धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो ✊🏼
NSUI और IYC के साथी मोदी सरकार की छात्र विरोधी नीतियों का पुरजोर विरोध कर रहे हैं।
ये सरकार चाहे कितना भी जोर लगा ले- कांग्रेस के बब्बर शेर रुकने वाले नहीं हैं। हम छात्रों का भविष्य तबाह करने वाली मोदी सरकार का ये करप्ट सिस्टम बदलकर ही रहेंगे।
आप भी इस जनआंदोलन से जुड़िए।
📞 मिस्ड कॉल दें: 9873036161
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शांतिपूर्ण विरोध एक अटूट और मौलिक अधिकार है।
भारत के निर्दोष छात्रों पर हमला करने के आदेशों का आँखें बंद करके पालन करने वाले हर पुलिस अधिकारी और सरकारी कर्मचारी ये बात ध्यान रखें:
संविधान ही आपका मालिक है।
सत्ता हमेशा के लिए नहीं रहती।
जवाबदेही ज़रूर तय की जाएगी।
Peaceful protest is a sacred and fundamental right.
Every police officer and govt official blindly following orders to attack India’s innocent students should keep in mind:
The Constitution is your master.
Power is not permanent.
Accountability will follow.
मोदी भारत के इतिहास के सबसे युवा विरोधी प्रधानमंत्री हैं- इतने युवा विरोधी कि नाकाम शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा भी नहीं ले सकते।
जब बच्चों ने शिक्षा के जायज सवाल उठाए तो जवाब में लाठी और हिरासत मिली।
: नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi
प्रधानमंत्री मोदी भारत के इतिहास के सबसे युवा-विरोधी प्रधानमंत्री हैं - इतने युवा विरोधी कि एक नाकाम शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा भी नहीं ले सकते।
152 पेपर लीक। 7.5 करोड़ छात्र पीड़ित। और सज़ा एक दोषी को भी नहीं। सजा किसे मिली? मेहनती युवाओं को।
और जब इन बच्चों ने शिक्षा के जायज़ सवाल उठाए - तो जवाब में मिली लाठी और हिरासत। लीक करने वाले अपराधी आज़ाद - और वाजिब मुद्दे उठाने वाले छात्र घसीटे जाते हैं, पीटे जाते हैं।
यह सरकार सिर्फ़ युवाओं को नाकाम नहीं कर रही - उनपर टूट पड़ी है।
भाजपा सरकार को बच्चों पर लाठी चलाने की जगह अपनी नीतियों और अक्षमताओं की समीक्षा करनी चाहिए। पहले NEET का पेपर लीक हुआ, परीक्षा रद्द हुई और Re-NEET में भी गड़बड़ी की खबरें आई हैं। कहा गया था कि प्रधानमंत्री खुद निगरानी करेंगे, इसके बावजूद यह सब क्यों और कैसे हो रहा है? बार-बार इतने पेपर लीक कैसे हो रहे हैं?
संसद में इस मुद्दे पर विस्तृत चर्चा होनी चाहिए और प्रधानमंत्री को देश के करोड़ों युवाओं की बात सुननी चाहिए, उन्हें जवाब देना चाहिए।
नरेंद्र मोदी सिर्फ दूसरों का दोष निकालते रहते हैं, लेकिन आज तक खुद देश के लिए कुछ नहीं किया।
एक तरफ तो नरेंद्र मोदी के बनाए ट्रस्ट में उन्हीं के चुने हुए लोग 'चढ़ावा चोरी' कर रहे हैं। दूसरी तरफ लाखों छात्र परेशान हैं, उनका जीवन तबाह हो रहा है।
इन सबके जिम्मेदार नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार है।
: कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री @kharge
ये सरकार नौजवानों और छात्रों पर लाठीचार्ज कर रही है।
अगर आपको Examinations Conduct नहीं आता ...तो सिंहासन खाली करो, जनता आएगी !
ये लोग सत्ता में रहने लायक़ नहीं है !
भगवान् के नाम पर चंदा चोरी हुआ, रामभक्त के नाम पर जनता से पैसे चोरी कर रहें हैं।
मोदी जी को इसकी ज़िम्मेदारी लेनी चाहिए है, क्योंकि उन्होंने Trust बनाया।
हम सभी एजुकेशन पॉलिसी पर चर्चा की मांग कर रहे हैं, क्योंकि उसमें गड़बड़ी है, लेकिन सरकार चर्चा करने को तैयार ही नहीं है।
उल्टा बच्चों पर ही आंसू गैस के गोले छोड़े जा रहे हैं और उन्हें पीटा जा रहा है।
: कांग्रेस महासचिव एवं सांसद @priyankagandhi जी
छात्रों और नौजवानों पर लाठीचार्ज करना लोकतंत्र पर हमला है। मोदी सरकार छात्रों को मारने का काम कर रही है।
जो छात्र-नौजवान दिल्ली आकर बात करना चाहते हैं, उन्हें मारना और तंग करना गलत है। हमने इसपर सरकार का कई बार ध्यान खींचा लेकिन उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ रहा।
एक तरफ- बेरोजगारी है, दूसरी तरफ ये सरकार परीक्षा तक नहीं करा पा रही है, इसलिए हमारा यही कहना है कि ये सत्ता में रहने के लायक नहीं हैं।
चढ़ावा चोरी भी हमारा मुख्य मुद्दा है। राम मंदिर में करोड़ों रुपए की लूट हुई और रामभक्तों के साथ धोखा किया गया।
चढ़ावा चोरी की जिम्मेदारी नरेंद्र मोदी को लेनी चाहिए, क्योंकि ट्रस्ट बनाने का काम और उसमें लोगों को शामिल करने का काम खुद उन्होंने ही किया था।
: कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता श्री @kharge