अनामिका जी, सच में ये कोचिंग एंड अब यूट्यूब वाले कोचिंग बहुत फायदा उठा रहे है, क्यों न आज रात को चैनल पर देश की गिरती शिक्षा व्यवस्था पे शो कर दिया जाये।
पराई स्त्री से संबंध रखने वालों के लिए यह एक संदेश है।
पराई स्त्री का आकर्षण इंसान से वह कीमत वसूलता है जो उसके पास नहीं होती।
उसके परिवार का विश्वास लूटा जाता है, उस के सम्मान व विश्वनीयता को बर्बाद करने का यह कारण बनता है।
जिस तरह सोने के आभूषण में नकली मोती जड़ना मूर्खता है, उसी तरह पति-पत्नी के शुद्ध रिश्ते में वासना को जगह दे कर पराई स्त्री को स्थान दे दिया जाता है तो वह मनुष्य के विनाश का कारण बनता है।
वैदिक धर्म में जीवन संगिनी को धर्म पत्नी की संज्ञा दी गई है। जिस सम्बंध में धर्म होता है वहीं पवित्र होता है वही सुख दायक होता है। जो सम्बन्ध है ही अधर्म पर आधारित वह सदैव दुख का कारण बनता है। अधर्म दुख का मूल है। और अधर्म से बने सम्बन्ध दुखदाई होते हैं।
इस लिए धर्म पत्नी ही घर की असली देवी होती है और जो व्यक्ति अपनी घर की देवी को छोड़कर बाहर सम्मान खोजता है, वह अपने लिए स्वयं विनाश का निर्माण करता है।।
गाड़ियाँ hybrid आ रही हैं…
Office में काम hybrid mode में हो रहा है…
तो परीक्षाएँ hybrid mode में क्यों नहीं हो सकतीं?
आज के दौर में परीक्षाएँ hybrid mode में होनी चाहिए
मतलब प्रश्न सीधे NTA/SSC/RRB/State Boards द्वारा Computer या Tablet की screen पर आएँ,
और उत्तर OMR Sheet में offline भरवाए जाएँ।
इससे printing press, paper transport और storage से जुड़ी leak की सबसे बड़ी संभावनाएँ खत्म हो सकती हैं।
साथ ही computer hacking करके भी कोई OMR नहीं भर सकेगा।
यानी यह परीक्षा करवाने का सबसे सुरक्षित माध्यम बन सकता है।
क्या आधुनिक भारत 20-25 लाख Computers/Tablets की व्यवस्था भी नहीं कर सकता?
और अगर पर्याप्त devices नहीं हैं, तो multiple shifts में परीक्षा करवाई जा सकती है।
लेकिन समस्या तकनीक की कमी नहीं…
इच्छाशक्ति और भ्रष्ट तंत्र की है।
@narendramodi@dpradhanbjp@ArvindKejriwal@msisodia@RahulGandhi@myogiadityanath
@UPGovt@myogiadityanath UPPSC के कुछ अधिकारी आखिर किस अधिकार से “Migration Restriction” लागू कर रहे हैं? ⚖️
क्यों: ❌ ज्यादा marks लाने वाले reserved candidates बाहर हो रहे हैं
और
✅ कम marks वाले candidates mains में जा रहे हैं?
#Migration_Scam_In_UPPSC
सबसे बड़ा constitutional irony यही है 👇
ना विधानसभा ने ऐसा कानून बनाया,
ना Reservation Act में ऐसा amendment हुआ,
ना किसी Court ने कहा कि higher-merit reserved candidates को prelims stage पर बाहर करो।
लेकिन UPPSC के कुछ अधिकारियों ने:
⚠️ खुद Rule बना लिया
⚠️ खुद उसकी interpretation कर ली
⚠️ और खुद “Open Competition” का meaning भी बदल दिया
यानी:
विधानसभा का काम भी खुद,
न्यायपालिका की व्याख्या भी खुद। 🔥
और परिणाम?
❌ ज्यादा marks वाला बाहर
✅ कम marks वाला अंदर
Allahabad High Court DB तक prima facie बोल चुकी है कि:
⚖️ यह Article 14 और 16(1) violate कर सकता है।
सवाल सीधा है:
क्या एक आयोग,
Constitution और Reservation Act से ऊपर बैठ सकता है? ⚖️
@UPGovt@myogioffice@Mayawati@yadavakhilesh@BhimArmyChief
#Migration_Scam_In_UPPSC#UPSI_GIVE_SCORECARD
UPPSC आखिर किस कानून के तहत OBC/SC/ST candidates का Migration Prelims/Mains stage पर रोक रहा है?
📜 UP Reservation Act 1994 की Section 3(6) कहती है:
Merit से आने वाला reserved candidate UR में adjust होगा।
@jhansipolice@cyberpolice_up@rangejhansi @dmjhansi1 आपसे नहीं हो सकता मना कर दीजिए प्लीज, झूठी होप मत दीजिए।सर आपके थाने वाले बोलते हैं इसमें कुछ नहीं हो सकता है अब। मेरे पास रिकॉर्डिंग है, वो सीधा बोलते हैं इसमें हम कुछ नहीं कर सकते अब सर। तो मैं अमेरिका पुलिस से हेल्प माँगूँ जाकर सर?" @myogioffice@shalabhmani@AnilYadavmedia1
@jhansipolice@cyberpolice_up@rangejhansi @dmjhansi1 आपसे नहीं हो सकता मना कर दीजिए प्लीज, झूठी होप मत दीजिए।सर आपके थाने वाले बोलते हैं इसमें कुछ नहीं हो सकता है अब। मेरे पास रिकॉर्डिंग है, वो सीधा बोलते हैं इसमें हम कुछ नहीं कर सकते अब सर। तो मैं अमेरिका पुलिस से हेल्प माँगूँ जाकर सर?" @myogioffice@shalabhmani@AnilYadavmedia1
@jhansipolice@cyberpolice_up@rangejhansi @dmjhansi1 Sir kuch karyawahi nahi hua hai kal tak payment success nahi hua tha transit me tha sir par ab success ho gya agar active hota to nahi hota I AM THE OFFICER IN INDIAN RAIWLAYS PLZ THIS MATTER TAKE. SERIOUSLY SIR
चित्रा आप पत्रकारिता छोड़ ज्योतिष को करिअर क्यूँ नहीं बना लेती... तो समाज से अच्छी इज्जत बख्शी होती क्योंकि आपके काम में ईमानदारी होती ।
पत्रकार का काम सच दिखाना है या बीच चुनाव में एक पार्टी के लिए हवाबाजी करना? क्या आपने पिछली बार इन्हीं नेता जी के लिए लिखा था कि कॉन्फिडेंस नहीं है, हार जाएंगे ये बंगाल में?
या नोट में चिप की तरह, आपके पास भी कोई टूल है जिससे नेताओं के कॉन्फिडेंस को आप दिमाग के भीतर तक झांक लेती हैं?
भारत का प्रेस फ्रीडम में 151वां नंबर है और यही हाल रहा तो आपलोग इसे एक दम अंत पे ला दोगे।
हालत ये है कि जनता, टीवी एंकर से ज्यादा 18 साल के इंस्टा क्रिएटर पर भरोसा कर रही है... कुछ तो इस टूटते भरोसे का ख्याल कीजिए....