@SupriyaShrinate मुझे यह ट्वीट करते हुए खुद बहुत संकोच महसूस हो रहा है कि इस तरह की घटिया चीज नहीं करनी चाहिए
लेकिन सुप्रिया श्रीनेत तुम्हें आईना दिखाने के लिए यह जरूरी था
इसीलिए मैं कहता हूं कि कांग्रेसियों से बड़ा नीच दोगला धूर्त इस धरती पर कोई जानवर नहीं होगा
कांग्रेस पार्टी खुद तीन अखबार संचालित करती है
कौमी आवाज
नवजीवन
और ने��नल हेराल्ड
इन तीनों अखबारों में एक भी दलित या आदिवासी काम नहीं करता
नेशनल हेराल्ड ग्रुप की ग्रुप एडवाइजर हैं मृणाल पांडे
नेशनल हेराल्ड के एडिटर इन चीफ है राजेश झा
नेशनल हेराल्ड के न्यूज़ एडिटर है अथलीन मैथ्यू
नवजीवन के एडिटर इन चीफ है नीलाभ मिश्रा
कौमी आवाज के एडिटर इन चीफ है जफर आगा
इसमें से ना कोई दलित है ना कोई आदिवासी है
इसके अलावा कांग्रेस पार्टी के इन सभी अखबारों के जो संव���ददाता और लेखक हैं उनके नाम है
नितिन सेठी सूरज गोगोई डॉक्टर अमिताभ बैनर्जी चंदन कुमार रोमिला थापर नदीम इनामदार अनीता श्रीनिवासन कुमार नियम मुर्तजा मीनाक्षी नटराजन श्री गिरीश तारिक अहमद अमनप्रीत सिंह ककली अशोक कुमार वर्मा अशोक गोपाल राम शिरोमणि शुक्ला रूट वनिता लेखा रतनानी अशोक सेन अरुण सिंह खिलौना देसाई फैसल नीता गुप्ता सिराज दत्ता ललित कुमार झा अनुराधा भसीन दिनेश डी सिल्वा शालिनी सहाय मनोज पाठक ललिता अय्यर
इन्होंने पूरे भारत में अपना कोई भी संवाददाता किसी दलित या किसी आदिवासी को नहीं रखा है
और अपने लेखको के पैनल में इन्होंने किसी दलित और आदिवासी लेखक को शामिल नहीं किया है
इनके कांग्रेस पार्टी के मुख्य मीडिया में ना कोई दलित को इन लोगों ने काम पर रखा है ना किसी आदिवासी को इन लोगों ने काम पर रखा है
और यह दोगले दिन भर छाती कूटते हैं कि मीडिया में दलित और आदिवासी क्यों नहीं है
शर्म करो बेशर्मों
अरे नीच महिला पिछले 72 घंटे से लगातार बारिश हो रही है
अब तक 24 इंच से लेकर 28 इंच बारिश हो चुकी जगह-जगह भूस्खलन हो रहे हैं
क्यों किसी प्राकृतिक आपदा का मजाक उड़ा रही है नीच
केरल के वायनाड में जो प्राकृतिक आपदा आई जिसमें एक झटके में 430 लोग मारे गए हमने उस प्राकृतिक आपदा का केरल मॉडल कह कर मजाक नहीं उड़ाया था क्योंकि हम इंसान हैं
क्या तुम कांग्रेसियों की पैदाइश और पालन पोषण जी��ी रोड के कोठे पर होता है जो तुम्हारी मानवता और संवेदना खत्म हो जाती हैं
राहुल गांधी कहते है
“बंगाल rg kar हॉस्पिटल रेप हत्या distraction” है
राकेश टिकैत कहता है “यह propaganda है, षड्यंत्र है”
यह इनकी असलियत है। media इसको नहीं दिखाएगा इसलिए आपसे अनुरोध है कि ज़्यादा से ज़्यादा इसको आगे बढ़ा देना ��
This is ridiculous and totally unacceptable.
No Congress, you can't mock our festivals for your cheap politics.
If you dare, try to do it with Islamic religious festivals.
Delete it immediately @SupriyaShrinate
अरे तुम लोग तो लोकसभा चुनाव के समय कह रही थी कि मोदी अगर तीसरी बार प्रधा���मंत्री बन गया तो फिर देश में कभी कोई चुनाव नहीं होगा
हिम्मत है यह कहने की हम लोग झूठे हैं हम लोग नीच हैं