साहिल वकोड़े IIT बॉम्बे के छात्र थे। परीक्षा चल रही थी। पूरा प्रश्नपत्र AI एप्प को अपलोड कर के उत्तर कॉपी में लिख रहे थे। प्रोफेसर ने पकड़ लिया। बाहर ले गए, डाँटा और कहा कि संस्थान के नियम स्पष्ट हैं आप चोरी करते पकड़े गए तो सस्पेंड किए जा सकते हो।
साहिल ने बाद में आत्महत्या कर ली। माँ-बाप ने पोस्टमार्टम के बाद भी शव नहीं लिया क्योंकि उन्हें न्याय चाहिए। न्याय पाने के लिए उन्होंने मोदी एक्ट की धाराएँ लगवा दीं प्रोफेसर पर।
एक लड़का आरक्षण से IIT पहुँचा। कम नंबर न आए, इसलिए चोरी कर रहा था। वह टॉपर बनना चाह रहा था। पर एक मनुवादी शिक्षक ने उसे कॉलेज के कानून बताए, सस्पेंड किया भी नहीं। उसने आत्महत्या कर ली।
क्या एक दलित को फोन ले जाने अनुमति नहीं होनी चाहिए? क्या ऐतिहासिक प्रताड़ना के कारण उसको ओपन मोबाइल परीक्षा देने की अनुमति नहीं होनी चाहिए?
आज एक ब्राइट स्टूडेंट, जो जेट इंजन बना सकता था AI से पूछ कर, हमारे बीच इसलिए नहीं रहा क्योंकि उससे पहले ही चरण में रोक लिया गया। मोदी एक्ट इसीलिए बना ही है।
प्रोफेसर को फाँसी होनी चाहिए।
राम मंदिर की चंदा चोरी
यूजीसी के माध्यम से समाज में जातिगत घृणा फैलाना
आरक्षण बढ़ा कर देश की प्रगति को गर्त में ले जाने का षड्यंत्र
मोदी एक्ट के द्वारा सवर्ण फंड से दलित तुष्टिकरण के लिए रेवड़ीबाजी
घंटे का प्रीस्ट किंग
The SC/ST Act used against Ajeet Bharti is draconian
RT if you support him and if you want amendments in the SC/ST Law
This case should be made an example of how the SC/ST Act is misused
"जयपुर में हुए UGC आंदोलन का BJP पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा! ऐसे आंदोलन होते रहते हैं और हम लगातार चुनाव जीतते आ रहे हैं!"
-वरिष्ठ BJP नेता
इसको कहते हैं अहंकार!
और अहंकार तो रावण का भी नहीं टिका!
#JusticeForDevrajSingh https://t.co/UXtNyJIB07
कल करणी सेना के शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन, जिससे एक भी हिंसा का समाचार नहीं आया, पुलिस का लाठीचार्ज हुआ और जैसा कि अपेक्षित था एक व्यक्ति की बलि के साथ सरकार ने इस यज्ञ की पहली आहुति ले ली है!
ईश्वर देवराज सिंह पलाड़ा को सद्गति दें और इस घमंडी पार्टी को सद्बुद्धि!
देवराज स्वयं ओबीसी समाज से थे पर सामान्य वर्ग के विषय के लिए प्रदर्शन कर रहे थे। मैं जाति का नाम नहीं लिखता पर हर पार्टी जाति-जाति करती है, इस कारण लिख रहा हूँ।
सतपाल मलिक आया राजपाट भोगा फिर इनकी छीछालेदर करके चला गया, यह कुछ नहीं कर पाए, एक आरके सिंह आया राजपाट भोगा, इनकी छीछालेदर करके चला गया, यह कुछ नहीं कर पाए। उदित राज आया, राजपाट भोगा फिर इनकी छीछालेदर करके चला गया, यह कुछ नहीं कर पाए्।
ऐसे अनेकों नकारा बाहरी लोगों ने इनको चुइया बनाया और यह कुछ नहीं कर पाए।
वर्तमान में उत्तर प्रदेश के एक बिजली मंत्री पूर्व IAS ए के शर्मा और सरोजिनी नगर के विधायक पूर्व आईपीएस राजेश्वर सिंह, राजपाट भोग रहे हैं, इनको चुइया बना रहे हैं। यह भी जब जाएंगे तब इनकी छीछालेदर करके ही जाएंगे।
कांग्रेस से एक मेहनती युवा एवं तेज तर्रार नेता आया, जिसका नाम शहजाद पूनावाला है, बेचारा वर्षों तक टीवी पर प्रवक्ता बनकर घिसता रहा, उसकी सुद किसी ने नहीं ली, अंत में उसने बीजेपी छोड़ ही दी।
अब तो यह लगता है कि बीजेपी में उन्ही बाहरी लोगों की कद्र होती है, जो इनको चुइया बना लेते हैं।
Our ideologies are different Still I stand with Tehseen Poonawalla.
He dared to question a minister on the Ethanol scam…
and Delhi Police responded with house arrest.
This is not democracy, This is intimidation.
So CJP was allowed to do drama and hungama at Jantar Mantar for 15 days.
While GC were denied permission!!
And now team which is protesting against E20, is again house arrested!!
Cockroach ke aage bolti band ho jati hai, lekin law abiding citizens pe sara zor lagana hai??
@atsshow7@tehseenp Apne supporters ki hi gaan maarti hai ye sarkaar or jo inke joote marta hai .....uske talwe chaat ti hai.....same jb SSC protest hua tha jo ki peaceful tha...to koi mantri baat karne ko tyaar nhi tha
कोई मतलब बनता है @tehseenp को हाउस अरेस्ट करने का ?
सरकार के एक नियम एथनॉल ब्लेंडिंग के विरोध में है ? तो है ?
अभिजीत दीपके और सौरव दस से आपके नेता मिल सकते है ? और तहसीन को हाउस अरेस्ट ?
ये क्या बात हुई भाई ?
जो ग़लत है वो ग़लत ही रहेगा ।
सरकार लोगो के इश्यूज को एड्रेस क्यों नहीं कर रही है ?
I have never been this angry.
When I consistently spoke against Dharmendra Pradhan over UGC guidelines, this government tried to throw me in jail under SC/ST Act.
Today, they surrendered to street rioters !