1. भारतीय राजनीति में आपसी अविश्वास, द्वेष, कटूता, आरोप-प्रत्यारोप आदि का स्तर, गिरते-गिरते अब व्यक्तिगत स्तर पर भी काफी बेलगाम होकर असंसदीय, अमर्यादित, अपमानजनक, संकीर्ण व जातिवाद से ग्रसित होता हुआ, हिंसक बयानबाजी़ तक भी पहुँच जाना अति-दुखद तथा देश की गरिमा व मान-मर्यादा आदि के लिये भी अति-चिन्तनीय।
2. इतना ही नहीं बल्कि इससे बढ़कर शीर्ष स्तर पर भी आसीन लोगों के लिये एक-दूसरे के लिये अगर समुचित सम्मान नहीं तो आपत्तिजनक एवं विषैली राजनीति को अवश्य ही किसी भी प्रकार से बढ़ावा नहीं दिया जाना चाहिये, वरना ख़ासकर बढ़ती संकीर्ण व ग़रीब-विरोधी स्वार्थी राजनीति के प्रचलन के कारण लोगों का भरोसा यहाँ की राजनीतिक व्यवस्था पर कमज़ोर होना कतई भी देश व जनहित में नहीं होगा।
3. वैसे भी सरकारी स्तर पर व्यापक भ्रष्टाचार व चुनावी प्रक्रिया पर भी ऊंगली उठने के कारण जनता में पहले से ही काफी बेचैनी है और ऐसे में नेताओं के बीच आपस में नाक की लड़ाई स्थिति को और भी अधिक विषम बना रही है, जबकि जनता की चाहत देश की बढ़ती ग़रीबी, बेरोज़गारी व महंगाई आदि जैसी ज्वलन्त समस्याओं के निदान पर सभी का ध्यान केन्द्रित करने की है।
4. ऐसे में ख़ासकर सभी पार्टियों व उनके नेताओं के बीच अशोभनीय टीका-टिप्पणी व बयानबाजी का बढ़ता हुआ होड़ यहाँ राजनीतिक माहौल को और भी अधिक कड़वा व विषैला बनायेगा, जो अनुचित। सभी लोग इस ओर ज़रूर समुचित ध्यान दें तो यह बेहतर।
1. उत्तर प्रदेश, उत्तराखण्ड एवं पंजाब राज्य में होने वाले आगामी विधानसभा आमचुनाव में पार्टी के अच्छे व दमदार उम्मीदवारों के चयन सहित सघन ज़मीनी तैयारियों आदि के बीच यहाँ जातिवादी मीडिया/सोशल मीडिया द्वारा भी, अभी से ही षडयंत्र के तहत धनबल के दुरुपयोग के सहारे फेक व ध्यान भटकाने वाला, सर्वे/सर्वेक्षण आदि का मिथ्या प्रचार शुरू कर दिया गया है, जिसमें स्वाभाविक तौर पर बहुजन समाज पार्टी (बी.एस.पी.) को निशाना बनाया जाना यह अति-दुखद एवं दुर्भाग्यपूर्ण है।
2. वैसे यहाँ यह कड़वी वास्तविकता भी उल्लेखनीय है कि जातिवादी मीडिया द्वारा चुनाव के दौरान बी.एस.पी. के विरुद्ध हमेशा ही मिथ्या व अनर्गल प्रचार किया जाता है तथा फेक व प्रायोजित सर्वे/सर्वेक्षण आदि में हमेशा कम व कमज़ोर करके आँका जाता रहा है। यहाँ तक कि सन 2007 में भी इनका बर्ताव ऐसा ही जातिवादी व द्वेषपूर्ण रहा था जबकि बी.एस.पी. ने तमाम लोगों के क़यासों व उम्मीदों पर पानी फेरते हुये पूर्ण बहुमत की अपनी सरकार बनायी थी और फिर यूपी में सबके साथ न्याय करने हेतु ’क़ानून द्वारा क़ानून का राज’ कायम करने सहित ’सर्वजन हिताय व सर्वजन सुखाय’ के नये संवैधानिक कल्याणकारी युग की शुरूआत हुई थी।
3. इसीलिय यूपी में पहले सपा और अब भाजपा राज से त्रस्त सर्वसमाज से तथा ख़ासकर ’बहुजन समाज’ के लोगों से यही अपील है कि वे विरोधी पार्टियों तथा जातिवादी तत्वों के साम, दाम, दण्ड, भेद आदि हथकण्डों सहित सभी प्रकार के मिथ्या व दुष्प्रचार आदि से ज़रूर सावधान रहें और अपनी मा. बहनजी के नेतृत्व में पाँचवीं बार बी.एस.पी. की सरकार बनाने में पूरे जी-जान से लगातार लगे रहें, जिसमें ही सबका हित निहित व सुरक्षित भी है।
परम पूज्य बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर और माता रमाबाई ने अपने अरमानों का गला घोंटकर हमारे लिए जो त्याग और बलिदान दिया है, उसका कर्ज हम सौ जन्म लेकर भी नहीं चुका सकते. लेकिन उनके जीवन संघर्ष से प्रेरणा लेकर उनके बताए मार्ग पर तो जरूर चल सकते हैं. उनके प्रति यही हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी. ✍️ जय भीम 🙏
1. जैसाकि सर्वविदित है कि श्री आकाश आनन्द, अपने रिश्तेदार श्री अशोक सिद्धार्थ द्वारा राजनीति से संन्यास लिये जाने के उपरान्त, अब बी.एस.पी. के राष्ट्रीय संयोजक के रूप में काफी सूझबूझ व परिपक्वता (मैच्युरिटी) प्रदर्शित करते हुये बी.एस.पी. पार्टी व मूवमेन्ट के कार्यों को, परिवार व रिश्ते-नाते आदि के ऊपर प्राथमिकता देते हुये, अपनी ज़िम्मेदारी को निभाने में काफी मेहनत व तेज़ी से लग गये हैं, जबकि ’बहुजन समाज’ के लोगों को उनसे पूरी अपेक्षा भी है।
2. इसी क्रम में श्री आकाश आनन्द आगामी दिनांक 28 अक्तूबर 2026 को ज़िला बुलन्दशहर में, 02 नवम्बर को जिला सहारनपुर में, 20 नवम्बर को ज़िला अयोध्या में, 22 नवम्बर को ज़िला आगरा में तथा दिनांक 29 नवम्बर 2026 को ज़िला कानपुर नगर में बी.एस.पी. द्वारा आयोजित जनसभा को सम्बोधित करेंगे।
3. साथ ही, आगामी 26 नवम्बर 2026 को ’संविधान दिवस’ के मौक़े पर पंजाब स्टेट में बी.एस.पी. द्वारा आयोजित ’विचार संगोष्ठी समारोह’ में वे मुख्य अतिथि के रूप में अपने विचार व्यक्त करेंगे। इसके बाद वे देश में दलितों, अति-पिछड़ों व अन्य उपेक्षित बहुजनों के मसीहा परमपूज्य बाबा साहेब डा. भीमराव अम्बेडकर के महापरिनिर्वाण (पुण्यतिथि) दिवस पर आगामी 06 दिसम्बर 2026 को उत्तराखण्ड राज्य के ज़िला हरिद्वार में आयोजित विचार संगोष्ठी समारोह/जनसभा को भी सम्बोधित करेंगे।
4. इस प्रकार से श्री आकाश आनन्द द्वारा बी.एस.पी. पार्टी व मूवमेन्ट के कार्यों में पूरे जी-जान से अब लग जाने से एक बार पुनः यह साबित होता है कि पिछले दिनों जो भी अप्रिय घटनाक्रम हुये है तो उसके लिये श्री आकाश आनन्द कम व उनके रिश्तेदार श्री अशोक सिद्धार्थ ज़्यादा ज़िम्मेवार हैं, तभी इनको पार्टी से बाहर करके राजनीति से भी सन्यास लेने की सलाह दी गयी।
5. किन्तु स्वार्थी तत्वों द्वारा लोगों को क़िस्म-क़िस्म के हथकण्डे अपनाकर वरग़लाने का काम अभी भी लगातार जारी है, जिससे पार्टी के सभी लोग ज़रूर सावधान व सतर्क रहें और श्री आकाश आनन्द को साैंपे गये सभी पार्टी कार्यक्रमों को पूरे तन, मन, धन से लग कर उन्हें जरुर सफल बनायें।
6. साथ ही, इन अफवाहों पर बिल्कुल भी ध्यान ना दें कि श्री आकाश आनन्द की तरह श्री अशोक सिद्धार्थ को भी पूर्व की तरह पार्टी में पुनः वापस ले लिया जायेगा। ऐसी अफवाहों में रत्ती भर भी सच्चाई नहीं है अर्थात् अब श्री अशोक सिद्धार्थ को किसी भी स्थिति में व किसी भी क़ीमत पर फिर से पार्टी में पुनः वापिस नहीं लिया जायेगा।
7. यहाँ यह भी उल्लेखनीय है कि श्री आनन्द कुमार के छोटे बेटे श्री ईशान आनन्द, जो वकालत की अपनी पढ़ाई लंदन से पूरी कर चुके हैं, वे भी मेरे (पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष के) दिशा-निर्देशन में, एक सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में बी.एस.पी. के दिल्ली स्थित केन्द्रीय कार्यालय में ख़ासकर पार्टी के चुनाव व अन्य पेपरवर्क आदि से सम्बंधित कार्यों में भी सहयोग करेंगे।
यूपी-नई दिल्ली सीमा पर ग्रेटर नोएडा में संभवतः ज़हरीला खाना खाने से एक ही परिवार के पाँच लोगों की मौत हो जाने की ख़बर अति-दुखद व चिन्तनीय भी है। सरकार इस घटना की सही से जाँच कराके इसके दोषियों के ख़िलाफ ज़रूर सख़्त कार्रवाई करे।
बहन जी ने बहुत पहले भांप लिया था कि भाजपा कि तरह लोकतंत्र को बंधक बनाने की प्लानिंग कर रही है।
उन्होंने पहले ही देश को आगाह किया। लेकिन सपा और कांग्रेस चुप रही, ऐसा लगा मानों वो भी इस साजिश का हिस्सा हो।
“मैं ऐसे धर्म को मानता हूं जो समानता और भाईचारा सिखाता है!” - बाबा साहेब डॉ भीमराव अम्बेडकर
14 अक्टूबर 1956 को परमपूज्य बाबासाहब डॉ भीमराव अम्बेडकर जी ने नागपुर में अपने लाखों अनुयाइयों के साथ बौद्ध धम्म की दीक्षा ली थी। उन्होंने अष्टांगिक मार्ग की शिक्षाओं में 14 शिक्षाएँ जोड़कर 22 प्रतिज्ञाएँ दी थी और धम्म के रुके हुए चक्र को फिर से गतिमान किया था।
हमारा अधिकार, हमारा सत्य और हमारा आंदोलन इन्हीं 22 प्रतिज्ञाओं से प्रेरित है।
जय भीम, नमो बुद्धाय!
बहनजी जैसा दूरदर्शी नेता इस देश मे कोई नहीं है!
EVM, वोट चोरी के खिलाफ आदरणीय बहनजी ने 11 मार्च 2017 को सबसे पहले आवाज उठाई थी। उस समय विपक्ष मुकदर्शक बनकर मजे ले रहा था.
आज बहनजी के उठाये आवाज पर ही आज पूरा विपक्ष हो हल्ला मचाए हुए है!
है इतनी हिम्मत किसी नेता मे?
इसलिए कहता हुँ बहन जी जो कहती हैं या जो भी निर्णय लेती हैं वो सच और सही साबित होता हैं। बहन जी ने चंदु को लेकर जो बोल हैं वो भी 100℅ सही बोल हैं
@AnandAkash_BSP@Mayawati
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा अभी हाल ही में अगले छह महीने के अन्दर एक लाख लोगों को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की गयी है, किन्तु यह बेहतर होता कि जिन भी सरकारी विभागों में अस्थायी तौर पर लोग वर्षों से कार्यरत हैं उन्हें भी स्थायी नौकरी की व्यवस्था में शामिल किया जाये।
वैसे भी बी.एस.पी. ख़ासकर सरकारी तंत्र में आउटसोर्सिंग एवं संविदा आदि की शोषणकारी व्यवस्था के विरुद्ध है और इसीलिये पार्टी की माँग है कि सरकारी नौकरी बहाली के क्रम में एनआरएचएम के अन्तर्गत विगत अनेक वर्षों से निरन्तर सेवा दे रहे है समस्त एनआरएचएम संविदाकार्मिकों को भी स्वास्थ्य विभाग में नियमित किया जाये तो यह उचित होगा, जो वे लोग अपने स्थायीकरण आदि की माँगों के समर्थन में पिछले कई दिनों से लखनऊ के मान्यवर श्री कांशीराम जी ईको गार्डेन के पास धरना पर हैं।
बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीया बहन कु.मायावती जी (पूर्व मुख्यमंत्री उ.प्र पूर्व सांसद, राज्यसभा-लोकसभा) के आदेश के अनुपालन मे बामसेफ,DS-4 एवं बीएसपी के संस्थापक बहुजन नायक पूज्य मान्यवर कांशीराम सहाब के महापरिनिर्वाण दिवस 20वी पुण्यतिथि 09.10.2026 को तेलंगाना प्रदेश के जोन न.4 के अंतर्गत आने वाले रंगारेड्डी जिले मे जोन स्तरीय कार्यक्रम मे मुख्य अतिथि के रूप मे भाग लेकर पूज्य मान्यवर श्री कांशीराम साहब को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अपार श्रद्धा सुमन अर्पित कर सभा को सम्बोधित किया।
🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹
परम आदरणीय बहन कुमारी मायावती जी हमारी नेता होने के साथ-साथ हमारे परिवार की सबसे बड़ी अभिभावक एवं मार्गदर्शक भी हैं, कल लाखों लोगों की भीड़ में मेरे सिर पर अपना हाथ रखकर जो आत्मीयता और ममत्व से भरा हुआ आशीर्वाद मा० बहन जी द्वारा मुझे प्राप्त हुआ, वह मेरे जीवन की स्मृतियों में सबसे सुखद क्षणों में सदैव जीवंत रहेगा।
इस आत्मीय प्रेम और आशीर्वाद हेतु मा० परम आदरणीय बहन मायावती जी का हृदयतल से कोटि-कोटि धन्यवाद एवं आभार।
@Mayawati
#UmaShankarSinghJi #PrinceYukeshSingh #Rasra #BSP
इसे कहते हैं खरीदार @DhanrajNathwani बिल्कुल सही किया कोई अगर करोड़ों रुपए देता है तो क्यों उसकी विचारधारा फॉलो करेगा ?
टिकट खरीद कर राज्यसभा जाने वाले लोग इस तरह से काम करते हैं बिल्कुल सही किया इन्होंने !
इस पर @yadavakhilesh कुछ नहीं कर पाएंगे क्योंकि समझौता किया हुआ है।