्म से जुड़ रहे हैं और अपने घरों में आरती-पूजन का आयोजन कर रहे हैं।
ऐसी ही एक सकारात्मक वीडियो जापान से आई है जहां एक जापानी परिवार अपने घर में आरती कर रहा है।
वंदे भारत एक्सप्रेस ने किया सबसे ऊंचा ब्रिज क्रॉस।
वंदे भारत एक्सप्रेस के चिनाब ब्रिज पार करने के शानदार नज़ारे।
ये तस्वीर भाजपा कार्यक���ल में विकास का नज़ारा है।
आर्मी चीफ जनरल धीरज सेठ का भावुक पल।
आ���्मी चीफ जनरल धीरज सेठ ने चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ के तौर पर गार्ड ऑफ ऑनर मिलने के बाद अपने पिता, लेफ्टिनेंट जनरल केएम सेठ (रिटायर्ड) को सैल्यूट करके सम्मान दिया।
उनके छोटे भाई, रियर एडमिरल ��वनीश सेठ ने भी उन्हें सैल्यूट किया।
वेनेजुएला भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,943 हो गई है।
10,571 लोग घायल हैं और लगभग 40,000 से 50,000 लोग अभी भी लापता हैं।
कुल 15,866 लोग प्रभावित हुए हैं, जबकि सैटेलाइट निरीक्षण से पता चलता है कि लगभग 58,870 इमारतें क��षतिग्रस्त या नष्ट हो गई हैं।
भारत तरक्की कर रहा है..!
आज भुसावल से गोवा ट्रेन से यात्रा करते समय एक अनुभव हुआ..!
अचानक, मेरे दोस्त के 2 साल के बेटे को बुखार आ गया। हमारे पास कोई दवा नहीं थी, और हमारी मंज़िल, मड��ांव, पहुँचने में अभी भी 7 घंटे बाकी थे। हमने सोचा कि अगले स्टेशन पर उतरकर डॉक्टर से सलाह लेंगे और फिर सड़क मार्ग से यात्रा जारी रखेंगे..!
मैंने यूँ ही ट्रेन में सामान बेचने वाले एक वेंडर से कहा..!
"हमें कुछ दवा चाहिए। क्या आप अगले स्टेशन पर इसका इंतज़ाम कर सकते हैं ? मैं आपकी मेहनत के लिए ₹500 दूँगा"
वेंडर ने जवाब दिया..!
"इसकी कोई ज़रूरत नहीं है। TTE (टिकट परीक्षक) से मिलिए; आपकी समस्या हल हो जाएगी"
हम ���ुरंत TTE से मिले..!
मैंने अपनी पूरी ज़िंदगी में किसी सरकारी कर्मचारी से इतनी तत्परता का अनुभव नहीं किया था..!
उन्होंने अपना काम रोका, तुरंत फ़ोन किया, हमारी सीट नंबर और बीमारी की स्थिति नोट की, और हमें अपनी सीट पर वापस जाने के लिए कहा..!*
सच कह���ँ तो, हमें ज़्यादा उम्मीद नहीं थी। हमने पहले ही तय कर लिया था कि अगर ज़रूरत पड़ी तो हम अगले स्टेशन पर उतरकर बच्चे को डॉक्टर के पास ले जाएँगे..!
हमने सोचा था कि शायद कोई कागज़ में लिपटी कुछ गोलियाँ ही लाएगा..!
लेकिन ठीक अगले स्टेशन पर, एक डॉक्टर अपने असिस्टेंट के साथ हमारी सीट पर आए। TTE भी वहाँ मौजूद थे। बच्चे की जाँच करने के बाद, डॉक्टर ने तुरंत अपने असिस्टेंट को हमें सिरप की कुछ बोतलें देने का निर��देश दिया। उन्होंने दवा देने का तरीका समझाया और फिर TTE से पैंट्री से थोड़ा नमक मँगवाने को कहा..!
TTE ने तुरंत एक और फ़ोन कॉल किया। डॉक्टर ने हमें बच्चे के माथे पर नमक के पानी में भीगा हुआ कपड़ा रखने की सलाह दी और चले गए..!
जब हमने आवाज़ देकर पूछा कि हमें कितने पैसे देने हैं, तो हमें बताया गया कि यह सब पूरी तरह से मुफ़्त था..!
हम अभी भी हैरान और चकित थे कि जब तक हम अ��नी सीट पर वापस पहुँचे, पैंट्री का एक कर्मचारी नमक लेकर आ गया..!
मेरा देश सचमुच बेहतर के लिए बदल रहा है..!
इतनी सारी आलोचनाओं का हम क्या करें..!
क्या उन्हें पेट्रोल के साथ पी जाएँ..!
मीडिया या अख़बारों में अक्सर ऐसे सकारात्मक बदलावों को उजागर नहीं किया जाता है..!
बदलाव हो रहा है। हमें भी इन अनुभवों को अपने रिश्तेदारों और दोस्तों के साथ साझा करना चाहिए..!
इसमें समय लगेगा, लेकिन हम उस बदलाव को देख और म���सूस कर रहे हैं जो हो रहा है..!
राष्ट्रहित सर्वोपरि..
🪷 🇮🇳 🙏 🇮🇳 🪷🇮🇳
मोहर्रम के जुलूस में हिंदुओं को धमकी ।
ये मोहर्रम का मातम मनाया जा रहा है या हिंदुओं को डराया जा रहा है।
त्योहार के नाम पर देश के पीएम को धमकी दी जा रही है।
भारत के झंडे में लिपटे हुए आदमी को फाँसी पर लटकाकर क्या संदेश देने की कोशिश कर रही है ये कौम।
बंगाल सरकार की बड़ी तैयारी!
महिला सुरक्षा के लिए 'दुर्गा स्क्वाड' बनाने का फैसला।
इसबार दुर्गा पूजा से से पहले 16 हजार महिला कॉन्स्टेबल की होगी तैनाती।
इसबार बंगाल में दुर्गा पूजा को भव्य बनाने की चल रही है तैयारी।