साइकोपैथ होते हैं ऐसे बच्चे...किसी तरह की काउंसलिंग इनको नहीं सुधार सकती है.
वीडियो देखकर ही खून खौल रहा है, पता नहीं पीड़ित बच्चे के मां-बाप ने कैसे इतना संयम बरता!
Dr. @Sachchida_Joshi Member Secretary IGNCA highlights how Bharat is increasingly projecting its ancient wisdom and civilisational ethos through modern statecraft—from the new Parliament building and the Sengol to the Chola Nataraja showcased at the G20.
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#12YearsofVikasBhiVirasatBhi
@MinOfCultureGoI@gssjodhpur@mygovindia@PMOIndia
This is the intersection of of Merutt
When On the day of B. R.Ambedkar’s birth anniversary, the intersection looks less like a tribute and more like a political marketplace.
Every party has its own version of Ambedkar—tailored, packaged, and color-coded for its audience.
कोई उन्हें संविधान का शिल्पकार कहता है,
कोई उन्हें सामाजिक क्रांतिकारी बताता है,
और कुछ तो बस उन्हें मौसमी प्रतीक के तौर पर इस्तेमाल करते हैं—सिर्फ दिखावे के लिए।
Meanwhile, the ordinary citizen stands in the middle—
unbranded, unamplified, and largely unheard.
This is where it gets interesting.
Because what we’re witnessing isn’t just remembrance—it’s narrative construction.
In today’s politics, dissent doesn’t always emerge organically;
it is curated, amplified, and sometimes manufactured.
Narratives are built the same way campaigns are—through repetition, symbolism, and strategic visibility.
Posters replace reading.
Slogans replace substance.
And icons become instruments.
Ambedkar spoke of equality under law—but here, even legacy is competing for billboard space.
The real question isn’t who celebrates him louder,
but who engages with what he actually stood for.
Because once the anniversary passes,
the noise fades, the posters change—
but the manufactured narratives remain in circulation.
#ambedkar
#ManufacturedDissent #NarrativePolitics
Source /picture courtesy-@deepakhh1
नोएडा/जेवर एयरपोर्ट कार्यक्रम में मुख्यमंत्री Yogi Adityanath का संबोधन—शुरुआत में ही प्रधानमंत्री पर केंद्रित, जनता से सीधा संवाद कम,मुख्यमंत्री ने लगभग 20 बार “मान्यवर” कहकर प्रधानमंत्री को संबोधित किया
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath का संबोधन पूरी तरह प्रधानमंत्री Narendra Modi के इर्द-गिर्द रहा। भाषण की शुरुआत से लेकर अंत तक मुख्यमंत्री ने लगभग 20 बार “मान्यवर” कहकर प्रधानमंत्री को संबोधित किया, लेकिन जनता से सीधा संवाद सीमित नजर आया।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि पिछले 11–12 वर्षों में योजनाएं व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ी हैं और देश में पेट्रोलियम आपूर्ति सुचारू रूप से चल रही है। उन्होंने तुलना करते हुए कहा कि अमेरिका जैसे विकसित देशों में पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतें आसमान छू रही हैं, जबकि भारत में स्थिति नियंत्रित है और अव्यवस्था का अभाव है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि सरकार ने एक्साइज ड्यूटी कम कर आम जनता को राहत देने का काम किया है।
अपने भाषण में उन्होंने विपक्ष, खासकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर भी तीखा हमला बोला। मुख्यमंत्री ने कहा कि 2002 से 2017 तक प्रदेश ने “जलालत” झेली, लेकिन पिछले 12 वर्षों में डबल इंजन की सरकार ने विकास की गति को तेज किया है।
मुख्यमंत्री ने याद दिलाया कि 25 नवम्बर 2021 को प्रधानमंत्री Narendra Modi ने इस एयरपोर्ट का शिलान्यास किया था और अब यह परियोजना उत्तर प्रदेश के उज्ज्वल भविष्य का “लॉन्च पैड” बनने जा रही है। उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे, यमुना एक्सप्रेसवे, गंगा एक्सप्रेसवे, रैपिड रेल और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा, जिससे उत्तर प्रदेश वैश्विक एविएशन मैप पर अपनी मजबूत पहचान बनाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि फिलहाल एक रनवे से संचालन शुरू होगा, लेकिन भविष्य में यहां पांच रनवे बनाए जाएंगे, जिससे यह एक ग्लोबल एयरपोर्ट के रूप में विकसित होगा। अपने संबोधन के अंत में उन्होंने प्रधानमंत्री Narendra Modi का अभिनंदन करते हुए भाषण समाप्त किया।
#noida #NoidaAirport #yogi #UttarPradesh
वन्देमातम है जरूरी और रहना भी चाहिए
अब राष्ट्रगान से पहले बजेगा वंदे मातरम्, नए आदेश जारी।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने वंदे मातरम को लेकर नई गाइडलाइंस जारी की हैं।
अब सरकारी कार्यक्रमों और स्कूलों में 6 छंद वाला पूरा वंदे मातरम बजाना अनिवार्य होगा और इसके दौरान खड़े रहना जरूरी रहेगा, हालांकि सिनेमाघरों में यह नियम लागू नहीं होगा।
साथ ही, यदि वंदे मातरम और जन गण मन दोनों बजते हैं तो पहले वंदे मातरम बजाया जाएगा।
#vandematram
Anti-Incumbency - सत्ता विरोधी लहर यह शब्द आपको ज़ब सुनने को मिलेगा तब चुनाव परिणाम अगर किसी पार्टी के पक्ष में नहीं आते लेकिन उसका #example देना बहुत मुश्किल होता हैं। आज में आपको इसका जीता -जागता उदाहरण दूंगा।
#RapidRail को #meerutcity की सीमा में प्रवेश किए हुए #जनवरी 2026 को एक वर्ष पूरा हो गया लेकिन सब कुछ ठीक होने के बावज़ूद भी इस ट्रेन को अभी #meerut के अंदर प्रवेश की अनुमति नहीं मिल सकी हैं इसके लिए प्रदेश और केंद्र सरकार का रवैया खराब हैं। मेरठ के जनप्रतिनिधि लाज़वाब हैं उनकी क्या बात की जाए।
आज #morning में सुबह युवाओं की इतनी भीड़ लगी थी और सब सरकार की इस नीति पर गलिया रहें थे शहरवासियो को #रेपिड के मेरठ साउथ स्टेशन तक आने के लिए अधिक खर्च और घंटो का सफर पूरा करके आना पड़ रहा हैं।
में खुद शास्त्रीनगर से 17 किमी का सफर कर मेरठ साउथ पहुंचता हूँ। शाम के समय तो हालात यह हैं की मेरठ साउथ से शास्त्रीनगर पहुंचने में एक घंटे से अधिक का समय लग जाता हैं और आनंद विहार से मेरठ साउथ तक सिर्फ 35 मिनट।
अब बताइये यह #Antiincumbency का उदाहरण नहीं तो क्या हैं...कोई समय भी नहीं बताया जा रहा की शहर में कब चलेगी रेपिड।
कब शहर में दर्शन दोगी रेपिड रेल... बड़ी देर भई।
#meerutnews #रैपिडरेल #NCRTC #delhi #UttarPradesh #CMYogiAdityanath
Kartavya Bhavan 1,2 and 3 is first phase of Central Vista Project of CPWD, Govt of India
10 such Grand Office buildings will host 51 Ministries
Designed by HCP & constructed by Larsen Toubro, these modern Sarkari offices decide policies that shape Viksit Bharat 2047
Pic Source - @marinebharat
कल लोकसभा में चल रही बहस के दौरान जब नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी जी को रोकने के लिए गृह मंत्री अमित शाह उठे तब पीछे बैठे अनुराग ठाकुर भी जोश में उठ खड़े हुए।
लेकिन इसी बीच उन्होंने जो बेल्ट पहन रखी थी वो कैमरे में रिकॉर्ड हो गई, जिसे वो छुपाते भी नजर आये थे लेकिन अब वह जमकर वायरल है।
उनकी यह बेल्ट Louis Vuitton (LV) ब्रांड की है जिसकी कीमत लगभग 82 हजार रुपए है।
❄️ बर्फ़ की चादर में लिपटा श्री बद्रीनाथ धाम ❄️
हिमालय की गोद में बसे श्री बद्रीनाथ धाम के अद्भुत दृश्य की मनमोहक तस्वीरें।
प्रकृति और आस्था का यह अनुपम संगम जो श्रद्धालुओं का मन मोह ले
AAP से राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल ने संसद में कहा
• जेनरिक की जगह ब्रांडेड दवाओं के नाम पर लूट
• इंश्योरेंस प्रीमियम hikes पर सख़्त निगरानी
• हॉस्पिटल में ट्रांसपेरेंट & रीजनलेबल बिलिंग हो
• इमर्जेंसी केयर में कानूनन इलाज पहले Bill बाद में