अभी शाम को 06:45 बजे दिल्ली के जंतर-मंतर पर जारी जनआंदोलन में शामिल होने जा रहा हूं।
जनता की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता। लोकतंत्र में शांतिपूर्ण आंदोलन प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है और जनहित के मुद्दों पर संघर्ष कर रहे लोगों के साथ खड़ा होना हम सभी का दायित्व है।
मेरठ में @meerutpolice को कोर्ट, कचहेरी, क़ानून का कोई खौफ नहीं, गिरफ़्तारी के बाद गुंडों की तरह पुलिस वैन में घुसकर गुंडई का घटिया तरीका देखिये.क़ानून व्यवस्था संभालने में फेल होने पर फूटे जन आक्रोश को मेरठ एसएसपी का टेकल करने का यही यतिका है क्या? लगता है लीटरल एंट्री की भ���्ती है
SSP अविनाश पांडेय को बर्खास्त करो।
मेरठ में ललिता गौतम हत्याकांड में पुलिस ने दलितों के साथ जिस तरह का अपमानजनक एवं तानाशाही से भरा हुआ रवैया अपनाया है, इसे कतई स्वीकार नहीं किया जाऐगा।
CM योगी से हमारी मांग है कि SSP अविनाश पांडेय को तत्काल बर्खास्त किया जाए। @myogiadityanath
राजस्थान के झुंझुनू जिले के गुढ़ा गौड़जी में माहौल बेहद गमगीन है. कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और पूर्व ��प मुख्यमंत्री सचिन पायलट NEET-2026 परीक्षा के बाद सुसाइड करने वाले छात्र प्रदीप मेघवाल के घर पहुंचे. पायलट ने प्रदीप की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके माता-पिता से मिलकर हर संभव मदद का भरोसा दिलाया.
पायलट ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि यह सिर्फ पेपर लीक का मामला नहीं है, बल्कि देश के 22 लाख विद्यार्थियों के सपनों के साथ किया गया एक जघन्य अपराध है. उन्होंने कहा कि एक गरीब पिता कर्ज लेकर बच्चे को पढ़ाता है और जब भ्रष्टाचार की वजह से मेहनत पर पानी फिरता है, तो युवा टूटने को मजबूर हो जाता है.
प्रदीप के पिता ने नम आंखों से सचिन पायलट को ��ताया कि उन्होंने अपने बेटे को डॉक्टर बनाने के लिए 11 लाख रुपये का लोन लिया था और उसे कोचिंग के लिए सीकर भेजा था. NEET परीक्षा देकर जब प्रदीप घर लौटा, तो उसने अपने नंबर जोड़े थे. उसका पेपर बहुत अच्छा गया था और उसे पूरा भरोसा था कि वह डॉक्टर बन जाएगा.
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दौसा जिले के ग्राम बनियाना में बनियाना से कंवरपुरा जाने वाली सड़क की हालत पिछले 4 साल से बेहद खराब है। गांव पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं होने से सड़क पर हमेशा पानी भरा रहता है, सड़क पूरी तरह जर्जर हो चुकी है और आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं।@DmDausa@KumariDiya#dausa#news
वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर नारी शक्ति, साहस, वीरता और न्याय की अनोखी मिसाल, होल्कर साम्राज्य की महारानी माता अहि��्याबाई होल्कर जी की प्राचीन मूर्तियों का तोड़ा जाना अत्यंत निंदनीय, शर्म���ाक और अक्षम्य है।
मणिकर्णिका घाट का निर्माण लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर जी द्वारा वर्ष 1771 में कराया गया था। यह स्थल ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण धरोहर है।
लोकमाता अहिल्याबाई जी केवल इतिहास की नहीं, बल्कि न्याय, सुशासन और सांस्कृतिक गरिमा की प्रतीक हैं। उनकी प्रतिमाओं के साथ हुआ यह कृत्य गंभीर प्रशासनिक चूक और संवेदनहीनता को दर्शाता है।
यह भी स्मरणीय है कि AMASR (प्राचीन स्मारक एवं पुरातात्विक स्थल तथा अवशेष अधिनियम), 1958 के तहत संरक्षित धरोहरों की सुरक्षा के लिए विशेष कानून मौजूद है। ऐसे में इस अधिनियम के अंतर्गत आने वाली विरासत को क्षति पहुंचना कानूनी उल्लंघन की श्रेणी में आता है।
हम वाराणसी के माननीय सांसद एवं प्रधानमंत्री @narendramodi जी से मांग करते हैं कि इस मामले में स्वतंत्र व निष्पक्ष जांच कराई जाए, दोषियों की पहचान कर कड़ी कार्रवाई की जाए। साथ ही मूर्तियों की सुरक्षित संरक्षण व्यवस्था और समयबद्ध पुनर्स्थापना सुनिश्चित की जाए।
लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर जी के सम्मान से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार्य नहीं है। यह केवल एक मूर्ति का प्रश्न नहीं, बल्कि हमारी ऐतिहासिक चेतना और सांस्कृतिक जिम्मेदारी का विषय है।
@mygovindia
@UPGovt
@PMOIndia
@CMOfficeUP
@myogiadityanath
अर्हता तिथि 01.01.2026 के आधार पर विधानसभा निर्वाचन क्षेत��रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण–विशेष अभियान के अंतर्गत दिनांक 01.02.2026 को संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की जयंती होने के कारण अभियान आयोजित न किए जाने के संबंध में माननीय मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा जी को पत्र लिखा।
@ceoup
उत्तर प्रदेश के जिला बरेली के बिशारतगंज थाना क्षेत्र के गांव मोहम्मदगंज में एक निजी मकान में नमाज़ अदा करने पर 12 लोगों को हिरासत में लिया जाना न सिर्फ़ अत्यंत शर्मनाक और चिंताजनक है, बल्कि यह संविधान पर सीधा हमला है।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, यदि कोई कानून-व्यवस्था का वास्तविक खतरा नहीं था, तो निरोधात्मक कार्रवाई किस आधार पर की गई?
क्या अब निजी घर में शांतिपूर्वक इबादत भी पुलिस की “अनुमति” की मोहताज होगी?
यह घटना दर्शाती है कि किस तरह धार्मिक अल्पसंख्यकों की आस्थाओं को शक और दमन की दृष्टि से देखा जा रहा है।
हम @UPGovt से मांग करते हैं कि— हिरासत में लिए गए सभी लोगों को तत्काल रिहा किया जाए, इस कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए, धर्म के आधार पर की जा रही पुलिसिया मनमानी पर तत्काल रोक लगे।
@CMOfficeUP
उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की जयंती मनाने की अनुमति न दिए जाने की खबरों के संबंध में माननीय मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी को पत्र लिखा।
@UPGovt@CMOfficeUP
उत्तर प्रदेश के ज़िला बरेली के नवाबगंज क्षेत्र में अपनी उधार दी गई रकम वापस मांगने पर दलित युवक पप्पू दिवाकर के साथ जो बर्बरता की गई—उसे जातिसूचक गालियाँ देना, जबरन सिर-मूंछ मुंडवाना, चेहरे पर कालिख पोतकर गांव से निकालना—यह अत्यंत पीड़ादायक, शर्मनाक और जातीय आतंक का घिनौना उदाहर�� है।
सबसे चिंताजनक तथ्य यह है कि यह अपराध गांव के लोगों के सामने किया गया, इसका वीडियो बनाया गया और पीड़ित को इतना मानसिक रूप से तोड़ दिया गया कि वह महीनों तक चुप रहने को मजबूर रहा। यह वही भय और दबाव की साजिश है, जिसके ज़रिए दलितों को ��्याय मांगने से रोका जाता है।
हम @UPGovt से मांग करते हैं कि—सभी आरोपियों पर SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम की सख्त धाराएं लगाई जाएं,वीडियो बनाने और उसे प्रसारित करने वालों पर अलग से कठोर कार्रवाई हो,पीड़ित को सरकारी सुरक्षा, उचित मुआवजा और मानसिक उपचार उपलब्ध कराया जाए।
@CMOfficeUP
@myogiadityanath
हाथरस, अलीगढ़ और इगलास क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु प्रतिदिन वृंदावन दर्शन के लिए मथुरा–बरेली हाईवे का उपयोग करते हैं। लेकिन सिर्फ 50 किलोमीटर की दूरी पर 245 रुपये टोल वसूली ने आम नागरिकों की जेब पर भारी बोझ डाल दिया है। यह वसूली किसी भी तर्क, नियम या ��नहित के मानकों पर खरी नहीं उतरती।
यह सब जनता के सिर पर भाजपा के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार द्वारा थोपा हुआ कर है, जिसका न कोई तर्क है, न कोई औचित्य।
माननीय केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री @nitin_gadkari जी, क्या 66 किलोमीटर के अधूरे हाईवे पर 50 किलोमीटर की दूरी के लिए इतना अधिक टोल वसूलना उचित है?
क्या यही भाजपा के नेतृत्व वाली एनडीए की ‘डबल इंजन सरकार’ का विकास मॉडल है—जहाँ सड़क अधूरी, सुविधा आधी, और लूट पूरी?
जब सड़क पूरी नहीं, जब यात्रा छोटी है, जब सुविधा सीमित है—तो जनता से पूरा और वो ��ी इतना टोल वसूलने का अधिकार भाजपा के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार को किसने दिया?
हम @MORTHIndia से मांग करते हैं कि—
1. टोल दरों की तत्काल समीक्षा की जाए।
2. स्थानीय यात्रियों और श्रद्धालुओं पर यह अन्यायी बोझ हटाया जाए।
3. हाईवे पर जारी मनमानी वसूली को रोका जाए।
जनता सड़क पर चलती है सुविधा के लिए, सरकारी लूट झेलने के लिए नहीं।
@mygovindia
एटा जनपद में एक ओर पूरे परिवार की दिनदहाड़े हत्या, दूसरी ओर पेट्रोल डालकर दो महिलाओं को ज़िंदा जलाने की कोशिश — ये घटनाए�� उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।
कोतवाली नगर क्षेत्र के गांव नंगला प्रेमी में दिनदहाड़े एक ही परिवार के चार लोगों की बेरहमी से सिर कुचलकर हत्या कर दी गई। इस जघन्य वारदात में बुजुर्ग दंपती, उनकी बहू और 18 वर्षीय पौत्री की मौके पर ही मौत हो गई।दिन के उजाले में पूरे परिवार का इस तरह खत्म किया जाना जिले की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
दूसरी घटना कोतवा��ी नगर के मोहल्ला हिंदूनगर की है, जहाँ दो महिलाओं पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई। झुलसी महिलाओं को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जिनमें से एक महिला की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के समय कमरे में मौजूद दो माह के मासूम बच्चे को समय रहते बाहर निकाल लिया गया, जिससे उसकी जान बच सकी। हम दोनों महिलाओं के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रकृति से प्रार्थना करते हैं।
एक ही दिन में सामने आई ये दोनों घटना��ँ ��ाफ तौर पर दिखाती हैं कि प्रदेश में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और आम नागरिक, महिलाएँ व बच्चे असुरक्षित हैं। दिनदहाड़े हत्याएँ और महिलाओं को जलाने की कोशिश शासन-प्रशासन की गंभीर विफलता को उजागर करती हैं।
@UPGovt से मांग है कि दोनों मामलों में त्वरित व निष्पक्ष जांच, दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी, पीड़ित परिवारों को सुरक्षा, इलाज और मुआवजा दिया जाए।
@CMOfficeUP
@myogiadityanath
भाई रोहित वेमुला की शहादत को शत-शत नमन। उनका सुसाइड नोट सिर्फ एक पत्र नहीं, बल्कि जातिगत भेदभाव के खिलाफ लड़ रहे लाखों युवाओं की आवाज़ है।
आपकी शहादत ने हमें अन्याय के खिलाफ खड़े होने की ताकत दी। आप सदैव हमारे दिलों में जीवित रहेंगे।
अब देखना ये है,की कितने ब्राह्मण लोग और महिलाएं अपने बाबा की बात से सहमत होकर अपनी लड़कियों को स्कूल कॉलेज और नौकरियों से बाहर निकालने वाले हैं,
बाबा की बात में दम है मनुस्मृति महिलाओं को शिक्षा और नौकरी के खिलाफ है महिला सिर्फ चार दिवारी का सामान है,लेक���न मैं तो चाहती हूं हर बच्ची पढ़े आगे बढ़े,चाहे ब्राह्मण हो शूद्र गरीब,मुस्लिम हो या जैन सिख,
मुज़फ्फरनगर से शुरू हुई बदलाव की क्रांति हरदोई पहुंची. बेरोजगारी, महंगाई औऱ महापुरुषों के अपमान पर @AzadSamajParty के राष्ट्रीय अध्यक्ष @BhimArmyChief मा. सांसद चन्द्रशेखर आजाद जी का आर पार का ऐलान.