आदरणीय गहलोत साहब🙏🙏🙏
आपने संविदा कार्मिकों के लिए अलग सेवा नियम बनाने की घोषणा बजट में की थीं अतः मान्यवर कोई समय सीमा भी निर्धारित कर देते अब कब कैडर बनेगा कोई समय सीमा नहीं हैं 13 वर्ष तो हो चले हैं नियमित नौकरी की आशा में, अनुभव को देखते हुए सीधा समायोजन करने की कृपा करें
@prempratap04 बी डी कल्ला साहब की अध्यक्षता में गठित केबिनेट की सब कमेटी, जो कि संविदा कार्मिको के नियमितीकरण के लिए बनी थी, उसकी 26 माह बाद भी रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं हुई
और एक बार फिर कल्ला साहब की अध्यक्षता में फिर कमेटी का गठन हुआ है जो बैरोजगारों की समस्याएं देखेगी
बडा निराला खेल चल रहा है
ऐसा नहीं है कि संविदा कार्मिको को पहली बार ही नियमित किया जा रहा है, पूर्व में भी सरकारों द्वारा नियमित किया गया है,
पैराटीचर्स=प्रबोधक बने
रोजगार सहायक=कनिष्ठ सहायक बने
अनुदानित शिक्ष��=ग्रामीण शिक्षा में
संविदा नर्सेज=स्थाई नर्सेज
इसलिए बाकी संविदा कार्मिक भी नियमित हो सकते हैं
जब घोषणा पत्र में ही संविदा कार्मिको के नियमितीकरण का वादा किया था तो केबिनेट की सब कमेटी के गठन की क्या जरूरत थी
कमेटी बना दी तो रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं कर रही,
अब बजट में अलग सेवा नियम एवं कैडर की घोषणा की है तो कमेटी क्या रिपोर्ट देगी
सिर्फ संविदा कार्मिको के साथ छलावा
@OmSharm14353586@GovindDotasra@RahulGandhi@ajaymaken@Tarunkcongress@ashokgehlot51 पंचायत सहायक, विद्यार्��ी-मित्र की नियमितीकरण की मांग को लेकर डोटासरा साहब ने भाजपा सरकार के खिलाफ खूब विधानसभा में हंगामा किया था, आज वो सत्ता में हैं और नियमितीकरण की सब कमेटी में हैं फिर भी रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं करवा रहे हैं, ये इनका दोहरा रवैया है
इसलिए अब आप नियमितीकरण कराऐं
@RajShikshaNews @RajCMO@ashokgehlot51 बजट में गहलोत साहब ने ��लग सेवा नियम एवं कैडर बनाने की घोषणा करके नया सिगूफा छोड़ दिया है, जब संविदा कार्मिको के नियमितीकरण के लिए केबिनेट की सब कमेटी का गठन 26 महीने पहले कर दिया गया और आज तक कमेटी ने रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की, नयी घोषणा और हो गई
ये जाने कब तक पूरी होगी कोई पता ह
@TheUpenYadav संविदा कार्मिको के नियमितीकरण की रिपोर्ट को भी सौपने के लिए बी डी कल्ला साहब से निवेदन करना जिससे कि नियमितीकरण का रास्ता साफ हो सके, दो साल हो गये कमेटी के गठन को, अंतिम बैठक भी हो चुकी है, ��हले दीपावली पर नियमितीकरण करने की घोषणा की थी डोटासरा साहब ने, पर अभी तक कुछ भी नहीं हुआ
@TheUpenYadav उपेन यादव जी, पिछले 13 वर्षों से पंचायत सहायक बहुत ही अल्प मानदेय में अपनी सेवाऐं दे रहे हैं, इनकी समस्या समाधान के लिए केबिनेट की सब कमेटी गठित है, कमेटी ने आठ बैठकें भी कर ली हैं और पूरी एक्सरसाइज भी कर ली है सिर्फ रिपोर्ट सार्वजनिक करनी है जिससे इनके नियमितीकरण का फैसला हो सके
@TheUpenYadav उपेन यादव जी🙏🙏🙏
आज शाम को होने वाली बैठक में आप बी डी कल्ला साहब से संविदा कार्मिको के नियमितीकरण से संबंधित रिपोर्ट को केबिनेट को सौंपने का आग्रह करना, अगर आप ऐसा करते हैं तो समस्त संविदा कार्मिक आपके आभारी रहेंगे, कमेटी के गठन को दो साल हो गये हैं और आंकड़े एकत्रित कर लिए है
@ajaymaken आदरणीय अजय माकन साहब🙏🙏🙏
राजस्थान राज्य के संविदा कार्मिको के नियमितीकरण के लिए गहलोत साहब से परामर्श करें 2018 के विधानसभा चुनाव के घोषणा पत्र में कांग्रेस पार्टी ने नियमितीकरण का वादा किया था जिसे करीब सवा दो साल बाद भी पूरा नहीं किया है इसलिए इनके भविष्य को देखकर राहत दें🙏
हे जननायक गहलोत साहब🙏🙏🙏
आपने बजट में संविदा कार्मिको के समस्या समाधान के लिए अलग से सेवा नियम एवं कैडर बनाने की घोषणा की है जो स्वागत योग्य है लेकिन ये कार्मिक 13 वर्षों से लगातार संविदा सेवा मैं हैं वो भी अल्प मानदेय पर, इसलिए इनके अनुभव को ध्यान में रखते हुए इनको नियमित करें
@zeerajasthan_ बहुत ही संवेदनहीन सरकार है, शिक्षक धरना दे रहे हैं, पटवारी धरने पर है, पंचायत सहायक नियमितीकरण के लिए 13 वर्षों से तरस रहे हैं परंतु सरकार कोई भी ध्यान नही दे रही है जबकि घोषणापत्र में नियमितीकरण का वादा किया था सरकार उपचुनाव वाले क्षेत्र��ं में धुंआधार घोषणाएं कर रही है
🙏🙏🙏
आदरणीय डोटासरा साहब🙏🙏🙏
संविदा कार्मिको के नियमितीकरण के गठित कमेटी ने आपके मीडिया में दिए गए बया�� के अनुसार नियमित करने का फार्मूला तैयार कर लिया है तो उसे केबिनेट को क्यों नहीं सौंप रहे
जबकि आपने ये बयान चार महीने पहले दिया था इसलिए अविलंब रिपोर्ट को सौंपने की कृपा करें🙏🙏🙏
@ShyamPa63643162 @Chhotu29060086@ashokgehlot51@GovindDotasra@DrBDKalla@MamtaBhupesh@AshokChandnaINC@RahulGandhi मध्यप्रदेश सरकार ने संविदा कार्मिको को नियमित नियुक्ति देना शुरू कर दिया है
और गहलोत साहब की सरकार अलग सेवा नियम एवं कैडर बनाने की घोषणा कर नियमितीकरण को अभी और अटकाना चाहती है जो जिस विभाग में काम कर रहा है उसे उसी विभाग में समायोजित कर दो, क्यों कैडर बनाने में समय निकाल रहे हैं
@zeerajasthan_@lalitverma510 शिक्षक धरने पर
पटवारी धरने पर
बैरोजगार धरने पर
पंचायत सहायक नियमितीकरण से वंचित
सरकार उपचुनाव जीतने पर आमादा,
गहलोत साहब असंतुष्ट ��र्ग को संतुष्ट कर दो उपचुनाव आसानी से फतेह कर लोगे, किसान बिल का आप विरोध कर रहे हैं और शिक्षक, पटवारी, बैरोजगार और पंचायत सहायक आपका विरोध कर रहे ह
गहल���त साहब🙏🙏🙏
आप पंचायत सहायकों की सुनवाई क्यों नहीं कर रहे हैं, पहले कमेटी बना दी जिसने दो साल में भी रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की है, अब आपने बजट में अलग सेवा नियम एवं कैडर बनाने की घोषणा कर दी, कैडर बनाने की भी कोई समय सीमा निर्धारित नहीं की है, 13 वर्ष हो गये धक्के खाते हुए
@RajGovOfficial राजस्थान सरकार पंचायत सहायकों की समस्या का भी निस्तारण करते हुए जल्द नियमितीकरण का फैसला करे
बजट में अलग सेवा नियम एवं कैडर बनाने की घोषणा की गई, परंतु कोई समय सीमा निर्धारित नहीं की गई है, कमेटी ने भी दो साल में रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की है, कैडर बनाने में शायद तीन साल लगेंगे 🙏
@ajaymaken श्री मान अजय माकन साहब🙏🙏🙏
2018 के राजस्थान विधानसभा चुनाव के दौरान आपकी पार्टी ने घोषणा पत्र में प्रदेश के संविदा कार्मिको से नियमित नौकरी देने का वादा किया था,परंतु दो वर्ष बाद भी अभी तक इन कार्मिको की सुनवाई आपकी सरकार नही��� कर रही है जो कि बहुत ही चिंता का विषय है, आप ही करो