आगरा में युवक की रेलवे ट्रैक पर मिली लाश के मामले में अब तक पीड़ितों की ���िपोर्ट नहीं लिखी गई.
थाना बाह (आगरा): ध्रुव सिंह के परिवार वाले साजिश के तहत उसकी हत्या कर शव रेलवे ट्रैक पर फेंकने के मामले में हत्या की FIR तथा आरोपियों की गिरफ़्तारी की मांग कर रहे हैं.
पुलिस कमिश्नरेट आगरा के थाना बाह के अं��र्गत ग्राम इन्द्रायनी से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। पीड़ित करन पुत्र स्व. श्री मलिखान सिंह ने अपने सगे भाई ध्रुव सिंह की सोची-समझी साजिश के तहत हत्या किए जाने की लिखित शिकायत दर्ज कराई है। इस संवेदनशील मामले में त्वरित निष्पक्ष जांच और आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की सख्त आवश्यकता है।
करन के द्वारा दिए गए शिकायती पत्र के अनुसार पूरी घटना का क्रमबद्ध विवरण दिया गया है.
1️⃣ म��तक ध्रुव सिंह के परिवार का आरोप है कि उसे जान से मारने से पहले मारपीट और धमकी दी गई थी. परिवार का कहना है कि 8 जून 2026 को ध्रुव सिंह अपनी दूध की डेयरी पर दूध जमा करने गया था। वहां से लौटते समय रास्ते में अर्जुन सिंह उर्फ भोला (पुत्र दाऊदयाल) और रा��ुल (पुत्र छत्रपाल) ने ध्रुव को रोककर उसके साथ बर्बरता से मारपीट की और जान से मारने की सीधे शब्दों में धमकी दी। ध्रुव ने घर आकर इस घटना की पूरी जानकारी अपनी माता जी को दी थी।
2️⃣ मृतक करन के परिवार को संजली नामक लड़की पर साजिश का शक. ध्रव सिंह के परिवारवालों के मुताबिक़ घटनाक्रम में संजली नामक लड़की की भूमिका बेहद संदिग्ध है। उसके मोबाइल नंबर से ध्रुव सिंह के फोन पर कॉल आई थी। पीड़ित परिवार का आ���ोप है कि इसी कॉल और साजिश के जाल के तहत ध्रुव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई गई।
3️⃣ मृतक ध्रुव सिंह के परिवार के मुताबिक़ उसका शव और क्षतिग्रस्त मोटरसाइकिल की बरामदगी धमकी मिलने के ठीक दो दिन बाद हुई. 10 जून 2026 को सुबह करीब 09:50 बजे प्रार्थी को भगवान पुत्र श्री मुरारीलाल (निवासी रघुनाथ पुरा मौजा चौरंगी, थाना बाह) के माध्यम से सूचना मिली कि ध्रुव सिंह का शव भदौली स्टेशन पर ट्रेन की पटरी से कटा हुआ पड़ा है। मौके पर ध्रुव सिंह की मोटरसाइकिल भी बुरी तरह से टूटी-फूट और क्षतिग्रस्त हालत में पायी गई, जो किसी बड़ी साज़िश को बयां करती है।
4️⃣ पीड़ित पक्ष की ओर से 11 जून 2026 को मृतक के भाई करन ने थाने में लिखित तहरीर देकर संजली की कॉल डिटेल्स व अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य पुलिस को संलग्न करके सौंपे हैं।
पीड़ित परिवार की प्रशासन से मुख्य मांगें: नामजद आरोपियों (अर्जुन सिंह उर्फ भोला और राहुल) पर हत्या व साजिश का मुकदमा दर्ज किया जाए. साथ ही संजली नामक लड़की और आरोपियों के मोबाइल नंबरों की सीडीआर (Call Detail Records) की गहनता से वैज्ञानिक जांच हो।पीड़ित परिवार ने आरोपियों से बचाने के लिए सुरक्षा मुहैया कराने की भी मांग की है.
@adgzoneagra @DCPCityAgra @Uppolice @agrapolice | #AgraPolice #UPPolice #AgraCrime #CrimeInUP #BahPolice
प्रयागराज में मोदी-योगी की डबल इंजन सरकार ने "संयुक्त प्रतियोगी छात्र हुंकार मंच" के संयोजक पंकज पांडे को जेल में डाल दिया।
आज 5 साल के बाद पंकज को TGT की परीक्षा देने का मौका मिला था।
लेकिन तानाशाह BJP सरकार ने पंकज पांडेय को जेल में रखा परीक्षा देने का मौक़ा नही दिया।
युवाओं को ये अन्याय याद रखना होगा।
"Heartiest congratulations and best wishes to @rishav_ranjan18 Bhaiya on this spectacular and glorious journey!
Along with being highly educated, proving his mettle at the country's highest court (Supreme Court) at such a young age and setting new benchmarks of success in almost every case is truly inspiring. This is a direct result of his hard work, deep understanding of the law, and unwavering dedication.
I pray to God that his journey of success continues to advance rapidly. May he be counted among the most eminent and top advocates of the country in the times to come, and always remain a voice for the weak and needy in this fight for justice.
Heartfelt best wishes to Rishav Bhaiya for all future legal battles and for reaching new heights! Keep making the country and society proud just like this."🙏♥️
@GovindMishraMrj@RajatYadav_
आ��ोग की लापरवाही और लचर व्यवस्था के कारण उत्तर प्रदेश में एक बार फिर से एक महत्वपूर्ण परीक्षा संदेह के घेरे में आ चुकी है!
लेखपाल भर्ती परीक्षा में जिस तरह से अव्यवस्थाओं और धांधली की खबरें सामने आई हैं, वह सिस्टम की नाकामी का सबसे बड़ा सबूत है। जिन होनहार युवाओं ने अपने जीवन के कीमती वर्ष और अपना सर्वस्व इस परीक्षा की तैयारी में न्योछावर कर दिया, आज वे सड़क पर खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। गरीब माता-पिता की गाढ़ी कमाई और 3 लाख से अधिक छात्रों के भविष्य को इस तरह शिक्षा और नकल माफियाओं की भेंट नहीं चढ़ने दिया जा सकता।
आयोग और राज्य सरकार से पुरजोर मांग हैं कि वे इस गंभीर विषय पर तत्काल संज्ञान लें। लीपापोती करने या इसे भ्रामक बताने के बजाय, आवश्यक और सख्त कार्यवाही करते हुए एक पारदर्शी, उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए जाएं।
#Lekhpal_Exam_Investigation
सेवा में,
माननीय मुख्यमंत्री महोदय,
यूपी सरकार, लखनऊ, उतर प्रदेश।
विषय: राजस्व लेखपाल मुख्य परीक्षा (विज्ञापन संख्या-02/2025) के संदर्भ में सोशल मीडिया पर प्रसारित कथित विसंगतियों, दावों एवं आशंकाओं की निष्पक्ष व उच्च स्तरीय समीक्षा/जांच कराने के संबंध में सादर प्रार्थना पत्र।
महोदय,
सविनय निवेदन है कि यूपी लेखपाल भर्���ी की मुख्य परीक्षा में सम्मिलित अत्यंत अनुशासित एवं आपके "जीरो टॉलरेंस" की नीति पर भरोसा रखने वाले ईमानदार अभ्यर्थी इस पत्र के माध्यम से आपका ध्यान दिनांक 21 मई 2026 को आयोजित हुई लेखपाल मुख्य परीक्षा के उपरांत सोशल मीडिया एवं विभिन्न माध्यमों पर उत्पन्न हुई असमंजस की स्थिति तथा परीक्षा की शुचिता को लेकर व्यक्त की जा रही विभिन्न आशंकाओं की ओर अत्यंत आदरपूर्वक आकर्षित करना चाहते हैं।
परीक्षा के संपन्न होने के बाद से ही विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉ��्म्स (जैसे X/ट्विटर, टेलीग्राम, व्हाट्सएप) पर स्क्रीनशॉट और वीडियो के कथित रूप से प्रसारित होने के दावे किए जा रहे हैं। इसके साथ ही, विभिन्न सूत्रों द्वारा कुछ परीक्षा केंद्रों पर संदिग्ध गतिविधियों और अनुचित साधनों के अनधिकृत उपयोग की आशंकाएं भी जताई जा रही हैं।
वर्तमान में व्याप्त इस अनिश्चितता और असमंजस की स्थिति ने लाखों योग्य व परिश्रमी अभ्यर्थियों को गहरे मानसिक तनाव और भारी निरा���ा में धकेल दिया है। हम भली-भांति समझते हैं कि कई बार असामाजिक तत्वों द्वारा आपकी सरकार की छवि धूमिल करने के उद्देश्य से भ्रामक अफवाहें भी फैलाई जाती हैं, परंतु यदि इन खबरों व दावों में रत्ती भर भी सत्यता अंश है, तो यह प्रदेश के कर्मठ युवाओं के भविष्य और आपकी सरकार द्वारा स्थापित शुचिता, निष्पक्षता, साख व पारदर्शिता के सिद्धांतों के सर्वथा विप���ीत है।
अतः अभ्यर्थियों के व्यापक हित, प्रदेश के युवाओं के अटूट भरोसे और परीक्षा की पवित्रता को अक्षुण्ण बनाए रखने हेतु हम निम्नलिखित न्यायसंगत एवं वैधानिक मांगें आपके समक्ष सहानुभूतिपूर्वक विचारार्थ प्रस्तुत करते हैं:
उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष तकनीकी जांच: परीक्षा प्रक्रिया के संदर्भ में सोशल मीडिया पर प्रसारित इन कथित विसंगतियों, स्क्रीनशॉट, वीडियो और दावों की सत्यता की परख करने हेतु इसकी जांच प्रदेश की विश्वसनीय एवं स्वतंत्र उच्चस्तरीय तकनीकी एजेंसी अथवा STF को सौंपी जाए, ताकि पूरी निष्पक्षता के साथ वास्तविक स्थिति और सत्य सामने आ सके।
साइबर एवं फॉरेंसिक टाइमस्टैम्प जांच: सोशल मीडिया पर प्रसारित हुए कथित वीडियो और चैट के Timestamp की गहन साइबर व फॉरेंसिक जांच कराई जाए, जिससे यह पूरी तरह प्रमाणित हो सके कि ये सामग्रियां परीक्षा अवधि के दौरान की हैं अथवा परीक्षा संपन्�� होने के पश्चात केवल भ्रम व अराजकता फैलाने के उद्देश्य से प्रसारित की गई हैं।
संदिग्ध परीक्षा केंद्रों की समीक्षा: जिन परीक्षा केंद्रों के संबंध में अभ्यर्थियों अथवा सोशल मीडिया के माध्यम से कोई विसंगति या संदिग्ध गतिविधि की शिकायत प्राप्त हुई हो, वहां की CCTV फुटेज की सूक्ष्मता से जांच की जाए। यदि कहीं भी कोई संलिप्तता पाई जाती है, तो दोषी तत्वों, शिक्षा माफियाओं व अनुचित लाभ लेने का प्रयास करने वाले अभ्यर्थियों के विरुद्ध कठोरतम (बुलडोजर व गैंगस्टर एक्ट जैसी) कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
समयबद���ध एवं पारदर्शी आख्या (Report): लाखों अभ्यर्थियों के मन से असमंजस और अविश्वास के वातावरण को दूर करने हेतु इस संपूर्ण समीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी रखा जाए तथा एक निश्चित समय-सीमा (जैसे 15 या 30 दिन) के भीतर इसकी आधिकारिक जांच रिपोर्ट सार्वजनिक कर स्थिति स्पष्ट की जाए।
वैधानिक निर्णय एवं पुनः परीक्षा का विकल्प: यदि उच्च स्तरीय जांच में प्राथमिक स्तर पर भी किसी भी प्रकार का व्यापक नियम-उलंघन, गोपनीयता भंग होना अथवा शुचिता प्रभावित होना प्र��ाणित होता है, तो समस्त योग्य अभ्यर्थियों के साथ पूर्ण न्याय सुनिश्चित करने हेतु इस परीक्षा को वैधानिक रूप से निरस्त किया जाए, तथा बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के पूर्णतः सुरक्षित, पारदर्शी और अभेद्य तरीके से पुनः परीक्षाये आयोजित की जाए।
महोदय, आपकी सरकार हमेशा से प्रदेश के युवाओं के भविष्य, उनकी प्रतिभा और पारदर्शी चयन प्रक्रियाओं के प्रति पूर्णतः संवेदनशील, कटिबद्ध व न्यायप्रिय रही है। हमें पूरा विश्वास है कि आप लाखों युवाओं के त्याग, तपस्या और ईमानदारी को व्यर्थ नहीं जाने देंगे तथा इस अत्यंत संवेदनशील मामले में त्वरित संज्ञान लेकर निष्पक्ष और न्यायसंगत निर्णय से युवाओं का शासन व व्यवस्था के प्रति विश्वास और अधिक सुदृढ़ करेंगे।
भवदीय,
समस्त लेखपाल मुख्य परीक्षा के प्रभावित, अनुशासित एवं न्यायप्रिय अभ्यर्थी। 🙏
#Lekhpal_Exam_Investigation
सेवा में,
श्रीमान अध्यक्ष/सचिव महोदय,
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (@upprpb), तुलसी गंगा कॉम्प्लेक्स, विधानसभा मार्ग, लखनऊ, उत्तर प्रदेश - 226001
विषय: UPSI भर्ती परीक्षा के परिणाम एवं नॉर्मलाइजेशन प्रक्रिया के संबंध में अभ्यर्थियों की चिंताओं को संज्ञान में लेने हेतु।
��होदय,
सविनय निवेदन है कि सोशल मीडिया और विभिन्न संचार माध्यमों से उत्तर प्रदेश सब-इंस्पेक्टर (UPSI) भर्ती परीक्षा के परिणाम को लेकर अभ्यर्थियों में असमंजस और चिंता की स्थिति बनी हुई है। इसी क्रम में, विख्यात कोचिंग संस्थान RWA (रोज़गार विद अंकित) के संचालक श्री अंकित भाटी सर के दो वीडियो और संदेश सामने आए है, जिसे समस्त अभ्यर्थियों के अनुरोध पर आपके सादर संज्ञान में लाया जा रहा है।
वीडियो में अ��कित भाटी सर ने भर्ती बोर्ड से बेहद शालीनता और संवेदनशीलता के साथ अभ्यर्थियों के हित में निम्नलिखित बिंदुओं पर विचार ��रने का आग्रह किया है:
मुख्य चिंताएं और विसंगतियां:
एक ही शिफ्ट में अंकों का बड़ा अंतर: अंकित सर द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, 14 मार्च की प्रथम पाली (First Shift) में OBC कैटेगरी के अभ्यर्थी दीपांशु का 130 प्रश्नों पर DV/PST (दस्तावेज सत्यापन और शारीरिक मानक परीक्षण) के लिए चयन हो गया है। इसके विपरीत, उसी समान शिफ्ट और समान कैटेगरी के एक अन्य अभ्यर्थी तिलकराम का 134 प्रश्नों पर भी चयन नहीं हुआ है। अंकित भ��टी सर के अनुसार, इस तरह के उदाहरण लगभग प्रत्येक शिफ्ट में देखने को मिल रहे हैं।
नॉर्मलाइजेशन पर सवाल: यदि यह अंतर नॉर्मलाइजेशन (प्रसामान्यीकरण) प्रक्रिया के कारण आया है, तो अभ्यर्थियों के मन में यह सवाल है कि एक ही शिफ्ट के दो अलग-अलग अभ्यर्थियों के अंकों में नॉर्मलाइजेशन के बाद इतना बड़ा उलटफेर (कम या ज्यादा होने का अंतर) कैसे संभव है?
मानसिक तनाव: इस विसंगति और स्पष्टता के अभाव के कारण परीक्षा देने वाले हजारों ��ोग्य अभ्यर्थी इस समय अत्यधिक मानसिक तनाव और असमंजस में हैं।
अभ्यर्थियों की ओर से भर्ती बोर्ड से विनम्र प्रार्थना:
भर्ती बोर्ड की कार्यप्रणाली और पारदर्शिता हमेशा से सराहनीय रही है। अतः इस पूरी प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी बनाने तथा लाखों युवाओं के संशय को दूर करने के लिए अंकित भाटी सर और समस्त अभ्यर्थियों की ओर से निम्नलिखित मांगें की जा रही हैं:
स्कोरकार्ड (Scorecard) जारी किया जाए: भर्ती ��ोर्ड सभी अभ्यर्थियों के रॉ मार्क्स (Raw Marks) और नॉर्मलाइज्ड मार्क्स (Normalized Marks) के साथ आधिकारिक स्कोरकार्ड जारी करे।
कट-ऑफ और नॉर्मलाइजेशन प्रक्रिया का स्पष्टीकरण: चयन प्रक्रिया में अपनाए गए नॉर्मलाइजेशन के सटीक तरीके और शिफ्ट-वाइज कट-ऑफ को सार्वजनिक रूप से थोड़ा और स्पष्ट किया जाए, ताकि एक ही शिफ्ट में आ रहे इस अंतर का सच सामने आ सके।
"स्कोरकार्ड जारी होने से न केवल अभ्यर्थियों को अपनी वास्तवि�� स्थिति का पता चलेगा, बल्कि भर्ती बोर्ड की निष्पक्षता और विश्वसनीयता पर युवाओं का भरोसा और अधिक मजबूत होगा।"
महोदय, युवाओं के भविष्य, उनकी वर्षों की कड़ी मेहनत और उनके माता-पिता की उम्मीदों को ध्यान में रखते हुए, कृपया इस विषय पर सहानुभूतिपूर्वक और गंभीरता से विचार करने की कृपा करें। आशा है कि श्री अंकित भाटी सर के वीडियो संदेशों को संज्ञान में लेकर भर्ती बोर्ड जल्द ही इस संबंध में कोई सकारात्मक कदम उठाएगा या आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी कर युवाओं को संतुष्ट करेगा।
धन्यवाद।
भवदीय,
समस्त पीड़ित एवं न्यायप्रिय अभ्यर्थी,
(UPSI) भर्ती परीक्षा।
दिनांक: [16/05/2026]
संलग्नक:
श्री अंकित भाटी सर के यूट्यूब वीडियो No 1 का लिंक ~ https://t.co/bBKOf51bM9
यूट्यूब वीडियो No 2 का लिंक ~ https://t.co/bBKOf51bM9
इंस्टाग्राम वीडियो No 1 लिंक ~ https://t.co/z86Dzv0yBA
@ankitbhati_rwa @rojgarwithankit
दुनिया का आठवां अजूबा नहीं देखा तो अब देख लीजिए...
कह���ं आपने देखा है कि एग्जाम का रिजल्ट आए और किसके कितने नम्बर आएं ये न बताया जाए।
UPSI 4543 भर्ती में ठीक ऐसा ही हुआ है। �� अभ्यर्थियों के नंबर दिखाए जा रहें हैं और न ही ये बताया जा रहा है कि नॉर्मलाइजेशन किस तरह से किया है।
2017 की भर्ती में भी संपूर्ण डाटा जारी किया गया था,2021 में भी
इस बार ही पता नहीं किस कारण से भर्ती बोर्ड चुप है।
अतः एक बार फिर से UPSI भर्ती के सभी अभ्यर्थी सरकार तथा भर्ती बोर्ड से मांग करते हैं कि कृपया अविलंब स्कोर कार्ड तथा नॉर्मलाइजेशन डाटा सार्वजनिक करने की कृपा करे।
जिससे कि भर्ती की शुचिता य��� पारदर्शिता पर कोई संदेह न रहे।
#UPSI_GIVE_SCORE_CARD
#UPSI_GIVE_NORMALISATION_DATA
#YOGIJI_REFORM_UPPRPB
#upsi_bharti_4543
@upprpb @UPGovt @CMOfficeUP @myogiadityanath @ChiefSecyUP 🙏
ये प्रयागराज का छात्र सुमित है, हाल ही में SI की परीक्षा पास की है
इंस्टाग्राम पर अपनी वीडियो के ज़रिए प्रयागराज के भ्रष्टाचार को दिखाता है
कल रात पुलिस ने सादी वर्दी में सुमित को उठा लिया, करीब दस घंटे बाद पता चला पुलिस ने उठाया है
इस सरकार में तानाशाही चरम पर है ।
#Score_Card_जारी_करो
सब कुछ कितनी जल्दी से बदल जाता है कल तक मैं रनिंग की प्रिपरेशन कर रही थी और मेरी ��निंग टाइमिंग में नहीं आ रही थी फिर भी मैं बहुत खुश थी हर दिन कुछ सेकंड्स काम करती और मन में एक ऊर्जा सी भर जाती आज ऐसा लग रहा है जैसे कुछ करने को है ही नहीं लेखपाल का पेपर भी आ गया, कांस्टेबल भी आ गया परंतु मन ही नहीं करता पॉजिटिव तो रहना ही पड़ेगा चीज अब यहां से कुछ नहीं हो सकता यूपीएसआई आगे बढ़ना ही पड़ेगा सोच रही हूं ट्विटर डिलीट कर दू।
UPSI 2025 अभ्यर्थी अभी भी अपने Raw Score और Normalization को लेकर असमंजस में हैं। Final Answer Key के बाद छात्रों को अपने वास्तविक अंक जानने का पूरा अधिकार है।
Score Card जारी न होने से लाखों अभ्यर्थियों में भ्रम और मानसिक दबाव बढ़ रहा है। आयोग से अनुरोध है कि जल्द से जल्द UPSI 2025 का Score Card जारी किया जाए।
#Score_Card_जारी_करो
#Release_Score_Card
@upprpb@dgpup@myogiadityanath