पूरी अयोध्या चीख चीख कर चंपत राय का नाम ले रही लेकिन प्रशासन उसके खिलाफ FIR तक नहीं लिख पा रहा,
अब तक कोई जेब कतरा होता या फिर किसी ने सरकार की नाकामियों को दिखाया होता तो जेल के अन्दर होता
North east influencer Taba Nagu roasts BJP for ignoring Chinese intrusion in Arunachal Pradesh
"China has entered our state but since BJP leader said China is not a threat, we shud relax
RSS has also come to Arunachal,I request the Govt to send them to Border to defend us"
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में एक और खुलासा हुआ है।
इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक- महाकुंभ के दौरान राम मंदिर में संगठित रूप से चढ़ावा चोरी को अंजाम दिया गया।
👉जब महाकुंभ के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या 10 से 12 गुना तक बढ़ गई तो चढ़ावे की गिनती के लिए ट्रस्�� की सिफारिश पर एक्स्ट्रा स्टाफ जोड़ा गया
👉इस एक्स्ट्रा स्टाफ में कौन से लोग शामिल होंगे, ये ट्रस्ट ने ही तय किया था
👉एजेंसी का कहना है कि एक्स्ट्रा स्टाफ में शामिल लोगों ने कभी बैंकिंग, कैश काउंटिंग का काम नहीं किया था। ये पहले हाउसकीपिंग का काम करते थे
एजेंसी के मुताबिक- वे अपनी मर्जी से लोगों को नहीं चुन सकते थे। उन्हें आदे�� था कि बेसिक वेरिफिकेशन कर लोगों को चढ़ावा गिनने के काम पर लगा दिया जाए।
साफ है: BJP-RSS ने पूरी प्लानिंग के साथ इस लूट को अंजाम दिया और ऐसा कर करोड़ों रामभक्तों की आस्था के साथ खिलवाड़ किया है।
सवाल है:
• नरेंद्र मोदी इस चढ़ावा चोरी पर अपनी चुप्पी कब तोड़ेंगे?
• 'डकैती' के बाद भी ट्रस्ट को भंग क्यों नहीं किया जा रहा है?
• चंपत राय समेत अन्य लोगों को गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया?
• क्या मोदी सरकार इस लूट के गुनहगारों को बचाने में लगी है?
🚨Corruption At Its Peak In Madhya Pradesh.
A fearless young journalist has exposed the massive corruption in road construction, bringing the issue into the spotlight. 👇
‘संविधान’ को नहीं माननेवाले भाजपा और उनके संगी-साथी कम से कम दान दी गई
सोने की ‘रामचरितमानस’ को तो छोड़ देते।
भाजपाई हिसाब से लेकर किताब तक सबमें घपला करते हैं।
इथेनॉल बहस में कार कंपनियों की कोई आवाज़ नहीं है। उन्हें सामने आकर अपना पक्ष रखना चाहिए। उनके सर्विस स्टेशन में कारें आती ��ोंगी। बाइक आती होगी। कुछ तो फीडबैक होगा। उन्हें पता होगा कि मंत्री सही बोल रहे हैं या नहीं। क्या उन्हें भी डर लग रहा है? इतनी बड़ी बड़ी कार कंपनियाँ हैं और चूँ तक नहीं ? डर इस देश का बुनियादी चरित्र हो गया है।
पहले 1-2% पेट्रोल पंप वाले पानी मिला लेते थे ।
अब तो रूह अफज़ा मिला रहे है ताकि रिश्तेदार के लिए दुकान पर न जाना पड़े🤔
बस गाड़ी कि टंकी खोली और दो गिलास भरकर दे दिया 🤣😂
गडकरी गन्ने का रस मिला रहे है , बाबा मुत्र बेच रहा है ।
पुजारी मंदिर लूट रहे है , चौकीदार देश ��ूट रहा है
'सभी नागरिकों को भारत सरकार का गुलाम बनाया जा रहा है। वे विरोध नहीं कर सकते, वे आंदोलन नहीं कर सकते, यह सब क्या है? अब इतने सारे पेपर लीक हो गए हैं। अगर लोग विरोध करेंगे, तो क्या आप केस कर देंगे?
नागरिक, भाजपा सरकार मुर्दाबाद या अमित शाह मुर्दाबाद जैसे नारे क्यों नहीं लगा सकते? लोगों को सरकार का गुलाम बनाया जा रहा. पुलिस, मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री की नौकर नहीं है. वे पब्लिक सर्वेंट हैं.'
-जस्टिस माधव जामदार
बॉम्बे हाईकोर्ट
नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल 2026 को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस वे का उद्घाटन किया था।
लेकिन 12,000 करोड़ रुपये की लागत से बने इस एक्सप्रेस वे में 2 महीने बाद ही बड़े-बड़े गड्ढे हो गए।
ये दिखाता है कि इस एक्सप्रेस वे को बनाने में जमकर भ्रष्टाचार और पैसों का ���ंदरबांट किया गया है।
ये पहला ऐसा मामला नहीं है, पूरे देश में पुल हो या सड़क, हाईवे या पानी की टंकी, रेलवे स्टेशन हो या एयरपोर्ट की छत- हर ओर इंफ��रास्ट्रक्चर ढह रहा है।
कुल मिलाकर बात साफ है कि मोदी सरकार देश और जनता के लिए घातक है।