पूरे देश ने लॉकडाउन के सवा महीने में जो कमाया है, वो शराब की दुकानों के चक्कर में गँवा ना बैठें! सोशल डिस्टन्सिंग की धज्जियाँ उड़ रही हैं शराब की दुकानें अनलॉक होने के बाद.
कमलेश तिवारी की दिन दहाड़े “हत्या” का ज़िम्मेदार कौन, वो “कट्टर पंथी” संगठन जो अपने “मंसूबों” में कामयाब हो गये,या “योगी” की “निकम्मी” सरकार,जो बार बार मिल रही धमकियों के बावजूद भी एक ग़रीब “ब्राह्मण” को सुरक्षा ना दे सकी.#kamlesh_tiwari