वीडियो में जो व्यक्ति दिख रहा है ये हरिद्वार में राजस्थानियों को मोक्ष दिलाने वाले ठेकेदार गोपाल तुम्बडीवाल के भाडे के आदमी हैं,
हरिद्वार में इनका ऐसा खोफ है वहां कोई भी 6-7 हजार से कम में अस्थि विसर्जन नहीं कर सकता,
इनको कोई मतलब नहीं किसी का बाप मरा हो, किसी का पति चाहे किसी का जवान बेटा, रोज 10 से 12 लख रुपए का कलेक्शन है, इनका, कई तरह के व्यापार हैं इनके,
वीडियो में जो महिला है वो जमवारामगढ़ जयपुर की है,
कुछ दिन पहले इनके पति की मृत्यु हुई थी अभी इनके जवान बेटे की मृत्यु हुई है,
वो इनके सामने जवान बेटे की अस्तियां हाथ में ले गिड़गिड़ा रही थी..... कि कुछ पैसे कम कर दो,
पर क्या मजाल ये किसी की तकलीफ समझे,
हरिद्वार का पूरा शासन प्रशासन इनके कंट्रोल में है,
करोड़ों रुपए की आमदनी जो है रोज की,
जवान बेटे की मौत के बाद एक बूढी मां को अस्थि विसर्जन मैं पैसे कम होने पर हाथ जोड़कर गिड़गिड़ाना पड़े इससे बड़ी पीड़ा कोई हो नहीं सकती.....
"आदरणीय महोदय/महोदया,
मैं Community Health Officers (CHOs) की ओर से आपसे आग्रह करता हूँ कि कृपया हमारी सेवा को स्थायी (Permanent) करने के संबंध में गंभीरतापूर्वक विचार करें। हम सभी स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए निरंतर समर्पित हैं। इस दिशा में आपके सकारात्मक निर्णय की आश
@alokrajRSSB SIR CHO Scrutiny form bharne me dikkat aari hai bar bar try krne par bhi document vale part se logout ho raha hai, aur Scrutiny form ki Site bhi 10 tarik ke baad Opened huii hai kya kare sir yaa to date badao sir yaa fir problem fix karwavo ese bahut se log rah jayg
कृपया जिम्मेदार अधिकारी संज्ञान लें कि जो सैलरी मध्यप्रदेश के NHM कर्मचारियों के खाते में 1 अक्टूबर को आ जानी चाहिए थी वो आज दिनांक तक नहीं आई है महत्वपूर्ण #करवाचौथ का त्यौहार आज निकल गया कहीं #दीपावली भी बगैर सैलरी के न मनानी पड़े।
@rshuklabjp@NHM_MP@healthminmp
राजस्थान की फूड लैब में न टेक्नीशियन हैं, न फूड एनालिस्ट !!!
एक अधिकारी तीन जगह का चार्ज लेकर हफ़्ते में बस एक दिन आकर जांच निपटा देता है।
ऐसे में रिपोर्ट्स भरोसेमंद कैसे होंगी?
FSSAI कब तक नींद में रहेगा ??
जनता जहर खाए और आप फाइलें पलटते रहें??
#FoodSafety
सोचिए बड़ी बड़ी कंपनियाँ ORS के नाम पर हाई शुगर ड्रिंक्स बेच रही हैं जो कि डायरिया के वक्त डाक्टर लिखते हैं और लोग धड़ल्ले से ख़रीदते हैं…लेकिन नामी कंपनियाँ ये नहीं बताती हैं कि ये ORS नहीं है बस ये हाई सुगर ड्रिंक्स हैं जो कि डायरिया के वक्त अगर बच्चों को पिलाते हैं तो उनको नुक़सान करता है…सोचिए हमारे देश में कैसे बच्चों के सेहत के खिलवाड़ हो रहा है और लाखों रुपए की तनख़्वाह लेने वाले ड्रग्स रेगुलेटरी अथारिटी और FSSAI ख़ामोशी का चादर ओढ़कर घी पी रहे हैं…
ईमानदारी से जाँच हो तो बहुत सारी दवा कंपनिया बंद हो जाए।
बहुत सारी दवाओ के कॉम्बिनेशन बैन है फिर भी मार्केट भरे पड़े है।
कोई जाँचने वाला, इन पर कंट्रोल करने वाला ही नही है ।👎
#CoughSyrupDeaths
And BJP cheerleaders will head to Dubai to watch the India Pak match. Operation Sindoor can be forgotten till the time the BCCI can earn its blood money from the match. Shame.
govt says ethanol is expensive than petrol, so there is no cost benefit.
it also reduces mileage, so overall fuel requirement is not coming down.
1 litre ethanol requires 2860 liter of water to produce, so its not environment friendly.
so, who benefits from ethanol blending?