Bhai 😭😭
This is the most serious and unserious generation at the same time 🤣🤣
Protestors from Bihar are asking for water canons and tear gas 😭😭
Bihar is definitely not for beginners 🔥🔥
पटना में गर्मी बहुत था। Bihar Police ने सरकारी खर्चे पर प्रोटेस्ट कर रहे युवा के लिए वॉटर पार्क बनवा दिया। लौंडे भोजपुरीया गाना बजा दिए और माहौल बना दिए !
अभी दिल्ली पुलिस 50-50 फटे बजाएगी तो सारी नवाबी निकल जाएगी।
फिर चिल्लाते रहना छात्रों को मारा, छात्रों को घसीटा।
इंडियन आर्मी को गाली मत दो, अगर इंडियन आर्मी ने कुछ दे दिया तो जीवन भर किसी को देने के लायक नहीं बचोगे।
भाजपा का संचार तंत्र कितना छिछला हो चुका है उसका उदाहरण है रिजिजू द्वारा ‘धुरंधर वकील’ जैसे शब्दों का प्रयोग। इन महामूर्खों को लगता है कि ‘जेन जी’ ऐसे शब्दों को सुन कर नाचने लगेगा।
आपके @BJYM4UP का नेता डिफेंडर से दर्जनों गाड़ियों का काफिला ले कर निकलता है। जहाँ से जाता है जाम लगाता है। इससे ‘जेन जी’ आपके पास आएगा? आपने खूब मन की बात में ‘भजन क्लबिंग’ की बात की, पर अब देखो कि हर छोटे शहर में विद्यार्थी सड़कों पर हैं।
बजरंग दल से ले कर अभाविप तक, हर संस्था को नपुंसक बना रखा है आपने ताकि एक नारा, एक ही नाम, जय मोदी, तय मोदी चले। किसी की स्वतंत्र ध्वनि संभवतः बची नहीं। विद्यार्थी परिषद का नकारापन हमने यूजीसी पर दिए स्टेटमेंट में देख लिया था।
@narendramodi जी, आप सब-कुछ नहीं हो सकते! आपका चेहरा हर जगह भुनाया जाता है क्योंकि आप बहुत बड़े ब्रांड हैं। पर हर ब्रांड, हर वस्तु का उत्पादन नहीं करता। ये ‘धुरंधर’ और ‘पब्जी वाला है क्या’ हर समय उचित नहीं लगते।
सामने आ कर बोलिए, यही एक मात्र मार्ग है। बाकी आपकी भजन क्लबिंग के लिए तो भारत मंडपम् वाले तो तो हैं ही।
CJP Protest में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा सदन में उठा. सपा प्रमुख और सांसद Akhilesh Yadav ने कहा कि छात्रों को पीटा जा रहा है और महिलाओं के साथ गाली-गलौज की जा रही है.
स्पीकर Om Birla से आपत्ति जताते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें बोलने का समय नहीं दिया जा रहा है. इसके बाद अखिलेश यादव और ओम बिरला के बीच बहस हो गई.
देखिए वीडियो...
I’m neither a BJP supporter nor a Congress supporter. But what is happening to the students is completely wrong.
The students who came forward with genuine issues should not have been subjected to violence. Their concerns deserve to be heard, and appropriate action should be taken.